बोलीविया की 1 अरब डॉलर की सॉवरेन बॉन्ड बिक्री देश के लिए राहत की खबर है, लेकिन इसे राष्ट्रपति रोड्रिगो पाज़ की आर्थिक नीति पर बिना शर्त भरोसा मानना जल्दबाजी होगी। असली कहानी दो आंकड़ों में छिपी है: मांग कथित तौर पर शुरुआती प्रस्तावित राशि से पांच गुना तक पहुंची, मगर निवेशकों को यह जोखिम लेने के लिए 9.45% की दर दी गई [18]।
सरल शब्दों में कहें तो वैश्विक निवेशक बोलीविया को फिर सुनने को तैयार हैं, लेकिन वे सस्ता कर्ज देने के मूड में नहीं हैं।
बॉन्ड बिक्री से असल में क्या संकेत मिला
बोलीविया के अर्थव्यवस्था मंत्री जोसे गैब्रियल एस्पिनोसा ने कहा कि देश ने सॉवरेन बॉन्ड फाइनेंसिंग ऑपरेशन के जरिए 1 अरब डॉलर की नई पूंजी जुटाई, जिससे महीनों की सीमित पहुंच के बाद बोलीविया की अंतरराष्ट्रीय बाजारों में वापसी हुई [18]। इस इश्यू में 166 निवेशकों ने बोलियां लगाईं, मांग शुरुआती लक्ष्य से पांच गुना रही और दर 9.45% रही [
18]।
यह छोटी बात नहीं है। सॉवरेन बॉन्ड यानी सरकार की ओर से जारी कर्ज-पत्र; इनके जरिए कोई देश वैश्विक निवेशकों से धन जुटाता है। बोलीविया जैसे संकट से गुजर रहे देश के लिए इतने निवेशकों की दिलचस्पी यह दिखाती है कि बाजार ने दरवाजा फिर खोला है।
लेकिन दर भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। करीब 10% के पास की लागत बताती है कि यह भरोसा महंगा है। निवेशकों ने बोलीविया को पैसा दिया है, पर जोखिम का प्रीमियम भी वसूला है।
निवेशक क्यों तैयार हुए
इस सौदे से पहले बोलीविया की क्रेडिट कहानी में कुछ सुधार दिखा। रिपोर्टों के मुताबिक, पाज़ सरकार ने मार्च में बाहरी कर्ज पर डिफॉल्ट टालने के बाद और मूडीज़ द्वारा देश की क्रेडिट रेटिंग बढ़ाए जाने के बाद चार साल में पहली बार डॉलर-मूल्यांकित बॉन्ड जारी करने की संभावना टटोली थी । इससे सबसे तात्कालिक डर कम हुआ: निकट भविष्य में भुगतान चूक जाने का खतरा।




