संस्थागत निवेशक अब केवल सबसे बड़े मार्केट कैप वाले टोकन खरीदने के बजाय नेटवर्क की मांग, फीस, राजस्व और टोकन धारकों तक पहुंचने वाले आर्थिक लाभ का आकलन कर रहे हैं। Wintermute के H1 2026 OTC डेस्क पर संस्थानों की हिस्सेदारी रिकॉर्ड 72% रही, लेकिन यह आंकड़ा पूरे वैश्विक क्रिप्टो बाजार का प्रतिनिधित्व नहीं करता। [2][4] H...
शोध उत्तर

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: What evidence from Wintermute’s first half 2026 OTC flow report and comments from executives at Bitwise, Wintermute, the Arbitrum Foundation. Article summary: The evidence supports an evolving—not complete—shift from buying the largest listed tokens to underwriting crypto networks more like businesses: assess demand, fees/revenue, balance sheet assets, and whether token holder. Topic tags: general web, workflow, api, privacy, regulation. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermarks, cha
क्रिप्टो बाजार में निवेश का एक नया ढांचा उभरता दिख रहा है। संस्थागत निवेशक अब केवल CoinMarketCap की मार्केट कैप रैंकिंग में ऊपर दिखने वाले टोकन पर दांव लगाने के बजाय यह पूछ रहे हैं कि किसी नेटवर्क का वास्तविक उपयोग कितना है, वह कितनी फीस या आय पैदा करता है और उस आर्थिक गतिविधि का लाभ टोकन धारकों तक कैसे पहुंचता है।
यह बदलाव अभी पूर्ण नहीं है। यह खास तौर पर संस्थागत OTC ट्रेडिंग और क्रिप्टो-आधारित इक्विटी या ETF उत्पादों के चयन में स्पष्ट है, जबकि अल्पावधि में टोकन की कीमतों पर लीवरेज्ड डेरिवेटिव अब भी हावी रहते हैं।
Wintermute के अनुसार, 2026 की पहली छमाही में उसके OTC डेस्क के स्पॉट फ्लो का रिकॉर्ड 72% हिस्सा संस्थागत ग्राहकों से आया। एक साल पहले यह हिस्सेदारी 59% थी और 2025 की दूसरी छमाही में 61%। इसी अवधि में रिटेल गतिविधि काफी कमजोर रही, संस्थागत पूंजी कम संख्या वाले टोकनों में केंद्रित हुई और निवेशकों ने स्पॉट खरीद के साथ-साथ ऑप्शंस और CFDs का अधिक इस्तेमाल किया।
OTC यानी ओवर-द-काउंटर ट्रेडिंग में लेन-देन सार्वजनिक एक्सचेंज की सामान्य ऑर्डर बुक के बाहर बड़े पक्षों के बीच होता है। इसलिए यह आंकड़ा Wintermute के डेस्क पर दिखाई देने वाला संस्थागत व्यवहार बताता है, पूरे वैश्विक क्रिप्टो बाजार का संपूर्ण माप नहीं है।
संस्थागत निवेश के लिए कुछ प्रमुख सवाल अब ये बन रहे हैं:
बड़ा मार्केट कैप अपने-आप यह साबित नहीं करता कि टोकन धारक नेटवर्क की उत्पादक अर्थव्यवस्था के मालिक हैं, उससे आय प्राप्त करते हैं या उस पर प्रभावी शासन अधिकार रखते हैं। Bitwise के CIO मैट हाउगन का तर्क है कि यदि अधिक प्रोटोकॉल बायबैक, बर्न या अन्य राजस्व-कैप्चर तंत्र अपनाते हैं, तो टोकनों का मूल्यांकन काफी ऊपर जा सकता है।
Hyperliquid का HYPE इस नए निवेश दृष्टिकोण का सबसे स्पष्ट उदाहरण है। Hyperliquid एक बड़े पैमाने पर इस्तेमाल होने वाला ऑन-चेन perpetuals प्लेटफॉर्म है। इसके तंत्र के अनुसार, पात्र प्रोटोकॉल राजस्व का लगभग 99% हिस्सा खुले बाजार में HYPE खरीदने के लिए निर्देशित किया जाता है।
Bitwise के अनुसार, Hyperliquid ने जून 2026 तक जीवनकाल में 1 अरब डॉलर से अधिक राजस्व हासिल किया था और 2026 में लगभग 80 करोड़ डॉलर के वार्षिकीकृत राजस्व की गति पर था। इस आधार पर निवेश की कहानी यह बनती है:
ट्रेडिंग मांग → प्रोटोकॉल फीस → HYPE की खुले बाजार में खरीद → संभावित टोकन समर्थन
यह तर्क HYPE की मार्केट कैप रैंकिंग से अलग है। हालांकि ये कंपनी या उद्योग के अनुमान हैं, ऑडिट किए गए लाभ के आंकड़े या भविष्य में बायबैक जारी रहने की गारंटी नहीं। प्रोटोकॉल की आय, खरीद नीति और टोकन वैल्यू कैप्चर—तीनों की अलग-अलग जांच जरूरी है।
Perpetual futures निवेशकों को लगातार और कई गुना लीवरेज के साथ पोजीशन लेने देते हैं। फंडिंग रेट यह संकेत देता है कि लॉन्ग या शॉर्ट पक्ष अपनी पोजीशन बनाए रखने के लिए भुगतान कर रहा है। जब बाजार किसी भीड़भाड़ वाली दिशा के विपरीत जाता है, तो मार्जिन लिक्विडेशन जबरन ट्रेड पैदा कर सकता है। इससे तेजी या गिरावट और तेज हो सकती है—भले ही नेटवर्क का राजस्व और उपयोग मजबूत हो।
इसलिए फंडामेंटल्स मध्यम अवधि की वैल्यूएशन कहानी का आधार बन सकते हैं, लेकिन दिन-प्रतिदिन के रिटर्न पर फंडिंग, ओपन इंटरेस्ट, बाजार की तरलता और लिक्विडेशन कैस्केड का प्रभाव बना रहता है।
उपलब्ध संकेत बताते हैं कि संस्थागत पूंजी उन क्षेत्रों में अधिक रुचि दिखा रही है जहां नकदी प्रवाह या वास्तविक बाजार-उपयोग को मापना अपेक्षाकृत आसान है। इनमें शामिल हैं:
Bitwise ने बाजार में गिरावट के दौरान भी टोकनाइज्ड रियल-वर्ल्ड एसेट्स और prediction markets में गतिविधि के नए ऊंचे स्तरों की बात कही।
Wintermute के डेटा में OTC गतिविधि के संकेंद्रित होने और ऑप्शंस व CFDs के बढ़ते इस्तेमाल के साथ एक और बदलाव दिखता है: संस्थान क्रिप्टो एक्सपोजर लेने के लिए केवल स्पॉट टोकन पर निर्भर नहीं हैं। सार्वजनिक बाजारों में सूचीबद्ध क्रिप्टो कंपनियां और ETF भी वैकल्पिक रास्ते दे रहे हैं।
2026 की पहली छमाही में Bitwise के अनुसार, क्रिप्टो से जुड़ी कंपनियों के शेयर 23% चढ़े, जबकि क्रिप्टो एसेट्स 36% गिरे। इससे संकेत मिलता है कि निवेशकों ने पहचाने जा सकने वाले राजस्व, रिजर्व आय या ऑपरेटिंग लीवरेज वाली कंपनियों को व्यापक टोकन बाजार के जोखिम से अधिक महत्व दिया। हालांकि यह स्थायी रूप से टोकनों से इक्विटी की ओर मूल्य-हस्तांतरण साबित नहीं करता।
Arbitrum नेटवर्क 2.1 अरब से अधिक कुल लेन-देन पार कर चुका है। रिपोर्टों में इसके बड़े स्थिरकॉइन बैलेंस और टोकनाइज्ड एसेट गतिविधि का भी उल्लेख है। ये आंकड़े वास्तविक सेटलमेंट और एप्लिकेशन उपयोग का संकेत देते हैं।
लेकिन तीन अलग बातें एक-दूसरे से नहीं मिलानी चाहिए:
ट्रांजैक्शन संख्या ≠ राजस्व
राजस्व ≠ टोकन धारक का रिटर्न
ARB का मूल सार्वजनिक कार्य Arbitrum One और Arbitrum Nova के शासन से जुड़ा है। इसलिए नेटवर्क के उपयोग को ARB के आर्थिक लाभ में बदलने वाली अंतिम कड़ी का विश्लेषण करना जरूरी है, उसे स्वतः मान लेना नहीं।
बढ़ते स्थिरकॉइन बैलेंस ऑन-चेन उपलब्ध खरीद शक्ति और कम-घर्षण वाले सेटलमेंट का संकेत दे सकते हैं। टोकनाइज्ड नकदी-जैसी या वास्तविक दुनिया की परिसंपत्तियों के साथ इनका मेल संस्थागत निवेशकों के लिए स्वाभाविक आकर्षण पैदा करता है।
फिर भी स्थिरकॉइन बैलेंस का एक हिस्सा निष्क्रिय कोलेटरल भी हो सकता है। इसलिए इसे तरलता का संकेत समझना चाहिए, टिकाऊ जोखिम-एसेट मांग का स्वतः प्रमाण नहीं।
स्पष्ट नियामकीय रास्ते ETF और संस्थागत उत्पादों को अधिक व्यवहार्य बना सकते हैं, लेकिन मांग अब भी चुनिंदा है। लंबे समय की बाजार गिरावट के बीच Grayscale ने ADA, DOT और HBAR से जुड़े प्रस्तावित ETF वापस ले लिए।
2026 की दूसरी तिमाही में क्रिप्टो बाजार लगातार तीसरी कमजोर तिमाही से गुजरा। कुल क्रिप्टो मार्केट कैप 12.6% घटकर 2.1 ट्रिलियन डॉलर रह गया। जोखिम लेने की क्षमता, ब्याज दरें, तरलता और व्यापक आर्थिक तनाव अल्पावधि में प्रोटोकॉल के मजबूत फंडामेंटल्स पर भी भारी पड़ सकते हैं।
फंडामेंटल-आधारित क्रिप्टो निवेश भी जोखिम-मुक्त नहीं है। राजस्व चक्रीय या सब्सिडी-आधारित हो सकता है, उपयोगकर्ता किसी दूसरे नेटवर्क पर जा सकते हैं और गवर्नेंस टोकन फीस का लाभ सीधे हासिल न कर पाए। बायबैक या बर्न नीतियां बदली जा सकती हैं, ऑन-चेन आंकड़े कृत्रिम रूप से बढ़े हुए हो सकते हैं और डेरिवेटिव लीवरेज तेज बाजार-विस्थापन पैदा कर सकता है।
इसके अलावा नियमन, कस्टडी, स्मार्ट-कॉन्ट्रैक्ट और स्थिरकॉइन रिजर्व से जुड़े जोखिम भी महत्वपूर्ण हैं।
Wintermute के OTC आंकड़े और Bitwise जैसे संस्थागत विश्लेषण यह संकेत देते हैं कि क्रिप्टो मूल्यांकन धीरे-धीरे “सबसे बड़ा टोकन कौन-सा है?” से “कौन-सा नेटवर्क वास्तविक मांग और आर्थिक लाभ पैदा करता है?” की ओर बढ़ रहा है। HYPE जैसे उदाहरण राजस्व और टोकन बायबैक के बीच स्पष्ट संबंध दिखाते हैं, जबकि Arbitrum याद दिलाता है कि उपयोगिता और टोकन-धारक रिटर्न एक ही चीज नहीं हैं।
इसलिए CoinMarketCap रैंकिंग अप्रासंगिक नहीं हुई है, लेकिन वह अब अकेला निवेश पैमाना भी नहीं रह गई। उपलब्ध साक्ष्य अधिक बारीकी से चयन करने वाले ढांचे की ओर इशारा करते हैं—यह निष्कर्ष नहीं कि क्रिप्टो पूरी तरह पारंपरिक इक्विटी बाजार बन चुका है।
Studio Global AI
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
संस्थागत निवेशक अब केवल सबसे बड़े मार्केट कैप वाले टोकन खरीदने के बजाय नेटवर्क की मांग, फीस, राजस्व और टोकन धारकों तक पहुंचने वाले आर्थिक लाभ का आकलन कर रहे हैं।
संस्थागत निवेशक अब केवल सबसे बड़े मार्केट कैप वाले टोकन खरीदने के बजाय नेटवर्क की मांग, फीस, राजस्व और टोकन धारकों तक पहुंचने वाले आर्थिक लाभ का आकलन कर रहे हैं। Wintermute के H1 2026 OTC डेस्क पर संस्थानों की हिस्सेदारी रिकॉर्ड 72% रही, लेकिन यह आंकड़ा पूरे वैश्विक क्रिप्टो बाजार का प्रतिनिधित्व नहीं करता। [2][4]
Hyperliquid का HYPE इस बदलाव का प्रमुख उदाहरण है, जहां प्रोटोकॉल राजस्व को खुले बाजार में टोकन खरीदने से जोड़ा गया है। [2][6]