लुईस हैमिल्टन ने इसे फेरारी के लिए "एक रियलिटी चेक" करार दिया । उन्होंने साफ कहा:
हैमिल्टन ने इसके दो मुख्य कारण बताए: सीधी स्ट्रेट पर अपर्याप्त पावर और खराब टायर परफॉर्मेंस । तीन-स्टॉप रणनीति गर्मी और डिग्रेडेशन के कारण मजबूरी थी, लेकिन उन्होंने माना कि यह "कभी सफल नहीं हुई" ।
चार्ल्स लेक्लेर ने और भी स्पष्ट शब्दों में बात कही:
फ्रेड वासेर ने रविवार को स्वीकार किया कि गति में कमी आई है। उन्होंने कहा: "मर्सिडीज की रफ्तार हमसे बेहतर थी" । उन्होंने चरम डिग्रेडेशन की ओर इशारा किया, जिसने फेरारी को तीन-स्टॉप के लिए मजबूर किया, जबकि प्रतिद्वंद्वी दो-स्टॉप से काम चला रहे थे । वासेर ने कहा कि कार की अंतर्निहित समस्याओं को देखते हुए रणनीति पर कोई पछतावा नहीं है ।
फेरारी ने ऑस्ट्रिया में अपना पहला ADUO (अतिरिक्त विकास और उन्नयन अवसर) इंजन अपग्रेड पेश किया था। FIA के आंकड़ों के अनुसार, फेरारी का पावर यूनिट बेंचमार्क से 4% से अधिक पीछे था, जिससे उसे दो अपग्रेड की अनुमति मिली । फेरारी ने एक "हॉटर इंजन कॉन्सेप्ट" अपनाया — इंटरकूलर के तापमान को बढ़ाकर लगभग 110-115°C कर दिया, जिससे लगभग 7 अतिरिक्त हॉर्सपावर प्राप्त होने की उम्मीद थी ।
लेकिन यह अपग्रेड गर्मी में उल्टा पड़ गया:
| कारक | विवरण |
|---|---|
| रियर टायर डिग्रेडेशन | तीनों कंपाउंड पर गंभीर ग्रेनिंग और ओवरहीटिंग; 2021 के स्तर जैसा |
| गर्मी संवेदनशीलता | 55°C ट्रैक तापमान ने फेरारी के खराब थर्मल विंडो को उजागर कर दिया |
| तीन-स्टॉप मजबूरी | टॉप टीमों में केवल फेरारी ही दो-स्टॉप रणनीति को सफल नहीं बना सकी |
| ADUO इंजन अपग्रेड ( 7 hp) | गर्मी के कारण पावर गेन खत्म, डीट्यूनिंग और सीधी स्पीड में सुधार न होना |
| चेसिस की कमजोरी | SF-25 फ्रंट टायरों में गर्मी नहीं ला पाई, जबकि रियर ओवरहीट हो गए — एक बैलेंस समस्या, जिसे पावर यूनिट अपडेट नहीं सुधार सका |
परिणाम: फेरारी क्वालिफाइंग में फ्रंट-रो से रेस ट्रिम में टॉप चार टीमों में सबसे धीमी बन गई। इसने हैमिल्टन को चैंपियनशिप में दूसरे से तीसरे स्थान पर धकेल दिया और दोनों ड्राइवरों को ब्रिटिश ग्रैंड प्रिक्स से एक सप्ताह पहले जवाब तलाशने पर मजबूर कर दिया।