कॉट्स ने 2025 की व्यापक क्रिप्टो गिरावट को संस्थागत पूंजी के लिए एक "पुनर्मूल्यांकन वर्ष" (repricing year) भी बताया। उन्होंने नोट किया कि बिटकॉइन के अलावा, DeFi टोकन में 67% और स्मार्ट-कॉन्ट्रैक्ट क्रिप्टो एसेट्स में औसतन 66% की गिरावट आई । उनके अनुसार, यह कोई संरचनात्मक पतन नहीं था, बल्कि संस्थागत पूंजी द्वारा उच्च गुणवत्ता वाली परियोजनाओं का पुनर्मूल्यांकन था क्योंकि वे एक्सपोजर हासिल करना चाहती थीं ।
कॉट्स के मूल्य पूर्वानुमान काफी विशिष्ट हैं:
कॉट्स ने अस्थिरता के दो अलग-अलग चरणों को ट्रैक किया है:
कॉट्स का दीर्घकालिक ढांचा वैश्विक तरलता (global liquidity) पर टिका है, जिसे वे क्रिप्टो कीमतों का सबसे मजबूत भविष्यवक्ता मानते हैं । उनके डेटा से पता चलता है कि मध्य-2026 एक संभावित चक्रीय मोड़ (cycle inflection point) हो सकता है, क्योंकि $550 बिलियन का ट्रेजरी जनरल अकाउंट (TGA) ड्रेन पूरा हो चुका है, जिससे एक प्रमुख बाधा दूर हो गई है । वे इसे चक्र के चरम (cycle peak) के बजाय एक "मध्य-चक्र रीसेट" (mid-cycle reset) के रूप में देखते हैं, जिसका अर्थ है कि मौजूदा सुधार से परे तेजी का दीर्घकालिक रुझान (secular bull trend) बरकरार है ।
उनके मॉडल यह भी सुझाव देते हैं कि इस चक्र में ग्लोबल M2 लगभग $127 ट्रिलियन पर चरम पर पहुंच सकता है, जिसमें Q1 2026 में एक संभावित क्रिप्टो शिखर और उसी चक्र की Q3/Q4 में "क्रिप्टो विंटर" की गर्त हो सकती है । हालांकि, उनकी हालिया टिप्पणियों से पता चलता है कि चक्र मध्य-2026 तक बढ़ सकता है ।
कॉट्स लगातार क्रिप्टो-मूल कारकों की तुलना में मैक्रो कारकों पर अधिक जोर देते हैं। यहां वे प्रमुख जोखिम हैं जिन पर वे प्रकाश डालते हैं: