कान्स के इतिहास में कुछ फिल्मों को 15 से 20 मिनट से भी अधिक तालियाँ मिली हैं। उदाहरण के तौर पर गिलर्मो डेल टोरो की Pan’s Labyrinth को लगभग 22 मिनट की रिकॉर्ड‑तोड़ ओवेशन मिली थी।
इस संदर्भ में देखें तो Full Phil को मिला स्वागत मध्यम लेकिन गर्मजोशी भरा माना जा सकता है।
Full Phil की कहानी एक सरल लेकिन जल्दी ही विचित्र हो जाने वाले सेट‑अप से शुरू होती है।
फिल्म में फिलिप डूम, एक अमीर अमेरिकी उद्योगपति, अपनी अलग हो चुकी बेटी मेडेलीन के साथ रिश्ते सुधारने के लिए पेरिस की यात्रा करता है। वे एक शानदार होटल सुइट में ठहरते हैं, लेकिन उनकी शांत यात्रा जल्द ही अजीब मोड़ों में बदल जाती है।
कहानी में कई असामान्य तत्व शामिल हैं—जैसे:
इन सबके कारण पिता‑पुत्री की यात्रा धीरे‑धीरे अराजक और व्यंग्यपूर्ण स्थितियों में बदल जाती है।
यह डुपियू की उन फिल्मों में से है जिनमें अंग्रेज़ी‑भाषा का बड़ा अंतरराष्ट्रीय कलाकार दल शामिल है। मुख्य कलाकार हैं:
कान्स के रेड कार्पेट पर स्टीवर्ट, हैरेलसन और अन्य कलाकारों की मौजूदगी ने फिल्म के प्रीमियर को अतिरिक्त चर्चा दिलाई।
हालाँकि थिएटर के दर्शकों की प्रतिक्रिया उत्साही थी, लेकिन शुरुआती समीक्षाएँ पूरी तरह एकमत नहीं रहीं।
कुछ समीक्षकों ने इसे डुपियू की पहचान बन चुकी सुरियल और बेतुकी हास्य शैली का एक और उदाहरण बताया। फ्रांसीसी अख़बार Le Monde ने कहानी को पिता‑पुत्री के टकराव से शुरू होकर लगभग एक तरह के “नैरेटिव गेम ऑफ मैसकर” में बदलते हुए बताया।
दूसरी तरफ, कुछ समीक्षकों ने कहा कि निर्देशक की जानबूझकर बनाई गई नॉनसेंस शैली दर्शकों को दो हिस्सों में बाँट सकती है—एक तरफ उनके प्रशंसक, और दूसरी तरफ वे लोग जो पारंपरिक कहानी की उम्मीद करते हैं।
इन सबको मिलाकर देखें तो Full Phil कान्स में एक ऐसी फिल्म के रूप में उभरी जो:
यानी यह वही मिश्रण है जिसके लिए क्वेंटिन डुपियू की फिल्में अक्सर जानी जाती हैं—अजीब, प्रयोगात्मक और तुरंत बहस छेड़ देने वाली।
कान्स में मिले स्वागत से यह साफ है कि फिल्म ने दर्शकों को मनोरंजन और उलझन—दोनों का अनुभव दिया, और आगे चलकर व्यापक दर्शकों के बीच इसकी प्रतिक्रिया कैसी रहती है, यह अभी देखना बाकी है।