एनरगोएटम कोई साधारण सरकारी कंपनी नहीं है। यह यूक्रेन की राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा ऑपरेटर है। Brookings ने बताया कि कंपनी चार परमाणु ऊर्जा संयंत्रों और 15 रिएक्टरों का संचालन करती है; इनमें से जापोरिजिया परमाणु संयंत्र रूस के कब्जे में है । इसलिए यह मामला सिर्फ खरीद-फरोख्त या टेंडर का घोटाला नहीं, बल्कि युद्धकाल में यूक्रेन के रणनीतिक ऊर्जा ढांचे से जुड़ा आरोप है।
रिपोर्टों के अनुसार जांच लंबी चली। Euronews ने लिखा कि यह ऑपरेशन 15 महीने की तैयारी के बाद सामने आया और इसमें करीब 1,000 घंटे की ऑडियो रिकॉर्डिंग शामिल थी । शुरुआती चरण में लगभग 70 तलाशी या छापों की रिपोर्ट भी सामने आई
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जांच एजेंसियों और मीडिया रिपोर्टों ने जिस मॉडल का वर्णन किया, वह ठेकों और कंपनी तक पहुंच पर नियंत्रण से जुड़ा था। आरोप है कि कुछ बाहरी मध्यस्थ या तथाकथित शैडो मैनेजर, जिनके पास औपचारिक पद नहीं थे, एनरगोएटम के फैसलों को प्रभावित करते थे और ठेकेदारों से भुगतान वसूलते थे । Euromaidan Press के अनुसार NABU द्वारा जारी रिकॉर्डिंग में परमाणु ऑपरेटर की सुरक्षा से जुड़े ठेकों पर 10–15% तक कथित कमीशन की चर्चा सुनाई देने का दावा किया गया
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येरमाक के खिलाफ सार्वजनिक रूप से जो आरोप रिपोर्ट हुए हैं, उनका केंद्र लग्जरी प्रॉपर्टी के जरिए धनशोधन है; यह सिर्फ इतना मामला नहीं कि वे जेलेंस्की के करीबी थे। RTE ने मई 2026 में रिपोर्ट किया कि यूक्रेनी अधिकारियों ने येरमाक को एक बड़े भ्रष्टाचार मामले में संदिग्ध बताया और आरोप लगाया कि वे ऐसे आपराधिक समूह में शामिल थे जिसने कीव के बाहर एक एलीट रेजिडेंशियल कॉम्प्लेक्स के जरिए करीब 10.5 मिलियन डॉलर का धनशोधन किया ।
Kyiv Independent ने रिपोर्ट किया कि SAPO के बयान में पूर्व राष्ट्रपति चीफ ऑफ स्टाफ पर कीव के बाहर लग्जरी आवासीय परिसर के निर्माण से जुड़े धनशोधन का आरोप बताया गया, और कानून-प्रवर्तन स्रोत ने उस व्यक्ति की पहचान येरमाक के रूप में की ।
यहां एक महत्वपूर्ण सावधानी है। Daily Sabah के अनुसार यूक्रेन की भ्रष्टाचार-रोधी एजेंसियों ने अपने बयान में अधिकारी का नाम सार्वजनिक नहीं किया था, लेकिन स्थानीय मीडिया ने व्यापक रूप से उसे येरमाक के रूप में पहचाना । इसलिए सबसे सटीक भाषा यही है: येरमाक को रिपोर्टों में लग्जरी रियल-एस्टेट धनशोधन शाखा का संदिग्ध या आरोपित व्यक्ति बताया गया है; उपलब्ध रिपोर्टें कोई अंतिम अदालत-निर्णय साबित नहीं करतीं
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कथित पुल है धनशोधन। ऑपरेशन मिडास का मूल केस एनरगोएटम से जुड़े कथित कमीशन, हेराफेरी और धनशोधन पर है । येरमाक से जुड़ी बताई गई शाखा, रिपोर्टों के अनुसार, कीव के बाहर लग्जरी आवासीय निर्माण के जरिए कथित धनशोधन पर केंद्रित है
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Daily Sabah ने NABU के हवाले से एक संगठित समूह द्वारा 460 मिलियन ह्रीव्निया के धनशोधन की बात लिखी, जबकि RTE ने इसी रकम को करीब 10.5 मिलियन डॉलर बताया । कुछ रिपोर्टों ने इस संपत्ति-आरोप को व्यापक ऑपरेशन मिडास केस का हिस्सा बताते हुए लिखा कि ऊर्जा टेंडरों से कथित अवैध आय लग्जरी प्रोजेक्ट्स में लगाई गई
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फिर भी पूरी धन-श्रृंखला सार्वजनिक रूप से साबित हो चुकी है, ऐसा कहना जल्दबाजी होगी। अंग्रेजी में उपलब्ध स्रोतों के आधार पर एनरगोएटम की मुख्य जांच एक सक्रिय NABU/SAPO केस के रूप में मजबूत रूप से दर्ज है, जबकि येरमाक-लिंक्ड संपत्ति आरोप अभी अदालत की कसौटी पर परखे जाने बाकी हैं ।
इस मामले में अलग-अलग लोगों की कानूनी स्थिति अलग है। इसलिए सभी नामों को एक जैसा नहीं माना जा सकता। शुरुआती ऑपरेशन मिडास चरण में NABU ने कहा था कि पांच लोगों को हिरासत में लिया गया और सात को संदेह की सूचना दी गई; इनमें कथित आपराधिक संगठन का नेतृत्व करने वाला एक कारोबारी, ऊर्जा मंत्री का पूर्व सलाहकार और एनरगोएटम में भौतिक सुरक्षा के लिए जिम्मेदार एक कार्यकारी शामिल बताए गए ।
सबसे बड़ा तत्काल राजनीतिक झटका येरमाक का इस्तीफा था। उन्हें लंबे समय तक जेलेंस्की का दाहिना हाथ और युद्धकालीन प्रशासन के सबसे शक्तिशाली लोगों में से एक बताया जाता रहा । 28 नवंबर 2025 को उनके घर और दफ्तरों की तलाशी हुई और कुछ ही घंटों बाद जेलेंस्की ने उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया
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समय ने नुकसान और बढ़ाया। Kyiv Independent ने लिखा कि यह छापा ऐसे समय पड़ा जब येरमाक अमेरिका के साथ अहम शांति वार्ताओं में यूक्रेनी पक्ष का नेतृत्व कर रहे थे, और वाशिंगटन का विवादित प्रस्ताव कई रूसी अधिकतमवादी मांगों के अनुकूल बताया जा रहा था ।
मामला कैबिनेट और एनरगोएटम तक भी गया। हलुशचेंको को ऑपरेशन मिडास खुलासों के बाद न्याय मंत्री पद से निलंबित किया गया और बाद में आरोपित बताए गए । UNITED24 Media ने रिपोर्ट किया कि ऑपरेशन के बाद कैबिनेट में निलंबन और एनरगोएटम के सुपरवाइजरी बोर्ड को भंग करने जैसी कार्रवाइयां हुईं
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जेलेंस्की के लिए यह मामला दोधारी है। एक ओर, Atlantic Council ने इसे उनके राष्ट्रपति काल का सबसे बड़ा भ्रष्टाचार स्कैंडल बताया, और इसमें उनके करीबी लोगों के नाम आने से राजनीतिक नुकसान साफ है । दूसरी ओर, वरिष्ठ लोगों पर तलाशी, संदेह-सूचना और आरोपों की कार्रवाई यह भी दिखाती है कि युद्धकालीन दबाव के बावजूद यूक्रेन की भ्रष्टाचार-रोधी संस्थाएं काम कर रही हैं
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यह सवाल नहीं है कि ऑपरेशन मिडास मौजूद है या नहीं; कई रिपोर्टें NABU/SAPO की सक्रिय एनरगोएटम जांच का विवरण देती हैं । असली सवाल यह है कि अदालतें प्रत्येक व्यक्ति और प्रत्येक कथित धन-श्रृंखला के बारे में अंततः क्या निष्कर्ष निकालेंगी।
येरमाक के मामले में यह फर्क खास तौर पर जरूरी है। उपलब्ध रिपोर्टें इतना समर्थन करती हैं कि उन्हें लग्जरी रियल-एस्टेट धनशोधन केस में संदिग्ध या आरोपित व्यक्ति के रूप में रिपोर्ट किया गया है। लेकिन कुछ एजेंसी घोषणाओं ने अधिकारी का नाम सार्वजनिक नहीं किया, और अंग्रेजी में उपलब्ध सार्वजनिक रिकॉर्ड अभी अंतिम, अदालत-परीक्षित सबूत-श्रृंखला नहीं देता ।
ऑपरेशन मिडास एनरगोएटम के आसपास कम से कम 100 मिलियन डॉलर के कथित कमीशन और धनशोधन नेटवर्क की जांच है । येरमाक-लिंक्ड शाखा में 460 मिलियन ह्रीव्निया, जिसे RTE ने करीब 10.5 मिलियन डॉलर बताया, कथित रूप से कीव के बाहर लग्जरी आवासीय निर्माण के जरिए साफ करने का आरोप है
। इस स्कैंडल ने जेलेंस्की के करीबी हलकों में इस्तीफे, निलंबन और आरोपों की श्रृंखला पैदा की है, लेकिन येरमाक और अन्य लोगों के खिलाफ आरोप अदालत में साबित होने तक आरोप ही हैं
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