AI Max कोई अलग कैंपेन प्रकार नहीं, बल्कि Microsoft Advertising Search कैंपेन के ऊपर काम करने वाली AI परत के रूप में पेश किया गया है। यह कैंपेन में दिए गए संकेतों और वेबसाइट की जानकारी का उपयोग करके अतिरिक्त प्रासंगिक मांग खोजने और क्वेरी के संदर्भ के अनुसार विज्ञापन अनुभव तैयार करने पर केंद्रित है।
AI Max विज्ञापनदाता के मौजूदा कीवर्ड से आगे जाकर अतिरिक्त प्रासंगिक सर्च क्वेरी से विज्ञापन मैच कर सकता है। Microsoft इसे AI-संचालित सर्च-टर्म मैचिंग बताता है और अपने व्यापक AI Max ऐलान में इसे नई मांग खोजने का तरीका कहता है।
इसे किसी नए सामान्य keyword match type के रूप में नहीं समझना चाहिए। Microsoft के दस्तावेज़ Predictive Matching को एक अलग, वैकल्पिक Search सुविधा के रूप में बताते हैं। यह Final URL, विज्ञापन शीर्षक, विज्ञापन टेक्स्ट और मौजूदा कीवर्ड के आधार पर नई क्वेरी खोजती है और पात्र conversion-based automated bidding रणनीतियों के साथ इस्तेमाल की जा सकती है।
AI Max का उद्देश्य नए text assets बनाना और रियल टाइम में विज्ञापन क्रिएटिव को अधिक संदर्भ-संगत बनाना है। Microsoft के अनुसार, सिस्टम विज्ञापनदाता के landing page की जानकारी से प्रासंगिक एसेट तैयार करने में मदद ले सकता है। AI-optimized assets को लेबल किया जाएगा और उन्हें संपादित किया जा सकेगा।
Microsoft के व्यापक विज्ञापन दस्तावेज़ text guidelines का भी उल्लेख करते हैं। इनके जरिए विज्ञापनदाता AI-जनरेटेड एसेट में इस्तेमाल होने वाले कुछ शब्दों और वाक्यांशों पर नियंत्रण रख सकते हैं। कानूनी, नियामकीय या ब्रांड-पोजिशनिंग की सख्त जरूरतों वाले व्यवसायों के लिए यह अहम है, हालांकि सक्रिय करने से पहले खाते में उपलब्ध वास्तविक सेटिंग्स की जांच करनी चाहिए।
AI Max विज्ञापन को विज्ञापनदाता की वेबसाइट के संभावित रूप से अधिक प्रासंगिक पेज से जोड़ने के लिए landing-page जानकारी का इस्तेमाल कर सकता है। Microsoft के अनुसार, यह विज्ञापन को सबसे प्रासंगिक landing page से मैच करने में मदद करता है और URL exclusions के जरिए ट्रैफिक भेजे जाने वाले पेजों को सीमित किया जा सकता है।
इससे पहुंच और प्रासंगिकता बेहतर हो सकती है, लेकिन सक्रिय करने से पहले वेबसाइट की संरचना, conversion tracking, excluded pages और ऐसे URL की जांच जरूरी है जो व्यावसायिक या compliance के लिहाज से संवेदनशील हों।
Microsoft AI Max को Copilot Search और Copilot Answers जैसे AI-संचालित सर्च अनुभवों के लिए भी उपयोगी बताता है। Microsoft के Copilot विज्ञापन दस्तावेज़ों के अनुसार, वहां विज्ञापन मौजूदा कैंपेन एसेट—जैसे टेक्स्ट और इमेज—से अपने आप बनाए जाते हैं। इसलिए Copilot में विज्ञापन दिखने का अर्थ यह नहीं है कि हर conversational query के लिए विज्ञापन शून्य से तैयार किया जाता है।
व्यावहारिक रूप से, विज्ञापनदाताओं को अपने मौजूदा एसेट, landing pages, exclusions और conversion signals को पारंपरिक keyword auction की सेटिंग्स भर नहीं, बल्कि व्यापक AI-संचालित सर्च वातावरण के इनपुट के रूप में देखना होगा।
Microsoft ऑटोमेशन के साथ visibility और control पर भी जोर दे रहा है। AI Max से जुड़े विकल्पों में campaign-level enablement, exclusions, एसेट और कीवर्ड रिपोर्टिंग तथा performance lift को परखने के लिए experimentation tools शामिल हैं।
Microsoft की API documentation में AI-generated text, final-URL expansion और search-term matching के लिए अलग-अलग opt-out सेटिंग्स भी दी गई हैं। इससे संकेत मिलता है कि फीचर को कई स्तरों पर कॉन्फ़िगर किया जा सकता है, हालांकि पायलट या चरणबद्ध रोलआउट के दौरान उपलब्धता और इंटरफेस खाते-दर-खाते अलग हो सकते हैं।
एक दावा अभी उपलब्ध प्रमाणों से सत्यापित नहीं होता: क्या पहले से autogenerated text assets या Predictive Matching इस्तेमाल कर रही हर कैंपेन को AI Max में अपने आप सक्रिय कर दिया गया था? आधिकारिक सामग्री इन क्षमताओं के मौजूद होने की पुष्टि करती है, लेकिन यह स्थापित नहीं करती कि ऐसी सभी कैंपेन स्वतः opt-in हुईं। Predictive Matching स्वयं पात्र conversion-based automated bidding रणनीतियों के लिए एक वैकल्पिक Search सुविधा है।
उपलब्ध जानकारी एक समान तस्वीर नहीं देती:
इसलिए विज्ञापनदाताओं को घोषणा की तारीख या प्रोडक्ट इंटरफेस में संदर्भ दिखने के आधार पर सार्वभौमिक उपलब्धता मानने के बजाय अपने खाते में eligibility और access की पुष्टि करनी चाहिए।
1 अक्टूबर 2026 से नई नॉन-पोर्टफोलियो कैंपेन बनाते समय निम्नलिखित बिडिंग रणनीतियों के साथ Max CPC उपलब्ध नहीं होगा:
यह बदलाव नई कैंपेन पर लागू होगा। 1 अक्टूबर से पहले बनाई गई मौजूदा कैंपेन, जिनमें Max CPC सेटिंग पहले से मौजूद है, उसे बनाए रख सकेंगी।
उपलब्ध रिपोर्टिंग के अनुसार, कुछ रास्ते अब भी खुले रहेंगे:
इसका अर्थ यह नहीं है कि Microsoft हर तरह का CPC नियंत्रण हटा रहा है। बदलाव खास तौर पर नई standalone या non-portfolio कैंपेन में प्रभावित automated strategies के साथ Max CPC जोड़ने पर रोक लगाता है।
दिए गए स्रोत Google के 17 अगस्त 2026 से शुरू होने वाले बदलाव का वर्णन करते हैं। उनके अनुसार, budget-limited कैंपेन में target-based bidding का इस्तेमाल होने पर सिस्टम Target CPA या Target ROAS में दर्ज मान के अधिक करीब प्रदर्शन कराने की दिशा में जाएगा। पहले ऐसा कैंपेन CPA लक्ष्य से काफी नीचे या ROAS लक्ष्य से ऊपर अधिक कुशल परिणाम दे सकता था।
यह Microsoft के Max CPC फैसले से अलग प्रकार का बदलाव है:
दिए गए स्रोत Microsoft की ऐसी निर्णायक नीति नहीं दिखाते जो budget-limited tCPA या tROAS व्यवहार को Google के बदलाव का सीधा समकक्ष साबित करे। इसलिए दोनों प्लेटफॉर्म की नीतियों को औपचारिक रूप से एक जैसा या एक-दूसरे के उलट बताना सही नहीं होगा। सुरक्षित निष्कर्ष यही है कि Google का बदलाव target enforcement से जुड़ा है, जबकि Microsoft का पुष्ट अक्टूबर बदलाव प्रति-क्लिक सीमा उपलब्ध होने से।
आलोचना केवल इस बात पर नहीं है कि पोर्टफोलियो बिडिंग उपलब्ध रहेगी या नहीं। Max CPC सीमा विज्ञापनदाता को कैंपेन स्तर पर प्रति-क्लिक लागत और exposure के लिए सीधा guardrail देती है। नई standalone automated कैंपेन से यह विकल्प हटने पर समान नियंत्रण बनाए रखने के लिए विज्ञापनदाताओं को पोर्टफोलियो बनाना या दूसरी bidding configuration अपनानी पड़ सकती है।
इसी वजह से विशेषज्ञों की चिंताएं मुख्यतः तीन हैं:
Microsoft का रुख automated bidding को budgets और conversion-value targets के जरिए प्रदर्शन संभालने देने की दिशा में है, न कि CPC cap पर निर्भर रहने की। इसका trade-off स्पष्ट है: कुछ विज्ञापनदाताओं के लिए ऑटोमेशन सरल हो सकता है, लेकिन जिन कैंपेन में click-level ceiling जोखिम प्रबंधन का हिस्सा है, वहां सीधा नियंत्रण कम होगा।
AI Max सक्रिय करने या अक्टूबर की समयसीमा से पहले नई कैंपेन बनाने से पहले इन बातों की जांच करें:
कुल दिशा स्पष्ट है, भले ही रोलआउट का विवरण अभी पूरी तरह तय न हो: Microsoft Search में AI-सहायता प्राप्त पहुंच और क्रिएटिव लचीलापन बढ़ा रहा है, जबकि नई automated कैंपेन में campaign-level CPC cap की भूमिका सीमित कर रहा है।
AI Max कोई अलग कैंपेन प्रकार नहीं, बल्कि Microsoft Advertising Search कैंपेन के ऊपर काम करने वाली AI परत के रूप में पेश किया गया है। यह कैंपेन में दिए गए संकेतों और वेबसाइट की जानकारी का उपयोग करके अतिरिक्त प्रासंगिक मांग खोजने और क्वेरी के संदर्भ के अनुसार विज्ञापन अनुभव तैयार करने पर केंद्रित है।
AI Max विज्ञापनदाता के मौजूदा कीवर्ड से आगे जाकर अतिरिक्त प्रासंगिक सर्च क्वेरी से विज्ञापन मैच कर सकता है। Microsoft इसे AI-संचालित सर्च-टर्म मैचिंग बताता है और अपने व्यापक AI Max ऐलान में इसे नई मांग खोजने का तरीका कहता है।
इसे किसी नए सामान्य keyword match type के रूप में नहीं समझना चाहिए। Microsoft के दस्तावेज़ Predictive Matching को एक अलग, वैकल्पिक Search सुविधा के रूप में बताते हैं। यह Final URL, विज्ञापन शीर्षक, विज्ञापन टेक्स्ट और मौजूदा कीवर्ड के आधार पर नई क्वेरी खोजती है और पात्र conversion-based automated bidding रणनीतियों के साथ इस्तेमाल की जा सकती है।
AI Max का उद्देश्य नए text assets बनाना और रियल टाइम में विज्ञापन क्रिएटिव को अधिक संदर्भ-संगत बनाना है। Microsoft के अनुसार, सिस्टम विज्ञापनदाता के landing page की जानकारी से प्रासंगिक एसेट तैयार करने में मदद ले सकता है। AI-optimized assets को लेबल किया जाएगा और उन्हें संपादित किया जा सकेगा।
Microsoft के व्यापक विज्ञापन दस्तावेज़ text guidelines का भी उल्लेख करते हैं। इनके जरिए विज्ञापनदाता AI-जनरेटेड एसेट में इस्तेमाल होने वाले कुछ शब्दों और वाक्यांशों पर नियंत्रण रख सकते हैं। कानूनी, नियामकीय या ब्रांड-पोजिशनिंग की सख्त जरूरतों वाले व्यवसायों के लिए यह अहम है, हालांकि सक्रिय करने से पहले खाते में उपलब्ध वास्तविक सेटिंग्स की जांच करनी चाहिए।
AI Max विज्ञापन को विज्ञापनदाता की वेबसाइट के संभावित रूप से अधिक प्रासंगिक पेज से जोड़ने के लिए landing-page जानकारी का इस्तेमाल कर सकता है। Microsoft के अनुसार, यह विज्ञापन को सबसे प्रासंगिक landing page से मैच करने में मदद करता है और URL exclusions के जरिए ट्रैफिक भेजे जाने वाले पेजों को सीमित किया जा सकता है।
इससे पहुंच और प्रासंगिकता बेहतर हो सकती है, लेकिन सक्रिय करने से पहले वेबसाइट की संरचना, conversion tracking, excluded pages और ऐसे URL की जांच जरूरी है जो व्यावसायिक या compliance के लिहाज से संवेदनशील हों।
Microsoft AI Max को Copilot Search और Copilot Answers जैसे AI-संचालित सर्च अनुभवों के लिए भी उपयोगी बताता है। Microsoft के Copilot विज्ञापन दस्तावेज़ों के अनुसार, वहां विज्ञापन मौजूदा कैंपेन एसेट—जैसे टेक्स्ट और इमेज—से अपने आप बनाए जाते हैं। इसलिए Copilot में विज्ञापन दिखने का अर्थ यह नहीं है कि हर conversational query के लिए विज्ञापन शून्य से तैयार किया जाता है।
व्यावहारिक रूप से, विज्ञापनदाताओं को अपने मौजूदा एसेट, landing pages, exclusions और conversion signals को पारंपरिक keyword auction की सेटिंग्स भर नहीं, बल्कि व्यापक AI-संचालित सर्च वातावरण के इनपुट के रूप में देखना होगा।
Microsoft ऑटोमेशन के साथ visibility और control पर भी जोर दे रहा है। AI Max से जुड़े विकल्पों में campaign-level enablement, exclusions, एसेट और कीवर्ड रिपोर्टिंग तथा performance lift को परखने के लिए experimentation tools शामिल हैं।
Microsoft की API documentation में AI-generated text, final-URL expansion और search-term matching के लिए अलग-अलग opt-out सेटिंग्स भी दी गई हैं। इससे संकेत मिलता है कि फीचर को कई स्तरों पर कॉन्फ़िगर किया जा सकता है, हालांकि पायलट या चरणबद्ध रोलआउट के दौरान उपलब्धता और इंटरफेस खाते-दर-खाते अलग हो सकते हैं।
एक दावा अभी उपलब्ध प्रमाणों से सत्यापित नहीं होता: क्या पहले से autogenerated text assets या Predictive Matching इस्तेमाल कर रही हर कैंपेन को AI Max में अपने आप सक्रिय कर दिया गया था? आधिकारिक सामग्री इन क्षमताओं के मौजूद होने की पुष्टि करती है, लेकिन यह स्थापित नहीं करती कि ऐसी सभी कैंपेन स्वतः opt-in हुईं। Predictive Matching स्वयं पात्र conversion-based automated bidding रणनीतियों के लिए एक वैकल्पिक Search सुविधा है।
उपलब्ध जानकारी एक समान तस्वीर नहीं देती:
इसलिए विज्ञापनदाताओं को घोषणा की तारीख या प्रोडक्ट इंटरफेस में संदर्भ दिखने के आधार पर सार्वभौमिक उपलब्धता मानने के बजाय अपने खाते में eligibility और access की पुष्टि करनी चाहिए।
1 अक्टूबर 2026 से नई नॉन-पोर्टफोलियो कैंपेन बनाते समय निम्नलिखित बिडिंग रणनीतियों के साथ Max CPC उपलब्ध नहीं होगा:
यह बदलाव नई कैंपेन पर लागू होगा। 1 अक्टूबर से पहले बनाई गई मौजूदा कैंपेन, जिनमें Max CPC सेटिंग पहले से मौजूद है, उसे बनाए रख सकेंगी।
उपलब्ध रिपोर्टिंग के अनुसार, कुछ रास्ते अब भी खुले रहेंगे:
इसका अर्थ यह नहीं है कि Microsoft हर तरह का CPC नियंत्रण हटा रहा है। बदलाव खास तौर पर नई standalone या non-portfolio कैंपेन में प्रभावित automated strategies के साथ Max CPC जोड़ने पर रोक लगाता है।
दिए गए स्रोत Google के 17 अगस्त 2026 से शुरू होने वाले बदलाव का वर्णन करते हैं। उनके अनुसार, budget-limited कैंपेन में target-based bidding का इस्तेमाल होने पर सिस्टम Target CPA या Target ROAS में दर्ज मान के अधिक करीब प्रदर्शन कराने की दिशा में जाएगा। पहले ऐसा कैंपेन CPA लक्ष्य से काफी नीचे या ROAS लक्ष्य से ऊपर अधिक कुशल परिणाम दे सकता था।
यह Microsoft के Max CPC फैसले से अलग प्रकार का बदलाव है:
दिए गए स्रोत Microsoft की ऐसी निर्णायक नीति नहीं दिखाते जो budget-limited tCPA या tROAS व्यवहार को Google के बदलाव का सीधा समकक्ष साबित करे। इसलिए दोनों प्लेटफॉर्म की नीतियों को औपचारिक रूप से एक जैसा या एक-दूसरे के उलट बताना सही नहीं होगा। सुरक्षित निष्कर्ष यही है कि Google का बदलाव target enforcement से जुड़ा है, जबकि Microsoft का पुष्ट अक्टूबर बदलाव प्रति-क्लिक सीमा उपलब्ध होने से।
आलोचना केवल इस बात पर नहीं है कि पोर्टफोलियो बिडिंग उपलब्ध रहेगी या नहीं। Max CPC सीमा विज्ञापनदाता को कैंपेन स्तर पर प्रति-क्लिक लागत और exposure के लिए सीधा guardrail देती है। नई standalone automated कैंपेन से यह विकल्प हटने पर समान नियंत्रण बनाए रखने के लिए विज्ञापनदाताओं को पोर्टफोलियो बनाना या दूसरी bidding configuration अपनानी पड़ सकती है।
इसी वजह से विशेषज्ञों की चिंताएं मुख्यतः तीन हैं:
Microsoft का रुख automated bidding को budgets और conversion-value targets के जरिए प्रदर्शन संभालने देने की दिशा में है, न कि CPC cap पर निर्भर रहने की। इसका trade-off स्पष्ट है: कुछ विज्ञापनदाताओं के लिए ऑटोमेशन सरल हो सकता है, लेकिन जिन कैंपेन में click-level ceiling जोखिम प्रबंधन का हिस्सा है, वहां सीधा नियंत्रण कम होगा।
AI Max सक्रिय करने या अक्टूबर की समयसीमा से पहले नई कैंपेन बनाने से पहले इन बातों की जांच करें:
कुल दिशा स्पष्ट है, भले ही रोलआउट का विवरण अभी पूरी तरह तय न हो: Microsoft Search में AI-सहायता प्राप्त पहुंच और क्रिएटिव लचीलापन बढ़ा रहा है, जबकि नई automated कैंपेन में campaign-level CPC cap की भूमिका सीमित कर रहा है।