ईरान और ओमान ने हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य से व्यापारिक जहाज़ों के लिए अस्थायी प्रवेश और निकास मार्ग पर समझ बनाई है। लेकिन रास्ता तय होना और उस पर जहाज़ों का चलना दो अलग बातें हैं। ईरान के अनुसार, यह व्यवस्था जलडमरूमध्य को तत्काल नहीं खोलती; आवाजाही बहाल करने के लिए अमेरिका को तेहरान की शर्तें पूरी करनी होंगी।
5
2
14
प्रस्तावित रास्ता कहाँ से गुज़रेगा?
ईरानी अधिकारियों के विवरण के मुताबिक, खाड़ी में प्रवेश करने वाले जहाज़ ईरान के क्षेत्रीय जल से गुज़रेंगे। बाहर निकलने वाले मार्ग का एक हिस्सा भी ईरानी जलक्षेत्र में होगा। ईरान और ओमान ने प्रवेश तथा निकास मार्गों पर सहमति जताई है, लेकिन इसे बिना रोक-टोक जहाज़ी यातायात की स्थायी बहाली के बजाय अस्थायी व्यवस्था बताया है।
5
7
14
इसलिए कॉरिडोर की रूपरेखा को सभी जहाज़ों के लिए तत्काल अनुमति नहीं समझना चाहिए। ईरान ने संकेत दिया है कि वह तय करेगा कि किन जहाज़ों को गुज़रने दिया जाए।
2
8
ईरान अमेरिका से क्या चाहता है?
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान ने हॉर्मुज़ खोलने को ईरान के खिलाफ अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी खत्म करने से जोड़ा है। ईरानी अधिकारियों ने सैन्य दबाव घटाने की बात भी की है। इसी वजह से ओमान के साथ रास्ते पर सहमति, तेहरान की नज़र में, अकेले पर्याप्त नहीं है।
10
18
2
ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, विदेश मंत्री अब्बास अराकची ने न्यूयॉर्क में अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ़ के साथ संपर्क के दौरान नाकेबंदी हटाने के अलावा जमी हुई ईरानी संपत्तियाँ जारी करने और उन मोर्चों पर युद्ध समाप्त करने की शर्त रखी जिन्हें तेहरान ‘प्रतिरोध’ मोर्चे कहता है। ये ईरान की माँगें हैं, अमेरिका की ओर से स्वीकार की गई शर्तें नहीं।
20
क्षेत्रीय सूत्रों के हवाले से आई रिपोर्टों में ईरान के एक व्यापक प्रस्ताव का भी ज़िक्र है: पूरे क्षेत्र में अधिकतम 60 दिन का युद्धविराम, हॉर्मुज़ को चरणबद्ध ढंग से खोलना, अमेरिकी नाकेबंदी समाप्त करना और व्यापक शांति वार्ता की समय-सीमा तय करना। फिलहाल यह रिपोर्ट किया गया प्रस्ताव है, सहमति से लागू युद्धविराम या जहाज़ों की आवाजाही का तय कार्यक्रम नहीं।
12
19
बातचीत के बावजूद समझौता क्यों अटका है?
न्यूयॉर्क में संपर्क से वॉशिंगटन और तेहरान के बीच बातचीत का रास्ता फिर खुला। अमेरिकी दूत विटकॉफ़ ने कहा कि मध्यस्थ दोनों पक्षों के बीच संदेश ला-ले जा रहे थे। लेकिन एक वरिष्ठ ईरानी अधिकारी के मुताबिक, महत्वपूर्ण मतभेद अब भी बाकी हैं। बातचीत शुरू होना नाकेबंदी, युद्ध या जहाज़ों के गुज़रने के नियमों पर सहमति होने के बराबर नहीं है।
20
12
क्षेत्रीय स्तर पर भी एक कदम रुक गया है। ओमान ने ईरान और खाड़ी देशों के साथ प्रस्तावित बैठक ‘आम सहमति के हित में’ टाल दी। इससे पहले ही एक वरिष्ठ ईरानी अधिकारी ने कहा था कि बैठक में हॉर्मुज़ पर हस्ताक्षरित समझौता होने की उम्मीद कम है। जलडमरूमध्य से गुज़रने वाले जहाज़ों से शुल्क वसूलने की ईरान की इच्छा का ओमान विरोध करता है।
13
1
दबाव फिर भी बना हुआ है। शुरुआती जहाज़-निगरानी आँकड़ों के अनुसार, 14 सितंबर के आसपास हॉर्मुज़ से गुज़रने वाले व्यापारिक जहाज़ों की संख्या घटकर प्रतिदिन दस से कम रह गई थी। लंबे समय तक आपूर्ति बाधित रहने की आशंका के बीच तेल की कीमतों पर भी दबाव की खबरें आईं। अस्थायी कॉरिडोर किसी व्यापक समझौते का हिस्सा बन सकता है, लेकिन उसे लागू करने के लिए उन विवादों को सुलझाना होगा जो सिर्फ ईरान–ओमान के बीच मार्ग तय करने से खत्म नहीं होते।
6
15
2
14