UCI—अंतरराष्ट्रीय साइक्लिंग की नियामक संस्था—लंबे समय से राइडरों को हैंडलबार पर अपनी बांहों को शरीर के सहारे के रूप में इस्तेमाल करने से रोकती है। अपवाद केवल टाइम ट्रायल में इस्तेमाल होने वाले ऐसे साइकिल सेटअप का है, जिसमें बांहों के लिए अलग और स्थायी एक्सटेंशन लगे हों ।
2021 में UCI ने सड़क दौड़ों में दो एयरोडायनमिक स्थितियों पर रोक लगाई थी:
UCI का तर्क था कि ऐसी स्थिति में राइडर के पास स्टीयरिंग और ब्रेक पर पूरा नियंत्रण नहीं रहता । 2026 के लिए जारी स्पष्टीकरण में नियम को और साफ किया गया। अब यह स्पष्ट है कि पैडल पर पैर, हैंडलबार पर हाथ और सैडल पर शरीर के अलावा शरीर के किसी हिस्से को साइकिल पर संपर्क में रखा जा सकता है, लेकिन उसका इस्तेमाल शरीर का भार टिकाने के लिए नहीं किया जा सकता ।
Artz उस दिन के शुरुआती ब्रेकअवे में आगे निकल चुके थे। इसी दौरान रेस ज्यूरी की नजर उनकी एयरोडायनमिक बांह-पर-हैंडलबार स्थिति पर पड़ी। फ्रांसीसी अखबार Ouest-France के अनुसार, कमिसेयर्स ने उनकी स्थिति को ‘अवैध’ (position illicite) माना और उन्हें रेस डायरेक्टर की कार के पास बुलाया ।
स्पेनिश अखबार Marca ने बताया कि अधिकारियों के मुताबिक यह स्थिति सुरक्षा की दृष्टि से सही नहीं थी। बांहों को हैंडलबार पर टिकाने से स्टीयरिंग नियंत्रण घट सकता है और ब्रेक लीवर तक तुरंत पहुंचना मुश्किल हो सकता है । यह खास तौर पर तब जोखिमपूर्ण माना जाता है, जब राइडर तेज गति से चल रहे समूह या ब्रेकअवे में अचानक दिशा बदलने और ब्रेक लगाने की जरूरत महसूस करे।
तीन चेतावनियों के बाद Artz को अधिकारियों की कार के पास बुलाया गया। वहां हुई बातचीत को Ouest-France ने ‘गरमागर्म चर्चा’ बताया, जबकि Marca ने इस पल में UCI अधिकारियों और राइडर के बीच तनाव का उल्लेख किया ।
व्यावहारिक रूप से Artz के सामने दो विकल्प थे:
Artz ने पहला रास्ता चुना। वह सीधे बैठ गए और ब्रेकअवे की रफ्तार बनाए रखने के बजाय पेलोटन में वापस लौट गए । महत्वपूर्ण बात यह है कि अंतिम ज्यूरी रिपोर्ट में उनके नाम के सामने इस घटना के लिए कोई येलो कार्ड, समय दंड या जुर्माना दर्ज नहीं था । इसलिए उन्हें दौड़ से अयोग्य घोषित नहीं किया गया; वह केवल ब्रेकअवे से बाहर होकर मुख्य समूह में लौटे।
यह मामला UCI की उस दीर्घकालिक सुरक्षा नीति का हिस्सा है, जिसके तहत ऐसी एयरोडायनमिक स्थितियों को सीमित किया जा रहा है जो राइडर के नियंत्रण को प्रभावित कर सकती हैं।
UCI ने हैंडलबार के आकार और चौड़ाई से जुड़े अन्य सुरक्षा बदलाव भी घोषित किए हैं। आधिकारिक घोषणा के अनुसार, 400 मिलीमीटर की न्यूनतम चौड़ाई और 280 मिलीमीटर के शिफ्टर-गैप जैसी सीमाएं 1 जनवरी 2027 से लागू होंगी ।
Huub Artz का मामला 2026 के स्पष्ट किए गए नियम की Tour de France में शुरुआती चर्चित कार्रवाइयों में से एक है। इससे संकेत मिलता है कि कमिसेयर्स अब केवल खास एयरो बार या असामान्य हैंडलबार की जांच नहीं कर रहे, बल्कि राइडर की वास्तविक स्थिति पर भी नजर रख रहे हैं ।
राइडरों और टीमों के बीच इस नियम को लेकर बहस जारी रही है, क्योंकि बांहों को टिकाने वाली स्थिति हवा के प्रतिरोध को कम कर सकती है और ब्रेकअवे में गति बनाए रखने में मदद करती है। फिर भी, Cyclists’ Professional Association के अध्यक्ष Gianni Bugno ने कहा है कि ये नियम राइडरों और टीमों के साथ हुई ‘कई सुरक्षा बैठकों’ के बाद तैयार किए गए थे । UCI का मुख्य तर्क यही है कि राइडर को हर समय स्टीयरिंग, ब्रेक और अचानक बदलती परिस्थितियों पर पूरा नियंत्रण बनाए रखना चाहिए।