CuspAI का मुख्य नवाचार एक 'इनवर्स डिज़ाइन' (उल्टा डिज़ाइन) दृष्टिकोण है जो पारंपरिक सामग्री विज्ञान को पूरी तरह से उलट देता है । परंपरागत तरीके में, आप एक ज्ञात सामग्री से शुरुआत करते हैं और फिर उसके गुणों को मापते हैं। इसके विपरीत, CuspAI का प्लेटफॉर्म उपयोगकर्ताओं को पहले अपनी ज़रूरत के गुणों को निर्दिष्ट करने की अनुमति देता है—उदाहरण के लिए, एक विशिष्ट बैंडगैप, उच्च तापीय चालकता और गैलियम पर कम निर्भरता वाला सेमीकंडक्टर—और फिर प्लेटफॉर्म उन विशिष्टताओं को पूरा करने के लिए शुरू से ही पूरी तरह से नई आणविक और क्रिस्टल संरचनाएं तैयार करता है
।
CuspAI ने 20 जुलाई 2026 को 2.6 बिलियन डॉलर के पोस्ट-मनी वैल्यूएशन पर 450 मिलियन डॉलर की सीरीज़ B फंडिंग बंद की । यह सितंबर 2025 में इसके 520 मिलियन डॉलर के वैल्यूएशन से लगभग पांच गुना वृद्धि है
। कंपनी द्वारा अब तक जुटाई गई कुल पूंजी 670 मिलियन डॉलर से अधिक हो गई है
।
इस फंडिंग राउंड का सह-नेतृत्व क्लेनर पर्किन्स और NEA ने किया, जिसमें जेफ बेजोस के बेजोस एक्सपेडिशन्स और यूके सॉवरेन AI फंड (ब्रिटिश सरकार द्वारा समर्थित वेंचर कैपिटल फंड) की महत्वपूर्ण भागीदारी रही । यह राउंड जून 2026 में फाइनेंशियल टाइम्स द्वारा शुरुआत में रिपोर्ट किए गए 400 मिलियन डॉलर से भी बड़ा था
।
सीड और सीरीज़ A राउंड के पहले के निवेशकों में हॉक्सटन वेंचर्स (सीड लीड), टेमासेक, प्रोसस, बेसिस सेट वेंचर्स, जाइंट वेंचर्स और अन्य शामिल हैं ।
CuspAI ने AI और विज्ञान के क्षेत्र में सबसे प्रतिष्ठित सलाहकार बोर्डों में से एक को इकट्ठा किया है :
CuspAI का प्लेटफॉर्म 'इनवर्स डिज़ाइन' दृष्टिकोण पर बनाया गया है जो पारंपरिक सामग्री विज्ञान को मौलिक रूप से बदल देता है ।
पारंपरिक तरीका: एक ज्ञात सामग्री से शुरुआत करें, उसे प्रयोगशाला में परखें और मापें कि उसमें क्या गुण हैं। यह धीमा और महंगा है—अक्सर प्रति सामग्री एक दशक का R&D।
CuspAI का तरीका (इनवर्स डिज़ाइन):
इस प्लेटफॉर्म के साथ ही AI मटेरियल्स फाउंड्री लॉन्च की गई, जो 45 से अधिक संगठनों का वैश्विक नेटवर्क है—जिसमें डेटा प्रदाता, प्रयोगशालाएं, कंप्यूट पार्टनर और वैज्ञानिक विशेषज्ञ शामिल हैं—जो एक एजेंटिक प्लेटफॉर्म पर खोज-से-सत्यापन तक की पूरी प्रक्रिया को संचालित करता है । संस्थापक सदस्यों में NVIDIA (कंप्यूट बुनियादी ढांचा प्रदान करना) और मेटा की फंडामेंटल AI रिसर्च टीम (परमाणुओं के लिए यूनिवर्सल मॉडल या UMA विकसित करना) शामिल हैं ।
कंपनी का दावा है कि उसने 2025 के दौरान एक कार्बन कैप्चर सामग्री को जनरेटिव डिज़ाइन से लेकर संश्लेषण और प्रायोगिक सत्यापन तक केवल छह महीनों में पहुंचा दिया, जो इसके प्लेटफॉर्म की गति के लाभ को दर्शाता है ।