यह मॉडल उन ऑन‑चेन डेरिवेटिव्स प्लेटफॉर्म जैसा है जो केंद्रीकृत एक्सचेंज के प्रदर्शन को ब्लॉकचेन पर दोहराने की कोशिश कर रहे हैं।
नया perpetual ट्रेडिंग सिस्टम शुरुआती उपयोगकर्ताओं से लेकर अनुभवी डेरिवेटिव्स ट्रेडर्स तक, सभी को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।
Simple Mode में ट्रेडर्स एक ही क्लिक में long या short पोज़िशन खोल या बंद कर सकते हैं। इसमें पहले से तय position size विकल्प होते हैं, जिससे नए उपयोगकर्ताओं को margin सेटिंग या जटिल ऑर्डर टाइप समझने की जरूरत नहीं पड़ती।
अनुभवी ट्रेडर्स के लिए Pro Mode उपलब्ध है, जिसमें पेशेवर डेरिवेटिव्स एक्सचेंज जैसे टूल्स मिलते हैं:
कुछ ट्रेडिंग जोड़ों में **उच्च लीवरेज—BTC जैसे प्रमुख एसेट पर लगभग 200× तक—**की सुविधा भी बताई गई है, जिससे ट्रेडिंग अनुभव केंद्रीकृत क्रिप्टो डेरिवेटिव्स एक्सचेंज जैसा हो जाता है।
इस अपग्रेड के पीछे सबसे बड़ा कारण है decentralized perpetual futures मार्केट की तेज़ वृद्धि।
रिपोर्ट्स के अनुसार 2025 में perpetual DEX प्लेटफॉर्म्स ने मिलकर लगभग $6.7 ट्रिलियन का कुल ट्रेडिंग वॉल्यूम प्रोसेस किया—जो इस सेक्टर की तेजी से बढ़ती लोकप्रियता को दर्शाता है।
हालाँकि हाल के महीनों में कुछ मंदी देखी गई है, लेकिन गतिविधि अभी भी बेहद बड़ी है। DeFiLlama के डेटा के अनुसार मार्च 2026 में perp DEXs का मासिक वॉल्यूम लगभग $699 बिलियन रहा, जबकि अक्टूबर 2025 में यह करीब $1.36 ट्रिलियन के शिखर तक पहुँचा था।
इस बाजार में सबसे प्रमुख खिलाड़ी Hyperliquid बनकर उभरा है। यह एक ऑन‑चेन ऑर्डर‑बुक आधारित डेरिवेटिव्स एक्सचेंज है, जिसकी संरचना हाई‑फ्रीक्वेंसी ट्रेडिंग और कम latency के लिए तैयार की गई है।
इसका पैमाना ही बताता है कि प्रतिस्पर्धा कितनी कड़ी है:
क्योंकि Hyperliquid जैसे प्लेटफॉर्म ऑर्डर‑बुक आर्किटेक्चर का इस्तेमाल करते हैं, कई सक्रिय ट्रेडर्स उन्हें बेहतर मानते हैं—खासकर उन रणनीतियों के लिए जहाँ सटीक एंट्री, एग्जिट और मार्केट डेप्थ जरूरी होती है। PancakeSwap का नया डिज़ाइन इसी मांग को लक्ष्य करता दिखता है।
ध्यान देने वाली बात यह है कि PancakeSwap के आधिकारिक Perpetual Trading V2 दस्तावेज़ में बताया गया है कि इंटरफ़ेस से ऑर्डर‑बुक और मार्केट डेप्थ डिस्प्ले हटाकर ALP लिक्विडिटी पूल और ऑरेकल प्राइसिंग मॉडल का उपयोग किया गया है।
यह जानकारी उन रिपोर्ट्स से अलग दिखती है जो मई 2026 में ऑर्डर‑बुक आर्किटेक्चर के लॉन्च की बात करती हैं। संभव है कि यह अलग‑अलग प्रोडक्ट संस्करणों या अपडेटेड इटरेशन का मामला हो—जो यह भी दिखाता है कि DeFi ट्रेडिंग इंफ्रास्ट्रक्चर कितनी तेजी से बदल रहा है।
PancakeSwap का यह कदम एक बड़े ट्रेंड की ओर इशारा करता है। DeFi डेरिवेटिव्स प्लेटफॉर्म अब केवल AMM या ऑरेकल‑आधारित प्राइसिंग पर निर्भर रहने के बजाय एक्सचेंज‑स्टाइल ऑर्डर‑बुक सिस्टम अपनाने लगे हैं।
लक्ष्य साफ है:
अगर PancakeSwap का यह अपग्रेड पेशेवर ट्रेडर्स को आकर्षित करने में सफल रहता है, तो ऑन‑चेन डेरिवेटिव्स सेक्टर में प्रतिस्पर्धा और तेज हो सकती है—और Hyperliquid जैसे मौजूदा नेताओं की बढ़त को चुनौती मिल सकती है।
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