फ्रांस का पुराना कानून 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया से व्यापक रूप से रोकता, लेकिन संवैधानिक परिषद ने इसे रद्द कर दिया। [5][8] नया प्रस्ताव सभी ऑनलाइन संवाद पर रोक के बजाय कम उम्र के उपयोगकर्ताओं के लिए संभावित हानिकारक प्लेटफॉर्म सुविधाओं को निशाना बनाने की दिशा में है। [8] राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों...
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शोध उत्तर

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: What is France’s revised proposal to ban social media for children under 15, why was its original legislation struck down by the Constitutio. Article summary: France has replaced its failed blanket under 15 social media prohibition with a narrower, reworked proposal, while Macron is simultaneously urging Brussels to establish a common EU minimum age.. Topic tags: general web, ai, privacy, regulation, design. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermarks, charts with fake numbers, clickba
फ्रांस ने 15 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर व्यापक रोक लगाने की अपनी पहली कोशिश के विफल होने के बाद अधिक सीमित प्रस्ताव तैयार किया है। साथ ही राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों यूरोपीय आयोग से पूरे यूरोपीय संघ (EU) के लिए एक साझा न्यूनतम आयु नियम बनाने की मांग कर रहे हैं। बहस का मूल सवाल बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा, नाबालिगों की अभिव्यक्ति व संवाद की स्वतंत्रता और EU के एकीकृत डिजिटल बाजार के नियमों के बीच संतुलन का है। 4
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फ्रांसीसी संसद ने जुलाई में ऐसा कानून पारित किया था जो 15 साल से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों से व्यापक रूप से दूर रखने के लिए बनाया गया था। 5
लेकिन फ्रांस की संवैधानिक परिषद ने अगस्त में इसकी केंद्रीय पाबंदी को रद्द कर दिया। परिषद का निष्कर्ष था कि यह प्रभावित नाबालिगों की अभिव्यक्ति और संवाद की स्वतंत्रता में अनावश्यक तथा असंगत हस्तक्षेप है। यानी बाल-सुरक्षा का उद्देश्य अपने आप में वैध हो सकता है, पर उस लक्ष्य के लिए चुना गया उपाय जरूरत से अधिक व्यापक नहीं होना चाहिए। 5
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फ्रांस ने संशोधित मसौदा यूरोपीय आयोग को अधिसूचित कर दिया है। उपलब्ध रिपोर्टिंग के मुताबिक, नया रुख सभी सोशल मीडिया तक पहुंच पर blanket ban लगाने के बजाय 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए कुछ संभावित हानिकारक प्लेटफॉर्म सुविधाओं पर लक्षित पाबंदियों की ओर है। 8
हालांकि, उपलब्ध जानकारी से यह निश्चित रूप से नहीं कहा जा सकता कि अंतिम कानून में किन सुविधाओं की सूची होगी, नियमों को लागू करने का पूरा तरीका क्या होगा या आयु सत्यापन की व्यवस्था कैसी होगी। 8
नए मसौदे का उद्देश्य दो स्तरों पर कानूनी चुनौती से बचना है:
यूरोपीय आयोग को मसौदे की अधिसूचना इसी प्रक्रिया का हिस्सा है। इससे आयोग को फ्रांस के आगे बढ़ने से पहले EU नियमों के साथ प्रस्ताव की संगतता परखने का अवसर मिलता है। 8
फिलहाल यह भी तय नहीं है कि आयोग फ्रांसीसी मसौदे का समर्थन करेगा या नहीं। 8
मैक्रों ने 29 अगस्त के पत्र में यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला फॉन डेर लेयेन से 15 साल से कम उम्र के बच्चों के सोशल मीडिया इस्तेमाल पर रोक के लिए नया EU कानून बनाने का आग्रह किया। उनका तर्क है कि 27 अलग-अलग राष्ट्रीय व्यवस्थाओं के बजाय पूरे संघ में लागू होने वाला एक समान नियम होना चाहिए। 4
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घरेलू स्तर पर मिली कानूनी रुकावट के बाद यह पहल EU-स्तर के कानूनी आधार और साझा प्रवर्तन व्यवस्था की मांग भी है। ऐसे ढांचे से वैश्विक प्लेटफॉर्मों के लिए अलग-अलग राष्ट्रीय नियमों का बिखराव कम हो सकता है। 4
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नीदरलैंड और स्पेन भी सोशल मीडिया के लिए EU-व्यापी न्यूनतम आयु सीमा के पक्ष में हैं। उनके प्रस्तावों में इसे वीडियो गेम, AI चैटबॉट और अन्य जोखिमपूर्ण डिजिटल सेवाओं तक बढ़ाने पर भी चर्चा है। 7
यूरोपीय आयोग से इस क्षेत्र में अपना प्रस्ताव पेश करने की अपेक्षा थी। इसलिए मैक्रों की मांग अकेली फ्रांसीसी पहल नहीं, बल्कि यूरोप में चल रही व्यापक नीति बहस का हिस्सा है। 7
फिर भी कई बुनियादी मुद्दों पर सहमति बाकी है: आयु सीमा क्या हो, किन सेवाओं को शामिल किया जाए, खाते/पहुंच पर पूर्ण रोक लगे या केवल कुछ सुविधाओं पर, और आयु सत्यापन से निजता पर क्या असर पड़े। उपलब्ध साक्ष्य से यह नहीं कहा जा सकता कि EU ने एक साझा अंतिम रुख तय कर लिया है। 7
ऑस्ट्रेलिया को 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया प्रतिबंध लागू करने वाला पहला देश बताया गया है। इसके दायरे में TikTok, YouTube, Instagram और Facebook जैसे प्रमुख प्लेटफॉर्म शामिल हैं। 3
ब्रिटेन भी ऑस्ट्रेलिया जैसे मॉडल पर 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया प्रतिबंध की योजना बना रहा है। साथ में 18 साल से कम उम्र वालों के लिए लाइवस्ट्रीमिंग और अजनबियों द्वारा संपर्क जैसी कुछ जोखिमपूर्ण सुविधाओं पर सीमाएं प्रस्तावित हैं। नियमों को वर्ष के अंत से पहले संसद में लाने और सुरक्षा उपायों को वसंत 2027 तक लागू करने की योजना बताई गई है। 1
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जापान अपेक्षाकृत सतर्क रास्ते पर है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार वहां नाबालिगों के लिए सोशल मीडिया का कोई पूर्ण प्रतिबंध नहीं है; चर्चा मजबूत आयु जांच, अधिक सुरक्षित डिफॉल्ट सेटिंग्स और प्लेटफॉर्मों की जिम्मेदारियों पर केंद्रित रही है। 8
कुल मिलाकर, रुझान स्वैच्छिक प्लेटफॉर्म सुरक्षा उपायों से अनिवार्य आयु-आधारित नियमन की ओर है। लेकिन फ्रांस का मामला दिखाता है कि बच्चों की सुरक्षा के लिए बनाए गए व्यापक प्रतिबंधों को भी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, आनुपातिकता और निजता की संवैधानिक कसौटी पर खरा उतरना होगा। 5
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फ्रांस का पुराना कानून 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया से व्यापक रूप से रोकता, लेकिन संवैधानिक परिषद ने इसे रद्द कर दिया। [5][8]
फ्रांस का पुराना कानून 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया से व्यापक रूप से रोकता, लेकिन संवैधानिक परिषद ने इसे रद्द कर दिया। [5][8] नया प्रस्ताव सभी ऑनलाइन संवाद पर रोक के बजाय कम उम्र के उपयोगकर्ताओं के लिए संभावित हानिकारक प्लेटफॉर्म सुविधाओं को निशाना बनाने की दिशा में है। [8]
राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने यूरोपीय आयोग से पूरे EU में 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए समान नियम बनाने का आग्रह किया है। [4][7]