दरअसल, यह साझेदारी दो अलग-अलग दुनियाओं की ताकतों को जोड़ने का काम करेगी। एक तरफ जहाँ Airbus के पास बड़े पैमाने पर सिस्टम इंटीग्रेशन और सॉफ्टवेयर की बेजोड़ विशेषज्ञता है, वहीं SkyFall युद्ध के मैदान में तेजी से प्रोटोटाइप बनाने और बड़ी संख्या में निर्माण करने की आजमाई हुई क्षमता लेकर आई है । साझेदारी का सबसे ठोस शुरुआती लक्ष्य है SkyFall के P1-SUN इंटरसेप्टर ड्रोन को Airbus के एयर-डिफेंस नेटवर्क में शामिल करना। इसका मकसद एक ऐसी यूरोपीय काउंटर-ड्रोन क्षमता खड़ी करना है जिसकी तकनीक यूक्रेन के मोर्चे पर रोज़ाना परखी जा रही है
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गौरतलब है कि Airbus ने इससे एक दिन पहले 11 जून को AI-संचालित काउंटर-ड्रोन समाधान विकसित करने के लिए यूरोपीय डिफेंस टेक फर्म Alta Ares के साथ भी एक अलग MoU पर हस्ताक्षर किए । इससे साफ है कि कम लागत वाले और बड़ी तादाद में हमला करने वाले ड्रोनों से आसमान की सुरक्षा करना अब सबसे बड़ी प्राथमिकता बन चुका है।
SkyFall की ILA में मौजूदगी महज़ एक स्टार्टअप का प्रदर्शन नहीं थी, बल्कि यह इस बात का स्पष्ट संदेश था कि जंग के हालात में पनपा नवाचार अब रक्षा उद्योग की दिशा तय कर रहा है। कंपनी ने Rheinmetall, Boeing, और Lockheed Martin जैसे दिग्गजों के साथ अपने स्टॉल पर अपने तीन फ्रंटलाइन सिस्टम प्रदर्शित किए । इसके अलावा, एयर शो के उड़ान कार्यक्रम में इनके दो प्रमुख ड्रोनों ने लाइव उड़ान भी भरी
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SkyFall का स्पष्ट संदेश था कि यूक्रेन की रूसी आक्रमण से बचाव में गढ़ी गईं ये तकनीकें केवल एक देश की ज़रूरत नहीं, बल्कि पूरे यूरोप की सुरक्षा का भविष्य हैं ।
ILA बर्लिन के इतिहास में पहली बार एक लाइव स्वायत्त ड्रोन स्वार्म प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। 'स्वार्म ड्रोन चैलेंज 2026', जिसे मिसाइल-प्रणालियों की अग्रणी कंपनी MBDA और एविएशन इन्क्यूबेटर brigkAIR ने आयोजित किया, अपने आप में एक बड़ा आकर्षण था । इसमें स्टार्टअप्स, यूनिवर्सिटी और उद्योग जगत से आईं अंतरराष्ट्रीय टीमों ने एक जटिल और वास्तविक परिदृश्य में सहयोगात्मक, स्वायत्त क्षमताओं की परीक्षा दी।
फाइनल 11 जून को शो के नए ड्रोन पवेलियन में हुआ और इसकी इनामी राशि €50,000 (करीब 47 लाख रुपये) थी । मुकाबला जीता पोलैंड की टीम फ्लाइंग अल्गोरिदम ने। इस टीम का तरीका बिल्कुल अलग था: उन्होंने अपना कोई नया हार्डवेयर बनाने के बजाय, पूरी तरह से मानक DJI ड्रोनों के लिए स्वार्म समन्वय का सॉफ्टवेयर विकसित करने पर ध्यान केंद्रित किया। इस रणनीति ने उन्हें इस प्रतियोगिता के कई संस्करणों में जीत दिलाई है
। इस चैलेंज का बड़ा उद्देश्य कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), संचार और स्वार्म समन्वय में ऐसी नई तकनीकों की पहचान करना है, जिन्हें भविष्य में ऑपरेशनल डिफेंस सिस्टम में बदला जा सके
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ड्रोन का ये दबदबा महज एक-दो स्टॉल या इवेंट तक सीमित नहीं था। जर्मन सशस्त्र बलों (Bundeswehr) ने अपने नए हेरॉन TP MALE (मीडियम एल्टीट्यूड लॉन्ग एंड्योरेंस) ड्रोन का राष्ट्रीय प्रीमियर किया, जिसने प्रदर्शनी स्थल के ऊपर से उड़ान भरते हुए लाइव टोही मिशनों का प्रदर्शन किया । उद्योग की तरफ से, Airbus ने अपना सबसे बहुमुखी मानवरहित पोर्टफोलियो पेश किया, जिसमें यूरोड्रोन, लॉजिस्टिक्स के लिए अनुकूलित U145 रोटरक्राफ्ट, कापा-X और फ्लेक्सरोटर जैसे सामरिक सिस्टम, और नया बर्ड ऑफ प्रे इंटरसेप्टर ड्रोन शामिल था
। वहीं, MBDA ने एक हाइब्रिड काउंटर-ड्रोन सिस्टम का डेमो दिया, जो एक हाई-एनर्जी लेज़र को एक भौतिक इंटरसेप्टर के साथ जोड़ता है। कंपनी का दावा है कि यह सिस्टम इस दशक के खत्म होने से पहले जर्मन सेवा में शामिल हो सकता है
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