जापान की शीर्ष पांच चिप इक्विपमेंट कंपनियों—Tokyo Electron, Advantest, Screen Holdings, Disco और Kokusai Electric—को FY2025 में चीन में संयुक्त बिक्री में 10% की गिरावट आई, जो कि अब तक का सबसे बड़ा गिरावट है। कंपनियां AI से जुड़े उपकरणों की बढ़ती मांग और दक्षिण कोरिया ताइवान की ओर रुख करके इस नुकसान की भरपाई कर रही...
शोध उत्तर

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जापान की दिग्गज सेमीकंडक्टर उपकरण निर्माता कंपनियों के लिए चीन का बाजार अब पहले जैसा नहीं रहा। एक तरफ बीजिंग सरकार ने घरेलू स्तर पर चिप उपकरण बनाने पर जोर दिया है, वहीं जापान ने भी अमेरिकी दबाव में अपने निर्यात नियम कड़े कर दिए हैं। इसका नतीजा यह हुआ कि Tokyo Electron, Advantest, Screen Holdings, Disco और Kokusai Electric जैसी पांच बड़ी कंपनियों की चीन में बिक्री में 31 मार्च 2026 को समाप्त वित्तीय वर्ष में 10% की गिरावट आई । यह गिरावट पहली बार दर्ज की गई है।
इस गिरावट के पीछे दो बड़ी वजहें हैं:
बीजिंग का आत्मनिर्भरता अभियान: चीनी सरकार घरेलू कंपनियों को भारी सब्सिडी दे रही है ताकि वे विदेशी कंपनियों के विकल्प तैयार कर सकें । चीन में कुछ सेगमेंट में स्थानीय उपकरण पहले ही विदेशी कंपनियों की बराबरी करने लगे हैं, जिससे जापानी, अमेरिकी और यूरोपीय कंपनियों की बाजार हिस्सेदारी तेज़ी से घट रही है
।
जापान का निर्यात नियंत्रण: जुलाई 2023 से जापान के अर्थव्यवस्था, व्यापार और उद्योग मंत्रालय (METI) ने 23 प्रकार के एडवांस सेमीकंडक्टर उपकरणों को निर्यात नियंत्रण सूची में डाल दिया । इनमें वो उपकरण शामिल हैं जो 14 नैनोमीटर या उससे छोटे चिप बना सकते हैं। इन प्रतिबंधों का असर साफ दिख रहा है।
Tokyo Electron पर इसका सबसे ज्यादा असर पड़ा: FY2026 की तीसरी तिमाही में चीन में इसकी बिक्री 279.4 अरब येन से गिरकर 175.5 अरब येन रह गई । कंपनी के कुल राजस्व में चीन की हिस्सेदारी 8.5 प्रतिशत अंक घटकर 31.8% रह गई
। FY2025 में TEL के राजस्व में चीन का हिस्सा करीब 44% था जो अब लगभग 30% पर आ गया है
।
चीन में घाटे की भरपाई के लिए कंपनियों ने दो रास्ते चुने हैं: AI से जुड़ी मांग और दक्षिण कोरिया-ताइवान जैसे दूसरे बाजार।
AI की वजह से डिमांड बूम: AI चिप्स (जैसे HBM मेमोरी) बनाने के लिए एडवांस उपकरणों की मांग बढ़ी है। 2025 में वैश्विक सेमीकंडक्टर उपकरणों की बिक्री 135 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई, जो पिछले साल से 15% ज्यादा है । Tokyo Electron का कहना है कि AI सर्वर के लिए डिमांड बहुत मजबूत है
। कंपनी को उम्मीद है कि FY2026 तक AI से जुड़ी डिमांड उसके कुल राजस्व का 40% हिस्सा होगी
।
Disco जैसी कंपनी, जो सिलिकॉन वेफर्स काटने के उपकरण बनाती है, ने 2025 की अप्रैल-दिसंबर अवधि में 11.5% राजस्व वृद्धि दर्ज की ।
भौगोलिक विविधीकरण: TEL की FY2026 तीसरी तिमाही के आंकड़े बताते हैं कि दक्षिण कोरिया का हिस्सा 6 प्रतिशत अंक बढ़कर 27.1% हो गया । FY2025 में कोरिया और ताइवान की हिस्सेदारी क्रमश: 22.4% और 20.7% थी
।
टेक्नोलॉजी लीडरशिप: TEL ने 2 नैनोमीटर चिप बनाने के लिए क्रायोजेनिक एचिंग तकनीक विकसित की है, जो उसे प्रतिस्पर्धियों से आगे रखती है ।
विश्लेषकों को डर है कि जापानी कंपनियां चीनी बाजार से स्थायी रूप से बाहर हो सकती हैं:
चीन की तेज़ आत्मनिर्भरता: चीन ने 2026 तक सेमीकंडक्टर उपकरणों में 40% आत्मनिर्भरता हासिल करने का लक्ष्य रखा है और 40 जापानी कंपनियों को अपनी निर्यात नियंत्रण और ‘अविश्वसनीय इकाई’ सूची में डाल दिया है । चीनी विशेषज्ञों का कहना है कि जापान के प्रतिबंध उल्टे पड़ गए हैं और चीन के घरेलू उद्योग को मजबूत कर रहे हैं
।
चीन का जवाबी प्रतिबंध: जनवरी 2026 में चीन के वाणिज्य मंत्रालय (MOFCOM) ने जापान के लिए दोहरे उपयोग वाली वस्तुओं के निर्यात पर तुरंत प्रभावी प्रतिबंध लगा दिए । इनमें दुर्लभ मृदा और क्रिटिकल मटीरियल शामिल हैं जिनकी प्रोसेसिंग पर चीन का दुनिया में दबदबा है
।
समय का तंग दायरा: चीन में जापानी उपकरण कंपनियों का राजस्व लगातार घट रहा है। विश्लेषकों की चेतावनी है कि एक बार जब चीनी घरेलू विकल्प परिपक्व हो जाएंगे, तो बाजार हिस्सेदारी वापस पाना मुश्किल होगा ।
जापान की चिप इक्विपमेंट कंपनियां एक ऐतिहासिक मोड़ पर खड़ी हैं। चीन में 10% बिक्री गिरावट कोई अस्थायी झटका नहीं है, बल्कि एक संरचनात्मक बदलाव है। AI की मांग और दूसरे बाजारों में विविधीकरण से ये कंपनियां फिलहाल संभल रही हैं, लेकिन चीन से स्थायी रूप से बाहर होने का खतरा सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है।
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जापान की शीर्ष पांच चिप इक्विपमेंट कंपनियों—Tokyo Electron, Advantest, Screen Holdings, Disco और Kokusai Electric—को FY2025 में चीन में संयुक्त बिक्री में 10% की गिरावट आई, जो कि अब तक का सबसे बड़ा गिरावट है।
जापान की शीर्ष पांच चिप इक्विपमेंट कंपनियों—Tokyo Electron, Advantest, Screen Holdings, Disco और Kokusai Electric—को FY2025 में चीन में संयुक्त बिक्री में 10% की गिरावट आई, जो कि अब तक का सबसे बड़ा गिरावट है। कंपनियां AI से जुड़े उपकरणों की बढ़ती मांग और दक्षिण कोरिया ताइवान की ओर रुख करके इस नुकसान की भरपाई कर रही हैं।
विश्लेषकों को चेतावनी है कि चीन का आत्मनिर्भरता अभियान और जवाबी निर्यात प्रतिबंध जापानी कंपनियों को चीनी बाजार से स्थायी रूप से बेदखल कर सकते हैं।