सिंगापुर स्थित Regional Research Economist पद के लिए अर्थशास्त्र या किसी निकटवर्ती मात्रात्मक विषय में PhD की अपेक्षा बताई गई थी। उम्मीदवार के पास अनुभवजन्य शोध का मजबूत रिकॉर्ड होना चाहिए, खासकर नए डेटा स्रोतों और आर्थिक सिद्धांत को जोड़ने वाले शोध, कारणात्मक निष्कर्ष (causal inference), मशीन लर्निंग और उन्नत अर्थमितीय तरीकों में। Python जैसी तकनीकी दक्षता भी भूमिका की जरूरतों में शामिल थी।
इस पद के लिए प्रकाशित सालाना वेतन सीमा S$307,200 से S$331,200 थी। यह राशि सिंगापुर डॉलर में है और नौकरी की लिस्टिंग में दिए गए मुआवजा पैकेज को दर्शाती है।
Anthropic की हाइब्रिड-वर्क नीति के अनुसार कर्मचारियों से अपने किसी ऑफिस में कम-से-कम 25% कार्य समय बिताने की अपेक्षा है। हालांकि, रिपोर्टिंग के समय कंपनी ने सिंगापुर ऑफिस का पता, आकार या औपचारिक उद्घाटन की तारीख सार्वजनिक नहीं की थी।
सिंगापुर में Anthropic PBC Asia Pacific नामक इकाई का पंजीकरण कंपनी की स्थानीय मौजूदगी की योजना का एक और संकेत है। उपलब्ध कॉरपोरेट रिकॉर्ड के अनुसार यह इकाई 20 मई, 2026 को पंजीकृत हुई थी।
लेकिन किसी स्थानीय कानूनी इकाई का गठन अपने-आप में यह साबित नहीं करता कि वहां कितना बड़ा ऑफिस खुलेगा या कर्मचारियों की संख्या कितनी होगी। यह मुख्य रूप से स्थानीय कारोबार, भर्ती और प्रशासनिक गतिविधियों के लिए कानूनी ढांचा उपलब्ध कराता है। इसलिए चार नौकरियों और इकाई के पंजीकरण से क्षेत्रीय विस्तार का संकेत तो मिलता है, लेकिन ऑफिस के वास्तविक पैमाने के बारे में अभी निश्चित निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।
Claude की निर्माता Anthropic का मुख्यालय सैन फ्रांसिस्को में है। कंपनी की अंतरराष्ट्रीय मौजूदगी में डबलिन, लंदन, ज्यूरिख और टोक्यो जैसे यूरोपीय और एशियाई केंद्र शामिल हैं। सिंगापुर में भर्ती दक्षिण-पूर्व एशिया में इस नेटवर्क के विस्तार का संकेत देती है।
सिंगापुर का सरकारी निवेशक GIC Anthropic के प्रमुख वित्तीय समर्थकों में है। GIC और Coatue ने Anthropic की $30 अरब की Series G फंडिंग का नेतृत्व किया था, जिसमें कंपनी का पोस्ट-मनी मूल्यांकन $380 अरब रहा। इससे पहले GIC ने कंपनी की $13 अरब की Series F में भी निवेश किया था।
इसके बाद Anthropic ने $65 अरब की Series H फंडिंग जुटाई, जिसमें कंपनी का पोस्ट-मनी मूल्यांकन $965 अरब बताया गया। GIC इस दौर के सह-नेतृत्व करने वाले निवेशकों में शामिल था।
इस तरह सिंगापुर Anthropic के लिए केवल भर्ती का स्थान नहीं, बल्कि उसके प्रमुख निवेशकों में से एक का आधार भी है। फिर भी उपलब्ध जानकारी यह साबित नहीं करती कि GIC का निवेश ही सिंगापुर में ऑफिस खोलने का प्रत्यक्ष कारण है।
Anthropic ने Claude Mythos Preview को आम जनता के लिए उपलब्ध नहीं कराया। कंपनी के अनुसार यह मॉडल कुछ साइबर सुरक्षा और हैकिंग कार्यों में इंसानों से बेहतर प्रदर्शन कर सकता है, खासकर सॉफ्टवेयर की कमजोरियां खोजने में।
यह क्षमता दोहरे इस्तेमाल वाली है। वही AI जो डिफेंडरों को सुरक्षा खामियां जल्दी खोजकर ठीक करने में मदद कर सकता है, हमलावरों को भी कमजोरियां अधिक तेज और बड़े पैमाने पर खोजने तथा उनका फायदा उठाने में सक्षम बना सकता है। यही वजह है कि मॉडल की व्यापक सार्वजनिक रिलीज को जोखिमपूर्ण माना गया।
Anthropic ने इसके बजाय Project Glasswing शुरू किया। इस पहल के तहत चुनिंदा टेक्नोलॉजी कंपनियों और महत्वपूर्ण डिजिटल ढांचे से जुड़ी संस्थाओं को Mythos तक नियंत्रित पहुंच दी गई, ताकि वे महत्वपूर्ण सॉफ्टवेयर में कमजोरियां खोज सकें और उन्हें ठीक कर सकें।
इस व्यवस्था का उद्देश्य मॉडल की क्षमता को रक्षात्मक साइबर सुरक्षा तक सीमित रखना है, न कि उसे हर उपयोगकर्ता के लिए खुले तौर पर उपलब्ध कराना। हालांकि, सीमित पहुंच से दुरुपयोग, जानकारी लीक होने या अत्यधिक शक्तिशाली साइबर क्षमता कुछ संस्थाओं में केंद्रित होने के जोखिम पूरी तरह खत्म नहीं होते।
Mythos की संभावित साइबर क्षमताओं को लेकर अमेरिकी अधिकारी भी चिंतित थे। रिपोर्टों के अनुसार, व्हाइट हाउस प्रमुख संघीय एजेंसियों को इस मॉडल तक पहुंच देने की तैयारी कर रहा था।
Anthropic और अमेरिकी रक्षा विभाग का विवाद केवल इस बात पर आधारित नहीं था कि कंपनी ने रक्षा क्षेत्र के साथ काम करने से इनकार किया। रिपोर्टेड विवाद का केंद्र यह था कि रक्षा विभाग Anthropic की तकनीक का बिना शर्त इस्तेमाल चाहता था, जबकि Anthropic स्वायत्त हथियारों और बड़े पैमाने की निगरानी जैसे उपयोगों पर अपनी नीतिगत पाबंदियां बनाए रखना चाहता था।
अमेरिकी प्रशासन और पेंटागन ने राष्ट्रीय सुरक्षा के संदर्भ में इन पाबंदियों को स्वीकार्य नहीं माना। 27 फरवरी, 2026 को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संघीय एजेंसियों को Anthropic की तकनीक का इस्तेमाल बंद करने का निर्देश दिया। रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने भी Anthropic को राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए ‘सप्लाई-चेन जोखिम’ घोषित करने की बात कही।
इस विवाद का व्यापक सवाल यह है कि संवेदनशील सैन्य इस्तेमाल में अंतिम नियंत्रण किसका होना चाहिए। Anthropic का रुख उच्च जोखिम वाली तकनीक पर सुरक्षा सीमाएं बनाए रखने को प्राथमिकता देता है। दूसरी ओर, सरकारी आलोचकों का तर्क है कि जब राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियां किसी तकनीक को जरूरी मानती हैं, तो किसी ठेकेदार को उसके परिचालन इस्तेमाल पर सीमा लगाने का अधिकार नहीं होना चाहिए। उपलब्ध जानकारी इसे महज तकनीकी खरीद का मतभेद नहीं, बल्कि AI सुरक्षा, सैन्य जरूरतों और सरकारी नियंत्रण के बीच वास्तविक नीतिगत टकराव के रूप में दिखाती है।
सिंगापुर स्थित Regional Research Economist पद के लिए अर्थशास्त्र या किसी निकटवर्ती मात्रात्मक विषय में PhD की अपेक्षा बताई गई थी। उम्मीदवार के पास अनुभवजन्य शोध का मजबूत रिकॉर्ड होना चाहिए, खासकर नए डेटा स्रोतों और आर्थिक सिद्धांत को जोड़ने वाले शोध, कारणात्मक निष्कर्ष (causal inference), मशीन लर्निंग और उन्नत अर्थमितीय तरीकों में। Python जैसी तकनीकी दक्षता भी भूमिका की जरूरतों में शामिल थी।
इस पद के लिए प्रकाशित सालाना वेतन सीमा S$307,200 से S$331,200 थी। यह राशि सिंगापुर डॉलर में है और नौकरी की लिस्टिंग में दिए गए मुआवजा पैकेज को दर्शाती है।
Anthropic की हाइब्रिड-वर्क नीति के अनुसार कर्मचारियों से अपने किसी ऑफिस में कम-से-कम 25% कार्य समय बिताने की अपेक्षा है। हालांकि, रिपोर्टिंग के समय कंपनी ने सिंगापुर ऑफिस का पता, आकार या औपचारिक उद्घाटन की तारीख सार्वजनिक नहीं की थी।
सिंगापुर में Anthropic PBC Asia Pacific नामक इकाई का पंजीकरण कंपनी की स्थानीय मौजूदगी की योजना का एक और संकेत है। उपलब्ध कॉरपोरेट रिकॉर्ड के अनुसार यह इकाई 20 मई, 2026 को पंजीकृत हुई थी।
लेकिन किसी स्थानीय कानूनी इकाई का गठन अपने-आप में यह साबित नहीं करता कि वहां कितना बड़ा ऑफिस खुलेगा या कर्मचारियों की संख्या कितनी होगी। यह मुख्य रूप से स्थानीय कारोबार, भर्ती और प्रशासनिक गतिविधियों के लिए कानूनी ढांचा उपलब्ध कराता है। इसलिए चार नौकरियों और इकाई के पंजीकरण से क्षेत्रीय विस्तार का संकेत तो मिलता है, लेकिन ऑफिस के वास्तविक पैमाने के बारे में अभी निश्चित निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।
Claude की निर्माता Anthropic का मुख्यालय सैन फ्रांसिस्को में है। कंपनी की अंतरराष्ट्रीय मौजूदगी में डबलिन, लंदन, ज्यूरिख और टोक्यो जैसे यूरोपीय और एशियाई केंद्र शामिल हैं। सिंगापुर में भर्ती दक्षिण-पूर्व एशिया में इस नेटवर्क के विस्तार का संकेत देती है।
सिंगापुर का सरकारी निवेशक GIC Anthropic के प्रमुख वित्तीय समर्थकों में है। GIC और Coatue ने Anthropic की $30 अरब की Series G फंडिंग का नेतृत्व किया था, जिसमें कंपनी का पोस्ट-मनी मूल्यांकन $380 अरब रहा। इससे पहले GIC ने कंपनी की $13 अरब की Series F में भी निवेश किया था।
इसके बाद Anthropic ने $65 अरब की Series H फंडिंग जुटाई, जिसमें कंपनी का पोस्ट-मनी मूल्यांकन $965 अरब बताया गया। GIC इस दौर के सह-नेतृत्व करने वाले निवेशकों में शामिल था।
इस तरह सिंगापुर Anthropic के लिए केवल भर्ती का स्थान नहीं, बल्कि उसके प्रमुख निवेशकों में से एक का आधार भी है। फिर भी उपलब्ध जानकारी यह साबित नहीं करती कि GIC का निवेश ही सिंगापुर में ऑफिस खोलने का प्रत्यक्ष कारण है।
Anthropic ने Claude Mythos Preview को आम जनता के लिए उपलब्ध नहीं कराया। कंपनी के अनुसार यह मॉडल कुछ साइबर सुरक्षा और हैकिंग कार्यों में इंसानों से बेहतर प्रदर्शन कर सकता है, खासकर सॉफ्टवेयर की कमजोरियां खोजने में।
यह क्षमता दोहरे इस्तेमाल वाली है। वही AI जो डिफेंडरों को सुरक्षा खामियां जल्दी खोजकर ठीक करने में मदद कर सकता है, हमलावरों को भी कमजोरियां अधिक तेज और बड़े पैमाने पर खोजने तथा उनका फायदा उठाने में सक्षम बना सकता है। यही वजह है कि मॉडल की व्यापक सार्वजनिक रिलीज को जोखिमपूर्ण माना गया।
Anthropic ने इसके बजाय Project Glasswing शुरू किया। इस पहल के तहत चुनिंदा टेक्नोलॉजी कंपनियों और महत्वपूर्ण डिजिटल ढांचे से जुड़ी संस्थाओं को Mythos तक नियंत्रित पहुंच दी गई, ताकि वे महत्वपूर्ण सॉफ्टवेयर में कमजोरियां खोज सकें और उन्हें ठीक कर सकें।
इस व्यवस्था का उद्देश्य मॉडल की क्षमता को रक्षात्मक साइबर सुरक्षा तक सीमित रखना है, न कि उसे हर उपयोगकर्ता के लिए खुले तौर पर उपलब्ध कराना। हालांकि, सीमित पहुंच से दुरुपयोग, जानकारी लीक होने या अत्यधिक शक्तिशाली साइबर क्षमता कुछ संस्थाओं में केंद्रित होने के जोखिम पूरी तरह खत्म नहीं होते।
Mythos की संभावित साइबर क्षमताओं को लेकर अमेरिकी अधिकारी भी चिंतित थे। रिपोर्टों के अनुसार, व्हाइट हाउस प्रमुख संघीय एजेंसियों को इस मॉडल तक पहुंच देने की तैयारी कर रहा था।
Anthropic और अमेरिकी रक्षा विभाग का विवाद केवल इस बात पर आधारित नहीं था कि कंपनी ने रक्षा क्षेत्र के साथ काम करने से इनकार किया। रिपोर्टेड विवाद का केंद्र यह था कि रक्षा विभाग Anthropic की तकनीक का बिना शर्त इस्तेमाल चाहता था, जबकि Anthropic स्वायत्त हथियारों और बड़े पैमाने की निगरानी जैसे उपयोगों पर अपनी नीतिगत पाबंदियां बनाए रखना चाहता था।
अमेरिकी प्रशासन और पेंटागन ने राष्ट्रीय सुरक्षा के संदर्भ में इन पाबंदियों को स्वीकार्य नहीं माना। 27 फरवरी, 2026 को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संघीय एजेंसियों को Anthropic की तकनीक का इस्तेमाल बंद करने का निर्देश दिया। रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने भी Anthropic को राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए ‘सप्लाई-चेन जोखिम’ घोषित करने की बात कही।
इस विवाद का व्यापक सवाल यह है कि संवेदनशील सैन्य इस्तेमाल में अंतिम नियंत्रण किसका होना चाहिए। Anthropic का रुख उच्च जोखिम वाली तकनीक पर सुरक्षा सीमाएं बनाए रखने को प्राथमिकता देता है। दूसरी ओर, सरकारी आलोचकों का तर्क है कि जब राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियां किसी तकनीक को जरूरी मानती हैं, तो किसी ठेकेदार को उसके परिचालन इस्तेमाल पर सीमा लगाने का अधिकार नहीं होना चाहिए। उपलब्ध जानकारी इसे महज तकनीकी खरीद का मतभेद नहीं, बल्कि AI सुरक्षा, सैन्य जरूरतों और सरकारी नियंत्रण के बीच वास्तविक नीतिगत टकराव के रूप में दिखाती है।