जनरेटिव एआई ऐप्स का वैश्विक बाज़ार क्षेत्रीय रूप से भी दिलचस्प तस्वीर दिखाता है।
उदाहरण के लिए, Q1 2026 में जापान में जनरेटिव एआई ऐप्स से $100 मिलियन से अधिक का मोबाइल IAP राजस्व आया, जो लगभग 262% साल-दर-साल वृद्धि दर्शाता है। इससे पता चलता है कि वहां के उपयोगकर्ता AI सेवाओं के लिए भुगतान करने को तैयार हैं।
दक्षिण कोरिया में भी तेज़ अपनाने की प्रवृत्ति दिखाई दे रही है। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, AI ऐप्स ने देश के मोबाइल ऐप बाज़ार को बदलना शुरू कर दिया है, जहाँ इन‑ऐप खरीदारी राजस्व साल-दर-साल 500% से अधिक बढ़ा।
यह पैटर्न बताता है कि अभी भले ही अमेरिका राजस्व में आगे हो, लेकिन भविष्य की तेज़ वृद्धि अंतरराष्ट्रीय बाज़ारों—खासकर एशिया—से आ सकती है।
तेज़ प्रतिस्पर्धा के बावजूद, ChatGPT अभी भी वैश्विक स्तर पर सबसे बड़ा जनरेटिव एआई मोबाइल ऐप बना हुआ है।
उद्योग रिपोर्टों में उद्धृत Sensor Tower के डेटा के अनुसार, AI चैटबॉट श्रेणी में लगभग 50% डाउनलोड और करीब 55% मासिक सक्रिय उपयोगकर्ता ChatGPT के पास हैं।
इसके पीछे कई कारण हैं:
हालाँकि प्रतिस्पर्धा तेजी से बढ़ रही है। Apptopia के अनुसार, अमेरिका में शीर्ष AI चैटबॉट ऐप्स के बीच ChatGPT का दैनिक सक्रिय उपयोगकर्ता हिस्सा अगस्त 2025 से फरवरी 2026 के बीच 57% से घटकर 42% रह गया, जबकि Google Gemini ने तेजी से अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई।
इसका मतलब है कि बाज़ार अभी तय नहीं हुआ है—ChatGPT अभी भी सबसे बड़ा है, लेकिन Gemini, Claude और अन्य AI असिस्टेंट तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
AI सब्सक्रिप्शन का उभार पूरे मोबाइल बाज़ार को भी बदल रहा है।
Sensor Tower की State of Mobile 2026 रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में पहली बार वैश्विक स्तर पर उपभोक्ताओं ने मोबाइल गेम्स की तुलना में गैर‑गेमिंग ऐप्स पर अधिक पैसा खर्च किया।
कुल मिलाकर, 2025 में मोबाइल इन‑ऐप खरीदारी लगभग $167 बिलियन तक पहुंच गई, जो पिछले वर्ष की तुलना में 10.6% अधिक है। इस वृद्धि में जनरेटिव एआई सेवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
यह बदलाव दर्शाता है कि लोग अपने स्मार्टफोन का उपयोग अब केवल मनोरंजन के लिए नहीं कर रहे हैं। अब खर्च बढ़ रहा है:
सरल शब्दों में कहें तो मोबाइल अब सिर्फ गेमिंग प्लेटफॉर्म नहीं रहा—यह एक पेड डिजिटल टूलकिट बनता जा रहा है।
अगर मौजूदा रफ्तार जारी रहती है, तो जनरेटिव एआई मोबाइल ऐप बाज़ार जल्द ही और बड़ा हो सकता है। केवल Q1 2026 में लगभग $1.9 बिलियन के तिमाही खर्च के आधार पर यह श्रेणी पहले ही कई अरब डॉलर के वार्षिक स्तर के करीब पहुँच चुकी है।
क्या यह सालाना $10 बिलियन से अधिक पार कर पाएगा? यह कुछ प्रमुख कारकों पर निर्भर करेगा:
एक संभावित जोखिम यह भी है कि बाज़ार का अधिकांश राजस्व कुछ बड़े प्लेटफॉर्म के पास केंद्रित हो जाए, जबकि छोटे “AI wrapper” ऐप्स को उपयोगकर्ता बनाए रखने और API लागतों से जूझना पड़े।
फिर भी व्यापक रुझान स्पष्ट है: जनरेटिव एआई ने मोबाइल सॉफ्टवेयर बाज़ार को डाउनलोड‑केंद्रित मॉडल से सब्सक्रिप्शन‑केंद्रित मॉडल की ओर मोड़ दिया है—और यही बदलाव आने वाले दशक में ऐप अर्थव्यवस्था की दिशा तय कर सकता है।
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