30 से अधिक नागरिक समाज संगठनों ने यूरोपीय आयोग से कहा है कि अमेरिकी प्रशासन के दबाव के बाद कथित तौर पर टले Google जुर्माने को और न रोका जाए [1]. प्रकाशकों, टेक कंपनियों और स्टार्टअप संगठनों का कहना है कि देरी से यूरोपीय प्रतिस्पर्धियों को नुकसान हो रहा है; वे जांच पूरी कर नियम उल्लंघन साबित होने पर कार्रवाई चाहते है...

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: Why EU groups want von der Leyen to move ahead with the delayed Google fine. Article summary: Civil society groups want von der Leyen’s Commission to move ahead because they say a more than two year Digital Markets Act search case against Google was delayed after reported U.S.. Topic tags: google, digital markets act, eu regulation, antitrust, competition policy. Reference image context from search candidates: Reference image 1: visual subject "That’s the optimistic spin some European analysts are putting on the European Commission’s surprise decision to delay a long-planned fine against American tech giant Google for abu" source context "EU delays Google fine amid US pressure — but it’s no surrender, analysts say" Reference image 2: visual subject "That’s the optimistic spin some European analysts are putting on the
यूरोपीय संघ में Google पर संभावित जुर्माने की देरी अब एक तकनीकी नियामकीय फाइल भर नहीं रही। नागरिक समाज संगठनों और उद्योग समूहों के लिए यह सवाल बन गया है कि क्या यूरोप अपने ही डिजिटल नियमों को बड़े ‘गेटकीपर’ प्लेटफॉर्मों पर बिना बाहरी दबाव के लागू कर पाएगा .
यही वजह है कि यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन दबाव के केंद्र में आ गई हैं। मामला Google Search में कथित self-preferencing—यानी अपने ही उत्पादों या सेवाओं को सर्च नतीजों में तरजीह देने—से जुड़ा है। लेकिन बहस का बड़ा मुद्दा यह है कि Digital Markets Act यानी DMA का प्रवर्तन समय पर और स्वतंत्र रूप से होगा या नहीं .
MLex के अनुसार Google पर DMA के तहत दो साल से अधिक समय से कथित self-preferencing practices को लेकर जांच चल रही है . Reuters से जुड़ी रिपोर्टिंग में यह मुद्दा Google द्वारा ऑनलाइन सर्च नतीजों में अपनी सेवाओं को कथित रूप से तरजीह देने के रूप में बताया गया है
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यहां एक जरूरी सावधानी है: उपलब्ध रिपोर्टें इसे आरोप के रूप में पेश करती हैं, अंतिम ईयू निष्कर्ष के रूप में नहीं। यानी अभी यह कहना सही नहीं होगा कि Google ने इस मामले में नियम तोड़े ही हैं। समूहों की मांग यह है कि आयोग प्रक्रिया पूरी करे और अगर नियम-उल्लंघन साबित हो, तो जुर्माना या प्रतिबंध लगाए .
30 से अधिक नागरिक समाज संगठनों ने यूरोपीय आयोग को पत्र लिखकर ‘गंभीर चिंता’ जताई कि Google पर जुर्माने में कथित देरी अमेरिकी प्रशासन के दबाव के बाद हुई . उनके लिए समस्या सिर्फ एक जुर्माने की तारीख नहीं है। वे इसे इस संकेत के तौर पर देखते हैं कि अगर बाहरी राजनीतिक दबाव से डिजिटल नियमों का प्रवर्तन रुकता है, तो ईयू की नियामकीय साख कमजोर पड़ सकती है
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उद्योग समूहों की ओर से भी दबाव शीर्ष स्तर तक पहुंचा है। अलग संचार में यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष वॉन डेर लेयेन, प्रतिस्पर्धा नीति प्रमुख टेरेसा रिबेरा और टेक नीति प्रमुख हेन्ना विर्कुनेन से Google Search जांच में तेज फैसला करने को कहा गया . एक और समूह—18 यूरोपीय उद्योग और उपभोक्ता संगठनों का—ने आयोग से Alphabet के खिलाफ 25 मार्च 2026 से पहले औपचारिक गैर-अनुपालन निर्णय जारी करने की अपील की, जिसे उन्होंने आयोग की खुली कार्यवाही के दो साल पूरे होने का बिंदु बताया
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दबाव एक ही खेमे से नहीं आ रहा, बल्कि कई overlapping समूहों से बन रहा है:
नागरिक समाज संगठनों की चिंता का केंद्र यह रिपोर्ट है कि Google जुर्माने में देरी अमेरिकी प्रशासन के दबाव के बाद हुई . उनकी दलील है कि DMA का प्रवर्तन केस के कानूनी merits पर होना चाहिए, न कि भू-राजनीतिक या व्यापारिक दबाव के हिसाब से
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प्रकाशकों, टेक कंपनियों और स्टार्टअप समूहों का कहना है कि देरी यूरोपीय डिजिटल अर्थव्यवस्था में प्रतिस्पर्धा कर रहे कारोबारों को नुकसान पहुंचा रही है . एक रिपोर्ट के अनुसार गठबंधन ने चेताया कि नियामक विचार-विमर्श करते रहे, जबकि कुछ यूरोपीय कारोबार ‘दिवालिया’ होने की स्थिति में पहुंच रहे हैं
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Reuters से जुड़ी कवरेज ने मार्च 2026 में इस Google Search जांच को लगभग दो साल पुरानी जांच बताया, जब प्रकाशकों, टेक कंपनियों और स्टार्टअप समूहों ने ईयू नियामकों से इसे खत्म कर जुर्माना लगाने की अपील की . बाद में MLex की रिपोर्ट में कहा गया कि Google पर DMA के तहत कथित self-preferencing practices को लेकर दो साल से अधिक समय से जांच चल रही है
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इन समूहों की मांग एक और ठहराव नहीं, बल्कि अंतिम प्रवर्तन कदम है। अलग-अलग पत्रों और रिपोर्टों में इसे तेज फैसला करने और penalty की ओर बढ़ने , जुर्माना लगाने
, औपचारिक गैर-अनुपालन निर्णय जारी करने
, या नियम-उल्लंघन पाए जाने पर प्रतिबंध लगाने के रूप में व्यक्त किया गया है
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लेकिन यहां फर्क समझना जरूरी है। स्रोत यह साबित नहीं करते कि Google ने इस मामले में नियम तोड़े हैं। वे यह दिखाते हैं कि यूरोपीय समूह चाहते हैं कि आयोग जांच पूरी करे और कानूनी कसौटी पूरी होने पर कार्रवाई करे .
वॉन डेर लेयेन की Commission पर दबाव इसलिए बढ़ रहा है क्योंकि यह विवाद अब तीन सवालों का प्रतीक बन गया है: Google Search में कथित self-preferencing पर दो साल से अधिक चली जांच का नतीजा क्या होगा; क्या यूरोपीय प्रतिस्पर्धी समय पर DMA प्रवर्तन पर भरोसा कर सकते हैं; और क्या ब्रसेल्स बाहरी दबाव की रिपोर्टों के बावजूद अपनी डिजिटल rulebook को लागू कर पाएगा .
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30 से अधिक नागरिक समाज संगठनों ने यूरोपीय आयोग से कहा है कि अमेरिकी प्रशासन के दबाव के बाद कथित तौर पर टले Google जुर्माने को और न रोका जाए [1].
30 से अधिक नागरिक समाज संगठनों ने यूरोपीय आयोग से कहा है कि अमेरिकी प्रशासन के दबाव के बाद कथित तौर पर टले Google जुर्माने को और न रोका जाए [1]. प्रकाशकों, टेक कंपनियों और स्टार्टअप संगठनों का कहना है कि देरी से यूरोपीय प्रतिस्पर्धियों को नुकसान हो रहा है; वे जांच पूरी कर नियम उल्लंघन साबित होने पर कार्रवाई चाहते हैं [7][14].
विवाद अब केवल Google का नहीं रह गया है: आलोचकों को डर है कि राजनीतिक या व्यापारिक दबाव से Digital Markets Act का प्रवर्तन सौदेबाजी जैसा दिख सकता है [1][11].