YouTube पर यह तकनीक कई नई सुविधाएँ लाती है, जैसे:
YouTube का उद्देश्य है कि वीडियो बनाना अब जटिल एडिटिंग सॉफ्टवेयर की बजाय AI असिस्टेंट से बातचीत जैसा अनुभव बन जाए।
इस अपडेट की सबसे बड़ी खासियत है conversational editing। इसका मतलब है कि यूज़र सीधे निर्देश लिखकर वीडियो में बदलाव कर सकते हैं।
उदाहरण के तौर पर, आप AI से कह सकते हैं:
Gemini Omni Flash टेक्स्ट, इमेज, ऑडियो या मौजूदा वीडियो को इनपुट के रूप में लेकर एक एडिटेड वीडियो बना सकता है, जिसमें फ्रेम और कैरेक्टर की निरंतरता बनी रहती है।
उदाहरण के लिए, अगर किसी क्लिप में धातु की मूर्ति है तो आप AI से कह सकते हैं कि उसे बुलबुलों में बदल दे—और सिस्टम ऐसा करते हुए बाकी सीन को स्थिर रखेगा।
एक और फीचर यूज़र को अपने चेहरे या डिजिटल अवतार को AI‑जनरेटेड वीडियो में जोड़ने की अनुमति देता है, जिससे नए तरह के रीमिक्स और कैमियो बन सकते हैं।
इस नए वर्कफ़्लो में Google के कई AI टूल्स साथ मिलकर काम करते हैं।
यह Gemini Omni परिवार का पहला मॉडल है जो वीडियो जनरेशन और एडिटिंग के लिए बनाया गया है। यह कई मीडिया इनपुट को मिलाकर नया वीडियो आउटपुट बना सकता है।
यह मॉडल सीधे YouTube Shorts के क्रिएशन टूल्स में एम्बेड किया गया है, ताकि क्रिएटर प्लेटफ़ॉर्म छोड़े बिना ही क्लिप्स को AI से रीमिक्स कर सकें।
YouTube के अन्य क्रिएटर टूल्स—जैसे YouTube Create—के साथ भी यह वर्कफ़्लो जुड़ा हुआ है। इनमें प्रॉम्प्ट‑आधारित एडिटिंग फीचर क्लिप्स के सीन को फिर से डिज़ाइन या रीजनरेट कर सकते हैं।
Google के अनुसार Gemini Omni Flash अभी Gemini ऐप, Google Flow और YouTube Shorts में रोल‑आउट होना शुरू हो गया है, और बाद में डेवलपर्स व कंपनियों के लिए API भी उपलब्ध होंगे।
AI रीमिक्सिंग में कॉपीराइट और श्रेय का सवाल उठ सकता है, इसलिए YouTube ने कुछ सुरक्षा उपाय भी घोषित किए हैं।
AI‑जनरेटेड Shorts में शामिल होंगे:
इससे दर्शकों को पता चल सकेगा कि वीडियो AI से बनाया या बदला गया है।
YouTube क्रिएटर्स को यह विकल्प भी देगा कि वे अपने वीडियो को AI remix सिस्टम से बाहर (opt‑out) कर सकें।
इस घोषणा का समय भी दिलचस्प है। 2026 में OpenAI ने अपने Sora वीडियो‑जनरेशन ऐप को बंद करने का फैसला किया, जिसका वेब अनुभव अप्रैल 2026 में समाप्त हुआ और संबंधित API उसी साल बाद में बंद होने वाला है।
YouTube का तरीका अलग है। अलग AI ऐप बनाने की बजाय Google ने वीडियो जनरेशन और एडिटिंग को सीधे एक ऐसे प्लेटफ़ॉर्म में जोड़ दिया है जहां पहले से अरबों यूज़र मौजूद हैं।
इसका मतलब है कि AI वीडियो बनाना अब किसी अलग टूल का काम नहीं रहेगा—यह Shorts बनाने की सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा बन सकता है।
Gemini Omni के साथ YouTube धीरे‑धीरे ऐसे भविष्य की ओर बढ़ रहा है जहां वीडियो एडिटिंग मुख्य रूप से प्रॉम्प्ट‑ड्रिवन हो सकती है।
आने वाले समय में क्रिएटर्स संभवतः:
अगर यह तकनीक उम्मीद के मुताबिक काम करती है, तो जल्द ही एक अच्छा शॉर्ट वीडियो बनाना पारंपरिक एडिटिंग से कम और AI को यह बताने जैसा होगा कि आप कैसा वीडियो चाहते हैं—और सिस्टम उसे बना देगा।
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