यह गिरावट दिखाती है कि पारंपरिक आंतरिक दहन इंजन (ICE) वाहनों में मजबूत स्थिति और पुराने डीलर-आधारित बिक्री मॉडल अब पर्याप्त नहीं हैं। GM का पुनर्गठन भी चीन में चीनी प्रतिस्पर्धियों के मुकाबले कम होती गति की प्रतिक्रिया है, न कि केवल बाजार के सामान्य उतार-चढ़ाव का परिणाम।
Honda-GAC की नई योजना में दोनों कंपनियों की तकनीक और संसाधनों को मिलाकर चीन के बदलते ग्राहक व्यवहार के अनुरूप उत्पाद तैयार करना शामिल है। इसका केंद्र नई ऊर्जा वाहन (NEV)—यानी बैटरी इलेक्ट्रिक, प्लग-इन हाइब्रिड और अन्य विद्युतीकृत वाहन—हैं। GAC Honda ने इस बदलाव के लिए 2024 में एक समर्पित NEV फैक्टरी भी शुरू की थी।
SAIC-GM के मामले में साझेदारी का नवीनीकरण चीन की जरूरतों के अनुरूप नए वाहनों के विकास और निर्यात-केंद्रित उत्पाद रणनीति से जुड़ा है। GM के अनुसार, चीन में अधिक वाहन-विकास कार्य किया जाएगा और चीन में विकसित Buick मॉडलों को दूसरे बाजारों में निर्यात किया जा सकेगा।
पुराने मॉडल में किसी अमेरिकी या जापानी वैश्विक कार को चीन में स्थानीय असेंबली और सीमित बदलावों के साथ पेश किया जाता था। नया दृष्टिकोण इससे अलग है। स्थानीय इंजीनियर, सप्लायर, सॉफ्टवेयर साझेदार और ग्राहकों से मिलने वाले डेटा वाहन की शुरुआत से ही उसके डिजाइन और फीचर तय करने में बड़ी भूमिका निभाएंगे।
GM ने चीन को स्थानीय पसंद के अनुरूप विकास और निर्यात का केंद्र बनाने की बात कही है। चीन में बने Chevrolet उत्पादों को अमेरिका के अलावा अन्य बाजारों में भेजने और चीन में विकसित Buick वाहनों का निर्यात करने की योजना इसी बदलाव का हिस्सा है।
Honda की सार्वजनिक घोषणा भविष्य के निर्यात के बारे में उतनी स्पष्ट नहीं है। हालांकि, उसके चीन कारोबार को स्थानीय रूप से प्रतिस्पर्धी उत्पादों और नई ऊर्जा वाहनों पर अधिक केंद्रित किया जा रहा है।
ईवी और स्मार्ट वाहनों की प्रतिस्पर्धा में बैटरी, चिप, सेंसर, कनेक्टिविटी और वाहन सॉफ्टवेयर की आपूर्ति उतनी ही महत्वपूर्ण है जितनी वाहन असेंबली। इसलिए दोनों जॉइंट वेंचर को चीन के बड़े इलेक्ट्रिक और स्मार्ट-व्हीकल कंपोनेंट नेटवर्क, तेज सप्लायर इंटीग्रेशन और ग्राहकों से मिलने वाले त्वरित फीडबैक का लाभ उठाना होगा।
GAC Honda का पुराना “फोर-इन-वन” नेटवर्क बिक्री, सर्विस, स्पेयर पार्ट्स, ग्राहक प्रतिक्रिया और सूचना प्रबंधन को एक साथ जोड़ता था। अब चुनौती इस विरासत वाले डीलर नेटवर्क को डिजिटल और ईवी-केंद्रित खरीदारी तथा सर्विस मॉडल के अनुरूप ढालने की है। हालांकि, सार्वजनिक घोषणाओं में सप्लायर या रिटेल सुधारों का विस्तृत खाका नहीं दिया गया है। इसलिए इन बदलावों का पैमाना और समय अभी स्पष्ट नहीं है।
इन समझौतों का सबसे बड़ा संकेत यह है कि विदेशी वाहन निर्माता चीन को अब केवल बड़े पैमाने पर बिक्री वाले बाजार के रूप में नहीं देख सकते। चीन सस्ती ईवी आर्किटेक्चर, तेज उत्पाद चक्र, वाहन सॉफ्टवेयर, ड्राइवर-असिस्टेंस सिस्टम, स्थानीय सप्लाई चेन और बड़े पैमाने के उत्पादन का प्रयोगशाला-सदृश केंद्र बन गया है।
इसका अर्थ है कि ये जॉइंट वेंचर अब एकतरफा तकनीक हस्तांतरण वाले ढांचे कम और दोतरफा विकास मंच अधिक बन रहे हैं। चीन में विकसित तकनीक और उत्पाद आगे चलकर अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच सकते हैं। GM ने SAIC साझेदारी को चीन को निर्यात केंद्र के रूप में इस्तेमाल करने की योजना से सीधे जोड़ा है।
फिर भी सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या यह बदलाव GM और Honda को चीन की सबसे मजबूत घरेलू ईवी कंपनियों के मुकाबले फिर से प्रतिस्पर्धी बना पाएगा। लंबी अवधि के समझौते दिशा तो तय करते हैं, लेकिन बिक्री सुधारने के लिए तेज उत्पाद लॉन्च, बेहतर सॉफ्टवेयर, प्रतिस्पर्धी कीमत और ग्राहकों की बदलती अपेक्षाओं को समझने की क्षमता भी उतनी ही जरूरी होगी।