फेडोरोव ने पुष्टि की कि यूक्रेन ने हाल के महीनों में संचालन गहराई में दुश्मन की रसद के विनाश की गति को चार गुना बढ़ा दिया है ।
इस कार्यक्रम की सबसे तीखी धार रूस को अधिकृत क्रीमिया से जोड़ने वाले स्थल गलियारे पर लगाई जा रही है। यूक्रेन के हॉर्नेट-प्रकार के ड्रोन — AI-सक्षम फिक्स्ड-विंग ‘मिडिल-स्ट्राइक’ सिस्टम — अब नियमित रूप से उन प्रमुख राजमार्गों पर रूसी रसद को निशाना बना रहे हैं जो कब्जे को बनाए रखते हैं।
29 मई, 2026 को, यूक्रेन की रक्षा खुफिया एजेंसी (HUR) ने अधिकृत बर्दियांस्क, मेलिटोपोल और क्रीमिया के बीच के गलियारे में रूसी ईंधन टैंकरों, ट्रकों और ट्रेलरों पर ड्रोन हमलों का वीडियो प्रकाशित किया । कुछ दिन पहले, 25 मई को, यूक्रेन के नेशनल गार्ड ने मारियुपोल-तगानरोग राजमार्ग पर हॉर्नेट ड्रोनों द्वारा सप्लाई ट्रकों को नष्ट करने का फुटेज जारी किया, जिसे एक रिपोर्ट ने ‘क्रीमिया की ईंधन नाकेबंदी’ करार दिया
। इंस्टीट्यूट फॉर द स्टडी ऑफ वॉर (ISW) ने अपने आकलन में कहा कि ये मध्यम-दूरी के ड्रोन अभियान रूस की उन प्रमुख जमीनी संचार लाइनों (GLOCs) का उपयोग करने की क्षमता को कम कर रहे हैं जो रूस को क्रीमिया और अधिकृत दक्षिणी यूक्रेन से डोनेट्स्क तक जोड़ती हैं
।
ये ड्रोन ‘मध्यम दूरी’ पर काम करते हैं — मोर्चे से लगभग 20 से 300 किलोमीटर पीछे — यह एक ऐसा क्षेत्र है जिसे अब एक नया ‘किल जोन’ (विनाश क्षेत्र) बताया जा रहा है, जहां रूसी गोदाम, परिवहन केंद्र और कमांड पोस्ट अब सुरक्षित नहीं हैं । यह स्थल-पुल, CEPA के एक विश्लेषण के शब्दों में, ‘सैन्य रसद के लिए मौत का जाल’ बनता जा रहा है
।
मूल जांच में विशेष रूप से क्रीमिया सप्लाई काफिलों पर हाल ही में हुए हॉर्नेट ड्रोन हमलों की बीबीसी वेरिफाई से पुष्टि के बारे में पूछा गया था। उपलब्ध स्रोतों में, इन विशेष मई 2026 के हमलों को कवर करने वाली कोई समर्पित बीबीसी वेरिफाई जांच नहीं पाई गई। 2025 के एक बीबीसी लेख में रूसी पिछले ठिकानों पर बड़े पैमाने पर यूक्रेनी हमले को उजागर करने के लिए इंफ्रारेड ड्रोन फुटेज और उपग्रह डेटा का उपयोग किया गया था, लेकिन यह लॉजिस्टिक्स लॉकडाउन कार्यक्रम से पहले का है ।
अन्य आधिकारिक स्रोतों से क्या पुष्टि हुई है:
इस कार्यक्रम का शुरुआती बजट 5 अरब रिव्निया (लगभग 11.3-12 करोड़ अमेरिकी डॉलर) है, जो सीधे रूसी पिछली रसद पर हमले करने वाली ब्रिगेडों को आवंटित किया गया है । 2026 के पहले महीनों में, यूक्रेन ने 2025 की समान अवधि की तुलना में पांच गुना अधिक मिडिल-स्ट्राइक ड्रोन का अनुबंध किया
।
लॉजिस्टिक्स लॉकडाउन कार्यक्रम से अलग, राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की ने लगभग 3.5 से 5 अरब अमेरिकी डॉलर के दीर्घकालिक अमेरिका-यूक्रेन ‘ड्रोन समझौते’ का प्रस्ताव रखा है, जो कीव की अपनी मानवरहित सिस्टम की महत्वाकांक्षा के पैमाने को रेखांकित करता है ।
रूस ने यूक्रेन के फिक्स्ड-विंग और इंटरसेप्टर ड्रोनों की प्रभावशीलता को कम करने के लिए कई परतों वाले जवाबी उपाय किए हैं।
जनवरी 2026 में, विश्लेषकों ने एक रूसी शहीद-प्रकार के हमलावर ड्रोन पर लगी इंफ्रारेड (IR) स्पॉटलाइट को देखा। यूक्रेन के रक्षा मंत्री के सलाहकार, सेरही ‘फ्लैश’ बेस्क्रेस्टनोव ने कहा कि यह पहली बार था जब उन्होंने शहीद पर ऐसा कोई उपकरण देखा था और आकलन लगाया कि यह संभवतः थर्मल या IR गाइडेंस का उपयोग करने वाले यूक्रेनी इंटरसेप्टर ड्रोनों और विमानों को चकाचौंध (dazzle) करने के लिए था । इसका एक दूसरा मकसद यह भी हो सकता है कि यह एक ‘बीकन’ (beacon) ड्रोन के रूप में काम करे, जो कैमरों से लैस अन्य UAV को मार्गदर्शन दे
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रूस अब अपने कुछ वन-वे अटैक ड्रोनों में इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सिस्टम लगा रहा है ताकि वे यूक्रेनी FPV इंटरसेप्टरों से बच सकें। यूक्रेन के पहले उप रक्षा मंत्री, ओलेक्सी विस्कब ने मई 2026 के एक साक्षात्कार में पुष्टि की कि रूस ने यूक्रेनी शहरों और बुनियादी ढांचे पर हमला करने के लिए नियमित रूप से इस्तेमाल किए जाने वाले शहीद-शैली के ड्रोनों पर EW स्थापित किया है ।
यूक्रेनी सशस्त्र बलों के कमांडर-इन-चीफ ऑलेक्ज़ेंडर सिर्स्की ने मई 2026 में रिपोर्ट दी कि रूस विशेष रूप से यूक्रेनी स्ट्राइक ड्रोनों का मुकाबला करने के लिए तेजी से चार नई रेजिमेंट, 24 बटालियन और 162 अतिरिक्त बैटरियां तैनात कर रहा है, साथ ही मॉस्को और क्रास्नोडार क्राय के आसपास स्तरित वायु सुरक्षा को मजबूत कर रहा है ।
रूस ने भी इसी तरह की रणनीति अपनाई है और स्टारलिंक टर्मिनलों द्वारा निर्देशित लंबी दूरी के गेरान और गर्बर ड्रोनों का उपयोग करके पोक्रोव्स्क-निप्रो धमनी जैसी सड़कों पर चलते यूक्रेनी सप्लाई वाहनों को निशाना बनाया है ।
‘डैज़ल कैमोफ्लाज’ (dazzle camouflage) शब्द पर एक नोट: रूसी युद्धपोतों पर ऐतिहासिक पेंट-पैटर्न वाला डैज़ल कैमोफ्लाज देखा गया है , लेकिन 2026 की जवाबी उपायों की रिपोर्टिंग में ड्रोन पर विशेष रूप से डैज़ल कैमोफ्लाज पेंट के उपयोग की पुष्टि नहीं हुई है। प्राथमिक ड्रोन-विशिष्ट ऑप्टिकल जवाबी उपाय शहीद ड्रोनों पर लगा IR स्पॉटलाइट डैज़ल सिस्टम है।
ये ड्रोन हमले एक ऐतिहासिक औद्योगिक लामबंदी के बल पर हो रहे हैं:
पैमाना बहुत बड़ा है, और अब सैन्य रसद का दोनों तरफ से हथियारीकरण किया जा रहा है। लेकिन क्रीमिया की सड़कों पर रूस के काफिलों के लिए, अब समीकरण बदल चुका है: पिछला मोर्चा अब सुरक्षित नहीं रहा।
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