हुआवेई के परिदृश्य के अनुसार, 2035 तक 9 अरब की वैश्विक आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और वे AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक पैदा कर सकते हैं। कंपनी का अनुमान है कि एजेंट लगातार वातावरण को समझेंगे, तर्क करेंगे, फैसले लेंगे और टूल इस्तेमाल करेंगे; इस कारण सालाना AI टोकन खपत 1,00,000 गुना बढ़ सकती है। हुआव...
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शोध उत्तर

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: What does Huawei’s “Intelligent World 2035: Turning Vision into Action” report predict about the growth and dominance of autonomous AI agent. Article summary: Huawei’s report is an industrial roadmap, not an independent forecast: it assumes an agent-centric economy in which autonomous AI becomes the dominant workload by 2035. Huawei projects roughly 900 billion AI agents servi. Topic tags: general, education, news, general web, user generated. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermark
हुआवेई की रिपोर्ट Intelligent World 2035: Turning Vision into Action एक ऐसे भविष्य की कल्पना करती है जिसमें AI एजेंट केवल चैटबॉट नहीं होंगे। कंपनी का अनुमान है कि 2035 तक दुनिया की लगभग 9 अरब आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और स्वायत्त एजेंट वैश्विक AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक उत्पन्न करेंगे। 7
2
इसे कोई स्वतंत्र रूप से सत्यापित भविष्यवाणी नहीं, बल्कि हुआवेई के रणनीतिक परिदृश्य और इंफ्रास्ट्रक्चर रोडमैप के तौर पर पढ़ना चाहिए। रिपोर्ट का मुख्य तर्क यह है कि डिजिटल सेवाएं व्यक्ति के निर्देश पर एक जवाब देने वाले ऐप से आगे बढ़कर ऐसे सतत सॉफ्टवेयर एजेंटों की ओर जाएंगी, जो योजना बनाएंगे, टूल चलाएंगे और अलग-अलग प्रणालियों में कार्य करेंगे।
सामान्य चैटबॉट एक प्रश्न लेता है और उत्तर दे देता है। इसके उलट, हुआवेई की कल्पना के एजेंट लंबे चक्र में काम करेंगे: वे इनपुट और परिवेश को समझेंगे, संदर्भ याद रखेंगे, विकल्पों पर तर्क करेंगे, निर्णय लेंगे, बाहरी टूल या API इस्तेमाल करेंगे और लोगों या दूसरे सिस्टमों के साथ संवाद करेंगे। रॉयटर्स के अनुसार, हुआवेई का मानना है कि यह निरंतर संचालन टोकन खपत को बहुत तेजी से बढ़ाएगा और कहीं अधिक कंप्यूटिंग क्षमता मांगेगा। 2
AI टोकन वे बुनियादी इकाइयां हैं जिन्हें मॉडल जानकारी लेते और बनाते समय प्रोसेस करते हैं। हुआवेई का अनुमान है कि 2035 तक वार्षिक AI टोकन खपत 1,00,000 गुना बढ़ सकती है। इसके लिए कंपनी 100 गुना बड़े कंप्यूट क्लस्टर, एजेंट कार्यों की लागत में 1,000 गुना कमी और ऐसी आर्किटेक्चर की बात करती है जो केवल एक चिप की क्षमता के बजाय टोकन को कुशलता से प्रोसेस करने पर केंद्रित हो। 20
21
दबाव सिर्फ प्रोसेसरों पर नहीं होगा। बड़ी संख्या में परस्पर संवाद करने वाले एजेंटों के लिए तेज और भरोसेमंद नेटवर्क, टिकाऊ स्टोरेज व मेमोरी, और पर्याप्त बिजली तथा कूलिंग वाले डेटा सेंटर भी जरूरी होंगे। हुआवेई इसे “एजेंटिक इंटरनेट” कहती है—ऐसा नेटवर्क जो लोगों और एजेंटों, दोनों को जोड़ सके। कंपनी अगले दशक में डेटा ट्रैफिक के 100 गुना बढ़ने का अनुमान लगाती है। 7
एजेंटिक-AI युग के लिए हुआवेई ने 10 प्रमुख तकनीकी दिशाएं बताई हैं:
इन प्राथमिकताओं में पूरी तकनीकी श्रृंखला शामिल है: नीचे चिप और कंप्यूट क्लस्टर; बीच में स्टोरेज, नेटवर्क तथा ऑपरेटिंग सॉफ्टवेयर; और किनारे पर डिवाइस, वाहन व सुरक्षा प्रणालियां।
हुआवेई का तर्क है कि AGI तक पहुंचने के लिए AI को “भौतिक दुनिया में जाना” होगा। कंपनी के अनुसार, मॉडल को वास्तविक परिवेश के साथ रियल टाइम में संवाद करना चाहिए—यानी देखना-समझना, सोच-विचार करना, निर्णय लेना और कार्रवाई करना—फिर उन कार्रवाइयों के परिणामों से सीखना चाहिए। 18
यह केवल भाषा मॉडल को बेहतर बनाने से बड़ा दावा है। रिपोर्ट AGI को एम्बॉडीड इंटेलिजेंस (शरीर या भौतिक रूप में काम करने वाली AI), वैज्ञानिक इंटेलिजेंस और उच्च-निष्ठा वाले वर्ल्ड मॉडल से जोड़ती है। व्यावहारिक रूप से इसका संकेत रोबोट, बुद्धिमान वाहन और ऐसे उपकरण हैं जो आसपास के वातावरण को महसूस कर अपना व्यवहार बदल सकें, न कि सिर्फ टेक्स्ट या स्क्रीन के जरिए काम करने वाले सॉफ्टवेयर। 18
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यह अभी एक आकांक्षा है, इस बात का प्रमाण नहीं कि AGI का एकमात्र रास्ता भौतिक शरीर ही है। हुआवेई का पक्ष यह है कि बदलती और जटिल परिस्थितियों से निपटने के लिए एजेंटों को वास्तविक दुनिया से मिलने वाली प्रतिक्रिया आवश्यक होगी।
अगर एजेंट डेटा, API, सॉफ्टवेयर टूल, लॉग-इन क्रेडेंशियल या भौतिक उपकरण तक पहुंच रखते हैं, तो उनकी गलती या समझौते का असर केवल गलत जवाब तक सीमित नहीं रहता। जोखिमों में बिना अनुमति कार्रवाई, डेटा का खुलासा, छेड़छाड़ किए गए टूल कॉल, एजेंट का समझौता हो जाना, और स्वचालित प्रक्रिया की जांच या उसे रोकने में मुश्किल शामिल हो सकती है।
इसीलिए हुआवेई ने सुरक्षा और निजता को अपनी 10 मुख्य प्राथमिकताओं में रखा है। रॉयटर्स के मुताबिक, कंपनी का मानना है कि एजेंट गतिविधि के अनुमानित विस्तार के साथ स्वतंत्र सॉफ्टवेयर को सुरक्षित और नियंत्रण योग्य बनाए रखने वाली नई प्रणालियां भी जरूरी होंगी। 2
17
हुआवेई ने Xinghe AI Network Security Agentic SOC भी पेश किया है, जिसका उद्देश्य उद्यमों को स्वायत्त सुरक्षा-संचालन प्रणाली बनाने में मदद करना है। 22 कंपनी के प्रस्तावित AI-संचालित फायरवॉल ढांचे में बुद्धिमान पहचान, रियल-टाइम रक्षा, भरोसेमंद और उच्च-प्रदर्शन सुरक्षा, तथा स्वायत्त संचालन पर जोर है।
19
ऐसे टूल खतरों को पहचानने और प्रतिक्रिया देने की गति बढ़ा सकते हैं, लेकिन वे बुनियादी नियंत्रणों का विकल्प नहीं हैं। संवेदनशील उपयोग के मामलों में स्पष्ट पहचान-सीमाएं, टूल और डेटा तक न्यूनतम आवश्यक पहुंच, जांच योग्य लॉग और मानव हस्तक्षेप के तय बिंदु फिर भी जरूरी रहेंगे।
हुआवेई का रोडमैप जोखिमों के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर, तकनीकी मानक और नियंत्रण तैयार करते हुए AI तैनाती को बढ़ाने के पक्ष में दिखता है। चीन ने सार्वजनिक रूप से यह चिंता जताई है कि उन्नत AI स्वयं की प्रतियां बना सकती है, शक्ति हासिल करने की कोशिश कर सकती है या मानवीय नियंत्रण से बच सकती है। रॉयटर्स के अनुसार, बीजिंग ऐसे परिणामों को रोकने के लिए नियमन विकसित कर रहा है। 3
अमेरिका में फ्रंटियर AI पर बहस का एक प्रमुख सवाल यह रहा है कि क्या सबसे शक्तिशाली प्रणालियों को व्यापक रूप से जारी करने से पहले डेवलपर्स को दुरुपयोग और नियंत्रण खोने के जोखिमों के विरुद्ध मजबूत सुरक्षा उपाय साबित करने चाहिए। चीन में, रॉयटर्स के वर्णन के अनुसार, तेज आर्थिक प्रसार के साथ राज्य-आधारित निगरानी पर अपेक्षाकृत ज्यादा जोर है; अमेरिका में कंपनी-स्तर के उपायों की भूमिका अधिक प्रमुख है। 3
अंतर यह नहीं है कि कोई एक पक्ष नियंत्रण को महत्व देता है और दूसरा नहीं। व्यावहारिक मतभेद इस पर है कि नियंत्रण तेज तैनाती के समानांतर बनाए जाएं या सबसे सक्षम सिस्टमों की व्यापक तैनाती से पहले प्रदर्शित किए जाएं।
हुआवेई की रिपोर्ट एकीकृत AI इंफ्रास्ट्रक्चर के पक्ष में भी तर्क है। उसके कल्पित पैमाने पर AI क्षमता सिर्फ किसी एक एक्सेलेरेटर चिप पर निर्भर नहीं होगी; इसके लिए कंप्यूट क्लस्टर, नेटवर्क, स्टोरेज, ऑपरेटिंग सॉफ्टवेयर, डिवाइस, बिजली व्यवस्था और साइबर सुरक्षा—सभी की जरूरत होगी।
यह नजरिया चीन की अर्थव्यवस्था में AI को व्यापक रूप से विकसित और लागू करने की दिशा से मेल खाता है। ब्रुकिंग्स के अनुसार, तकनीकी अग्रिम मोर्चे पर अमेरिका को, खासकर कंप्यूट पैमाने और मॉडल प्रदर्शन में, बढ़त हासिल है; जबकि चीन दक्षता, ओपन-सोर्स के प्रसार और वास्तविक अर्थव्यवस्था में AI के एकीकरण के जरिए आगे बढ़ रहा है। 1
इसलिए रिपोर्ट का सबसे अहम पक्ष 2035 की संख्या का बिल्कुल सटीक होना नहीं है। असली सवाल यह है: यदि स्वायत्त एजेंट डिजिटल और भौतिक प्रणालियों में लगातार सक्रिय, टूल इस्तेमाल करने वाले भागीदार बनते हैं, तो उन्हें उपयोगी, किफायती, सुरक्षित और नियंत्रण योग्य बनाने के लिए कितनी बड़ी इंफ्रास्ट्रक्चर और गवर्नेंस व्यवस्था चाहिए होगी?
Studio Global AI
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
हुआवेई के परिदृश्य के अनुसार, 2035 तक 9 अरब की वैश्विक आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और वे AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक पैदा कर सकते हैं।
हुआवेई के परिदृश्य के अनुसार, 2035 तक 9 अरब की वैश्विक आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और वे AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक पैदा कर सकते हैं। कंपनी का अनुमान है कि एजेंट लगातार वातावरण को समझेंगे, तर्क करेंगे, फैसले लेंगे और टूल इस्तेमाल करेंगे; इस कारण सालाना AI टोकन खपत 1,00,000 गुना बढ़ सकती है।
हुआवेई की रणनीति में बड़े कंप्यूट क्लस्टर, Agent OS, स्मार्ट कनेक्टिविटी, भौतिक दुनिया में काम करने वाली AI, बिजली व कूलिंग, तथा एजेंट सुरक्षा और निजता शामिल हैं।
हुआवेई के परिदृश्य के अनुसार, 2035 तक 9 अरब की वैश्विक आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और वे AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक पैदा कर सकते हैं। कंपनी का अनुमान है कि एजेंट लगातार वातावरण को समझेंगे, तर्क करेंगे, फैसले लेंगे और टूल इस्तेमाल करेंगे; इस कारण सालाना AI टोकन खपत 1,00,000 गुना बढ़ सकती है। हुआव...
प्रकाशितकर्ताGPT-5.6 Terra से संपादितGPT Image 2 से चित्र बनाए गए
शोध उत्तर

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: What does Huawei’s “Intelligent World 2035: Turning Vision into Action” report predict about the growth and dominance of autonomous AI agent. Article summary: Huawei’s report is an industrial roadmap, not an independent forecast: it assumes an agent-centric economy in which autonomous AI becomes the dominant workload by 2035. Huawei projects roughly 900 billion AI agents servi. Topic tags: general, education, news, general web, user generated. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermark
हुआवेई की रिपोर्ट Intelligent World 2035: Turning Vision into Action एक ऐसे भविष्य की कल्पना करती है जिसमें AI एजेंट केवल चैटबॉट नहीं होंगे। कंपनी का अनुमान है कि 2035 तक दुनिया की लगभग 9 अरब आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और स्वायत्त एजेंट वैश्विक AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक उत्पन्न करेंगे। 7
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इसे कोई स्वतंत्र रूप से सत्यापित भविष्यवाणी नहीं, बल्कि हुआवेई के रणनीतिक परिदृश्य और इंफ्रास्ट्रक्चर रोडमैप के तौर पर पढ़ना चाहिए। रिपोर्ट का मुख्य तर्क यह है कि डिजिटल सेवाएं व्यक्ति के निर्देश पर एक जवाब देने वाले ऐप से आगे बढ़कर ऐसे सतत सॉफ्टवेयर एजेंटों की ओर जाएंगी, जो योजना बनाएंगे, टूल चलाएंगे और अलग-अलग प्रणालियों में कार्य करेंगे।
सामान्य चैटबॉट एक प्रश्न लेता है और उत्तर दे देता है। इसके उलट, हुआवेई की कल्पना के एजेंट लंबे चक्र में काम करेंगे: वे इनपुट और परिवेश को समझेंगे, संदर्भ याद रखेंगे, विकल्पों पर तर्क करेंगे, निर्णय लेंगे, बाहरी टूल या API इस्तेमाल करेंगे और लोगों या दूसरे सिस्टमों के साथ संवाद करेंगे। रॉयटर्स के अनुसार, हुआवेई का मानना है कि यह निरंतर संचालन टोकन खपत को बहुत तेजी से बढ़ाएगा और कहीं अधिक कंप्यूटिंग क्षमता मांगेगा। 2
AI टोकन वे बुनियादी इकाइयां हैं जिन्हें मॉडल जानकारी लेते और बनाते समय प्रोसेस करते हैं। हुआवेई का अनुमान है कि 2035 तक वार्षिक AI टोकन खपत 1,00,000 गुना बढ़ सकती है। इसके लिए कंपनी 100 गुना बड़े कंप्यूट क्लस्टर, एजेंट कार्यों की लागत में 1,000 गुना कमी और ऐसी आर्किटेक्चर की बात करती है जो केवल एक चिप की क्षमता के बजाय टोकन को कुशलता से प्रोसेस करने पर केंद्रित हो। 20
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दबाव सिर्फ प्रोसेसरों पर नहीं होगा। बड़ी संख्या में परस्पर संवाद करने वाले एजेंटों के लिए तेज और भरोसेमंद नेटवर्क, टिकाऊ स्टोरेज व मेमोरी, और पर्याप्त बिजली तथा कूलिंग वाले डेटा सेंटर भी जरूरी होंगे। हुआवेई इसे “एजेंटिक इंटरनेट” कहती है—ऐसा नेटवर्क जो लोगों और एजेंटों, दोनों को जोड़ सके। कंपनी अगले दशक में डेटा ट्रैफिक के 100 गुना बढ़ने का अनुमान लगाती है। 7
एजेंटिक-AI युग के लिए हुआवेई ने 10 प्रमुख तकनीकी दिशाएं बताई हैं:
इन प्राथमिकताओं में पूरी तकनीकी श्रृंखला शामिल है: नीचे चिप और कंप्यूट क्लस्टर; बीच में स्टोरेज, नेटवर्क तथा ऑपरेटिंग सॉफ्टवेयर; और किनारे पर डिवाइस, वाहन व सुरक्षा प्रणालियां।
हुआवेई का तर्क है कि AGI तक पहुंचने के लिए AI को “भौतिक दुनिया में जाना” होगा। कंपनी के अनुसार, मॉडल को वास्तविक परिवेश के साथ रियल टाइम में संवाद करना चाहिए—यानी देखना-समझना, सोच-विचार करना, निर्णय लेना और कार्रवाई करना—फिर उन कार्रवाइयों के परिणामों से सीखना चाहिए। 18
यह केवल भाषा मॉडल को बेहतर बनाने से बड़ा दावा है। रिपोर्ट AGI को एम्बॉडीड इंटेलिजेंस (शरीर या भौतिक रूप में काम करने वाली AI), वैज्ञानिक इंटेलिजेंस और उच्च-निष्ठा वाले वर्ल्ड मॉडल से जोड़ती है। व्यावहारिक रूप से इसका संकेत रोबोट, बुद्धिमान वाहन और ऐसे उपकरण हैं जो आसपास के वातावरण को महसूस कर अपना व्यवहार बदल सकें, न कि सिर्फ टेक्स्ट या स्क्रीन के जरिए काम करने वाले सॉफ्टवेयर। 18
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यह अभी एक आकांक्षा है, इस बात का प्रमाण नहीं कि AGI का एकमात्र रास्ता भौतिक शरीर ही है। हुआवेई का पक्ष यह है कि बदलती और जटिल परिस्थितियों से निपटने के लिए एजेंटों को वास्तविक दुनिया से मिलने वाली प्रतिक्रिया आवश्यक होगी।
अगर एजेंट डेटा, API, सॉफ्टवेयर टूल, लॉग-इन क्रेडेंशियल या भौतिक उपकरण तक पहुंच रखते हैं, तो उनकी गलती या समझौते का असर केवल गलत जवाब तक सीमित नहीं रहता। जोखिमों में बिना अनुमति कार्रवाई, डेटा का खुलासा, छेड़छाड़ किए गए टूल कॉल, एजेंट का समझौता हो जाना, और स्वचालित प्रक्रिया की जांच या उसे रोकने में मुश्किल शामिल हो सकती है।
इसीलिए हुआवेई ने सुरक्षा और निजता को अपनी 10 मुख्य प्राथमिकताओं में रखा है। रॉयटर्स के मुताबिक, कंपनी का मानना है कि एजेंट गतिविधि के अनुमानित विस्तार के साथ स्वतंत्र सॉफ्टवेयर को सुरक्षित और नियंत्रण योग्य बनाए रखने वाली नई प्रणालियां भी जरूरी होंगी। 2
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हुआवेई ने Xinghe AI Network Security Agentic SOC भी पेश किया है, जिसका उद्देश्य उद्यमों को स्वायत्त सुरक्षा-संचालन प्रणाली बनाने में मदद करना है। 22 कंपनी के प्रस्तावित AI-संचालित फायरवॉल ढांचे में बुद्धिमान पहचान, रियल-टाइम रक्षा, भरोसेमंद और उच्च-प्रदर्शन सुरक्षा, तथा स्वायत्त संचालन पर जोर है।
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ऐसे टूल खतरों को पहचानने और प्रतिक्रिया देने की गति बढ़ा सकते हैं, लेकिन वे बुनियादी नियंत्रणों का विकल्प नहीं हैं। संवेदनशील उपयोग के मामलों में स्पष्ट पहचान-सीमाएं, टूल और डेटा तक न्यूनतम आवश्यक पहुंच, जांच योग्य लॉग और मानव हस्तक्षेप के तय बिंदु फिर भी जरूरी रहेंगे।
हुआवेई का रोडमैप जोखिमों के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर, तकनीकी मानक और नियंत्रण तैयार करते हुए AI तैनाती को बढ़ाने के पक्ष में दिखता है। चीन ने सार्वजनिक रूप से यह चिंता जताई है कि उन्नत AI स्वयं की प्रतियां बना सकती है, शक्ति हासिल करने की कोशिश कर सकती है या मानवीय नियंत्रण से बच सकती है। रॉयटर्स के अनुसार, बीजिंग ऐसे परिणामों को रोकने के लिए नियमन विकसित कर रहा है। 3
अमेरिका में फ्रंटियर AI पर बहस का एक प्रमुख सवाल यह रहा है कि क्या सबसे शक्तिशाली प्रणालियों को व्यापक रूप से जारी करने से पहले डेवलपर्स को दुरुपयोग और नियंत्रण खोने के जोखिमों के विरुद्ध मजबूत सुरक्षा उपाय साबित करने चाहिए। चीन में, रॉयटर्स के वर्णन के अनुसार, तेज आर्थिक प्रसार के साथ राज्य-आधारित निगरानी पर अपेक्षाकृत ज्यादा जोर है; अमेरिका में कंपनी-स्तर के उपायों की भूमिका अधिक प्रमुख है। 3
अंतर यह नहीं है कि कोई एक पक्ष नियंत्रण को महत्व देता है और दूसरा नहीं। व्यावहारिक मतभेद इस पर है कि नियंत्रण तेज तैनाती के समानांतर बनाए जाएं या सबसे सक्षम सिस्टमों की व्यापक तैनाती से पहले प्रदर्शित किए जाएं।
हुआवेई की रिपोर्ट एकीकृत AI इंफ्रास्ट्रक्चर के पक्ष में भी तर्क है। उसके कल्पित पैमाने पर AI क्षमता सिर्फ किसी एक एक्सेलेरेटर चिप पर निर्भर नहीं होगी; इसके लिए कंप्यूट क्लस्टर, नेटवर्क, स्टोरेज, ऑपरेटिंग सॉफ्टवेयर, डिवाइस, बिजली व्यवस्था और साइबर सुरक्षा—सभी की जरूरत होगी।
यह नजरिया चीन की अर्थव्यवस्था में AI को व्यापक रूप से विकसित और लागू करने की दिशा से मेल खाता है। ब्रुकिंग्स के अनुसार, तकनीकी अग्रिम मोर्चे पर अमेरिका को, खासकर कंप्यूट पैमाने और मॉडल प्रदर्शन में, बढ़त हासिल है; जबकि चीन दक्षता, ओपन-सोर्स के प्रसार और वास्तविक अर्थव्यवस्था में AI के एकीकरण के जरिए आगे बढ़ रहा है। 1
इसलिए रिपोर्ट का सबसे अहम पक्ष 2035 की संख्या का बिल्कुल सटीक होना नहीं है। असली सवाल यह है: यदि स्वायत्त एजेंट डिजिटल और भौतिक प्रणालियों में लगातार सक्रिय, टूल इस्तेमाल करने वाले भागीदार बनते हैं, तो उन्हें उपयोगी, किफायती, सुरक्षित और नियंत्रण योग्य बनाने के लिए कितनी बड़ी इंफ्रास्ट्रक्चर और गवर्नेंस व्यवस्था चाहिए होगी?
Studio Global AI
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
हुआवेई के परिदृश्य के अनुसार, 2035 तक 9 अरब की वैश्विक आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और वे AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक पैदा कर सकते हैं।
हुआवेई के परिदृश्य के अनुसार, 2035 तक 9 अरब की वैश्विक आबादी को 900 अरब AI एजेंट सेवाएं दे सकते हैं और वे AI टोकन ट्रैफिक का 90% से अधिक पैदा कर सकते हैं। कंपनी का अनुमान है कि एजेंट लगातार वातावरण को समझेंगे, तर्क करेंगे, फैसले लेंगे और टूल इस्तेमाल करेंगे; इस कारण सालाना AI टोकन खपत 1,00,000 गुना बढ़ सकती है।
हुआवेई की रणनीति में बड़े कंप्यूट क्लस्टर, Agent OS, स्मार्ट कनेक्टिविटी, भौतिक दुनिया में काम करने वाली AI, बिजली व कूलिंग, तथा एजेंट सुरक्षा और निजता शामिल हैं।