2 नवंबर को अबू धाबी में ADIPEC सम्मेलन में विटोल CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में वैश्विक तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है और युद्ध पूर्व स्तर पर लौटने में लगभग एक साल लग सकता है। UAE के कच्चे तेल और कंडेनसेट निर्यात जून में रोज़ाना 39.4 लाख बैरल तक पहुंचे, लेकिन कच्चे तेल की आवाजाही, रिफाइंड...
प्रकाशितकर्ताGPT-6 Luna से संपादितGPT Image 2 से चित्र बनाए गए
शोध उत्तर

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: What did Vitol CEO Russell Hardy, UAE Energy Minister Suhail Al Mazrouei and ADNOC chief Sultan Al Jaber reveal at the November 2, 2026, ADI. Article summary: The available reporting points to a war-driven demand shock alongside depleted supply buffers: Hardy forecast a roughly 3-million-barrel-a-day fall in 2026 oil demand and about a year to regain prewar consumption, while . Topic tags: general, news, general web, user generated. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermarks, charts w
2 नवंबर को अबू धाबी में हुए ADIPEC ऊर्जा सम्मेलन में विटोल के CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में दुनिया की तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है। उनके मुताबिक, मांग को अमेरिका-ईरान युद्ध से पहले के स्तर तक लौटने में करीब एक साल लग सकता है। UAE के ऊर्जा मंत्री सुहैल अल मज़रूई ने बताया कि कुछ समय पर देश का निर्यात युद्ध-पूर्व स्तर से ऊपर रहा। वहीं ADNOC प्रमुख सुल्तान अल जाबेर ने चेताया कि भंडार में लगातार कमी और महंगी ढुलाई ने ऊर्जा आपूर्ति को झटकों के प्रति कम सक्षम बना दिया है।1
7
49
बाजार को समझने के लिए एक फर्क अहम है: तेल का फिर से भेजा जाना और बाजार के सुरक्षा-बफर का बहाल होना एक बात नहीं है। UAE के निर्यात में बढ़ोतरी अहम है, लेकिन इससे अपने-आप यह साबित नहीं होता कि वैश्विक भंडार, रिफाइंड ईंधन की उपलब्धता या डिलीवरी की लागत सामान्य हो गई है।
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, हार्डी ने 2026 में वैश्विक तेल मांग में रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल की गिरावट का अनुमान दिया। उन्होंने यह भी कहा कि मांग को अमेरिका-ईरान युद्ध से पहले के स्तर तक लौटने में करीब एक साल लग सकता है।1 अपने नाम से प्रकाशित एक अलग लेख में हार्डी ने कहा कि फरवरी के आखिर से वैश्विक तेल मांग रोज़ाना 25 लाख बैरल से अधिक घट चुकी है। उनके अनुसार, गिरावट मुख्य रूप से परिवहन ईंधन और पेट्रोकेमिकल उद्योग में इस्तेमाल होने वाले कच्चे माल की मांग में आई है। COVID-19 के दौर को छोड़ दें तो उन्होंने इसे सालाना मांग में सबसे बड़ी गिरावट बताया।
18
ये आंकड़े मांग में गंभीर झटके की ओर इशारा करते हैं। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टिंग से हार्डी के 2026 के अनुमान की अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (IEA) के अनुमान से सटीक तुलना या उसका साल-दर-साल आधार स्पष्ट नहीं होता।
अल मज़रूई ने कहा कि कुछ मौकों पर UAE का निर्यात युद्ध-पूर्व स्तर से आगे निकल गया था। रिपोर्टिंग के मुताबिक, जून में देश से कच्चे तेल और कंडेनसेट का निर्यात रोज़ाना 39.4 लाख बैरल रहा।7 हबशान–फुजैराह पाइपलाइन ने पारंपरिक समुद्री रास्तों में रुकावट आने पर भी कच्चे तेल का निर्यात जारी रखने में मदद की।
10 विश्व बैंक की रिपोर्ट के अनुसार, पाइपलाइन और होरमुज़ जलडमरूमध्य के बाहर जहाज़ से जहाज़ में तेल स्थानांतरित करने जैसे वैकल्पिक तरीकों से खाड़ी क्षेत्र का कच्चा तेल निर्यात हाल में संघर्ष-पूर्व स्तर के करीब पहुंचा।
45
लेकिन कच्चे तेल का निर्यात कुल ऊर्जा आपूर्ति का पूरा हिसाब नहीं बताता। विश्व बैंक ने कहा कि रिफाइनरियों को हुए नुकसान के बीच सितंबर में क्षेत्र से रिफाइंड तेल उत्पादों का प्रवाह संघर्ष-पूर्व स्तर के आधे से भी कम था।45 यानी कच्चे तेल की आवाजाही में आंशिक सुधार हुआ, पर सभी ईंधनों और आपूर्ति मार्गों में समान रूप से बहाली नहीं हुई।
अल जाबेर ने कहा कि होरमुज़ जलडमरूमध्य से जहाज़ों की आवाजाही बाधित होने के बाद वैश्विक भंडार से करीब एक अरब बैरल तेल निकाला जा चुका है। उन्होंने यह भी चेताया कि ढुलाई की लागत बढ़कर एक बैरल के मूल्य के 30% से अधिक हो गई है।4
49 उन्होंने भंडारण और रणनीतिक स्टॉक बढ़ाने के साथ रिफाइनिंग क्षमता के विस्तार की जरूरत बताई।
9
IEA ने भंडार का एक अलग माप पेश किया: सितंबर के अंत में वैश्विक स्तर पर दर्ज तेल भंडार फरवरी के अंत के मुकाबले 50.9 करोड़ बैरल कम था। सितंबर में कुल दर्ज भंडार 1 करोड़ बैरल घटा; जमीन पर मौजूद भंडार 11.3 करोड़ बैरल कम हुआ, जिसकी कुछ भरपाई समुद्र में रखे तेल में बढ़ोतरी से हुई।37 इन आंकड़ों की परिभाषा और संदर्भ-तिथियां अल जाबेर के करीब एक अरब बैरल वाले बयान से अलग हैं, इसलिए इन्हें एक ही माप नहीं समझना चाहिए।
IEA के मुताबिक, सितंबर में वैश्विक तेल आपूर्ति रोज़ाना 25 लाख बैरल बढ़कर 10.23 करोड़ बैरल पर पहुंची, जिसमें खाड़ी क्षेत्र के उत्पादकों की बड़ी भूमिका रही।37 किसी महीने में आपूर्ति बढ़ने के बावजूद कुल भंडार कम रह सकता है: नए तेल का बाजार में आना पहले इस्तेमाल किए जा चुके भंडार को तुरंत नहीं भरता और न ही ढुलाई या रिफाइनिंग की बाधाएं अपने-आप दूर करता है।
विश्व बैंक ने 2026 में कुल कमोडिटी कीमतों में 23% और ऊर्जा कीमतों में 32% बढ़ोतरी का अनुमान लगाया। उसकी रिपोर्ट में मध्य पूर्व का संघर्ष और तेल भंडार में गिरावट के साथ-साथ काला सागर से अनाज की ढुलाई में रुकावट और सोने जैसी सुरक्षित निवेश संपत्तियों की मांग का भी उल्लेख था।32
35 बैंक ने 2027 में कुल कमोडिटी कीमतों में 7% गिरावट का अनुमान भी दिया।
33
यह व्यापक तस्वीर ADIPEC में उठाई गई चिंताओं को संदर्भ देती है: महंगी ऊर्जा और सीमित उपलब्धता खपत को दबा सकती है, जबकि दूसरी ओर कमोडिटी कीमतें बढ़ रही हों। UAE के निर्यात में वापसी अनुकूलन का अहम संकेत है, लेकिन हार्डी का मांग अनुमान और अल जाबेर की भंडार व ढुलाई संबंधी चेतावनियां बताती हैं कि अनुकूलन को पूरी तरह सामान्य हो चुके बाजार के बराबर नहीं मानना चाहिए।
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इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
2 नवंबर को अबू धाबी में ADIPEC सम्मेलन में विटोल CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में वैश्विक तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है और युद्ध पूर्व स्तर पर लौटने में लगभग एक साल लग सकता है।
2 नवंबर को अबू धाबी में ADIPEC सम्मेलन में विटोल CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में वैश्विक तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है और युद्ध पूर्व स्तर पर लौटने में लगभग एक साल लग सकता है। UAE के कच्चे तेल और कंडेनसेट निर्यात जून में रोज़ाना 39.4 लाख बैरल तक पहुंचे, लेकिन कच्चे तेल की आवाजाही, रिफाइंड ईंधन की उपलब्धता और वैश्विक भंडार—तीनों बाजार की बहाली की अलग तस्वीर दिखाते हैं।
2 नवंबर को अबू धाबी में ADIPEC सम्मेलन में विटोल CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में वैश्विक तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है और युद्ध पूर्व स्तर पर लौटने में लगभग एक साल लग सकता है। UAE के कच्चे तेल और कंडेनसेट निर्यात जून में रोज़ाना 39.4 लाख बैरल तक पहुंचे, लेकिन कच्चे तेल की आवाजाही, रिफाइंड...
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2 नवंबर को अबू धाबी में हुए ADIPEC ऊर्जा सम्मेलन में विटोल के CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में दुनिया की तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है। उनके मुताबिक, मांग को अमेरिका-ईरान युद्ध से पहले के स्तर तक लौटने में करीब एक साल लग सकता है। UAE के ऊर्जा मंत्री सुहैल अल मज़रूई ने बताया कि कुछ समय पर देश का निर्यात युद्ध-पूर्व स्तर से ऊपर रहा। वहीं ADNOC प्रमुख सुल्तान अल जाबेर ने चेताया कि भंडार में लगातार कमी और महंगी ढुलाई ने ऊर्जा आपूर्ति को झटकों के प्रति कम सक्षम बना दिया है।1
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बाजार को समझने के लिए एक फर्क अहम है: तेल का फिर से भेजा जाना और बाजार के सुरक्षा-बफर का बहाल होना एक बात नहीं है। UAE के निर्यात में बढ़ोतरी अहम है, लेकिन इससे अपने-आप यह साबित नहीं होता कि वैश्विक भंडार, रिफाइंड ईंधन की उपलब्धता या डिलीवरी की लागत सामान्य हो गई है।
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, हार्डी ने 2026 में वैश्विक तेल मांग में रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल की गिरावट का अनुमान दिया। उन्होंने यह भी कहा कि मांग को अमेरिका-ईरान युद्ध से पहले के स्तर तक लौटने में करीब एक साल लग सकता है।1 अपने नाम से प्रकाशित एक अलग लेख में हार्डी ने कहा कि फरवरी के आखिर से वैश्विक तेल मांग रोज़ाना 25 लाख बैरल से अधिक घट चुकी है। उनके अनुसार, गिरावट मुख्य रूप से परिवहन ईंधन और पेट्रोकेमिकल उद्योग में इस्तेमाल होने वाले कच्चे माल की मांग में आई है। COVID-19 के दौर को छोड़ दें तो उन्होंने इसे सालाना मांग में सबसे बड़ी गिरावट बताया।
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ये आंकड़े मांग में गंभीर झटके की ओर इशारा करते हैं। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टिंग से हार्डी के 2026 के अनुमान की अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (IEA) के अनुमान से सटीक तुलना या उसका साल-दर-साल आधार स्पष्ट नहीं होता।
अल मज़रूई ने कहा कि कुछ मौकों पर UAE का निर्यात युद्ध-पूर्व स्तर से आगे निकल गया था। रिपोर्टिंग के मुताबिक, जून में देश से कच्चे तेल और कंडेनसेट का निर्यात रोज़ाना 39.4 लाख बैरल रहा।7 हबशान–फुजैराह पाइपलाइन ने पारंपरिक समुद्री रास्तों में रुकावट आने पर भी कच्चे तेल का निर्यात जारी रखने में मदद की।
10 विश्व बैंक की रिपोर्ट के अनुसार, पाइपलाइन और होरमुज़ जलडमरूमध्य के बाहर जहाज़ से जहाज़ में तेल स्थानांतरित करने जैसे वैकल्पिक तरीकों से खाड़ी क्षेत्र का कच्चा तेल निर्यात हाल में संघर्ष-पूर्व स्तर के करीब पहुंचा।
45
लेकिन कच्चे तेल का निर्यात कुल ऊर्जा आपूर्ति का पूरा हिसाब नहीं बताता। विश्व बैंक ने कहा कि रिफाइनरियों को हुए नुकसान के बीच सितंबर में क्षेत्र से रिफाइंड तेल उत्पादों का प्रवाह संघर्ष-पूर्व स्तर के आधे से भी कम था।45 यानी कच्चे तेल की आवाजाही में आंशिक सुधार हुआ, पर सभी ईंधनों और आपूर्ति मार्गों में समान रूप से बहाली नहीं हुई।
अल जाबेर ने कहा कि होरमुज़ जलडमरूमध्य से जहाज़ों की आवाजाही बाधित होने के बाद वैश्विक भंडार से करीब एक अरब बैरल तेल निकाला जा चुका है। उन्होंने यह भी चेताया कि ढुलाई की लागत बढ़कर एक बैरल के मूल्य के 30% से अधिक हो गई है।4
49 उन्होंने भंडारण और रणनीतिक स्टॉक बढ़ाने के साथ रिफाइनिंग क्षमता के विस्तार की जरूरत बताई।
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IEA ने भंडार का एक अलग माप पेश किया: सितंबर के अंत में वैश्विक स्तर पर दर्ज तेल भंडार फरवरी के अंत के मुकाबले 50.9 करोड़ बैरल कम था। सितंबर में कुल दर्ज भंडार 1 करोड़ बैरल घटा; जमीन पर मौजूद भंडार 11.3 करोड़ बैरल कम हुआ, जिसकी कुछ भरपाई समुद्र में रखे तेल में बढ़ोतरी से हुई।37 इन आंकड़ों की परिभाषा और संदर्भ-तिथियां अल जाबेर के करीब एक अरब बैरल वाले बयान से अलग हैं, इसलिए इन्हें एक ही माप नहीं समझना चाहिए।
IEA के मुताबिक, सितंबर में वैश्विक तेल आपूर्ति रोज़ाना 25 लाख बैरल बढ़कर 10.23 करोड़ बैरल पर पहुंची, जिसमें खाड़ी क्षेत्र के उत्पादकों की बड़ी भूमिका रही।37 किसी महीने में आपूर्ति बढ़ने के बावजूद कुल भंडार कम रह सकता है: नए तेल का बाजार में आना पहले इस्तेमाल किए जा चुके भंडार को तुरंत नहीं भरता और न ही ढुलाई या रिफाइनिंग की बाधाएं अपने-आप दूर करता है।
विश्व बैंक ने 2026 में कुल कमोडिटी कीमतों में 23% और ऊर्जा कीमतों में 32% बढ़ोतरी का अनुमान लगाया। उसकी रिपोर्ट में मध्य पूर्व का संघर्ष और तेल भंडार में गिरावट के साथ-साथ काला सागर से अनाज की ढुलाई में रुकावट और सोने जैसी सुरक्षित निवेश संपत्तियों की मांग का भी उल्लेख था।32
35 बैंक ने 2027 में कुल कमोडिटी कीमतों में 7% गिरावट का अनुमान भी दिया।
33
यह व्यापक तस्वीर ADIPEC में उठाई गई चिंताओं को संदर्भ देती है: महंगी ऊर्जा और सीमित उपलब्धता खपत को दबा सकती है, जबकि दूसरी ओर कमोडिटी कीमतें बढ़ रही हों। UAE के निर्यात में वापसी अनुकूलन का अहम संकेत है, लेकिन हार्डी का मांग अनुमान और अल जाबेर की भंडार व ढुलाई संबंधी चेतावनियां बताती हैं कि अनुकूलन को पूरी तरह सामान्य हो चुके बाजार के बराबर नहीं मानना चाहिए।
Studio Global AI
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
2 नवंबर को अबू धाबी में ADIPEC सम्मेलन में विटोल CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में वैश्विक तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है और युद्ध पूर्व स्तर पर लौटने में लगभग एक साल लग सकता है।
2 नवंबर को अबू धाबी में ADIPEC सम्मेलन में विटोल CEO रसेल हार्डी ने अनुमान जताया कि 2026 में वैश्विक तेल मांग रोज़ाना करीब 30 लाख बैरल घट सकती है और युद्ध पूर्व स्तर पर लौटने में लगभग एक साल लग सकता है। UAE के कच्चे तेल और कंडेनसेट निर्यात जून में रोज़ाना 39.4 लाख बैरल तक पहुंचे, लेकिन कच्चे तेल की आवाजाही, रिफाइंड ईंधन की उपलब्धता और वैश्विक भंडार—तीनों बाजार की बहाली की अलग तस्वीर दिखाते हैं।