संयुक्त राष्ट्र मानवीय मामलों के समन्वय कार्यालय (OCHA) के अनुसार, अक्टूबर 2023 से 2025 के अंत तक वेस्ट बैंक में स्थिति भयावह रही है :
रिपोर्टों से पता चलता है कि बस्ती गतिविधियाँ लगातार जारी हैं और उन्हें रोकने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं, जो सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 2334 के विपरीत है । यूरोपीय संघ की एक रिपोर्ट के अनुसार, 2024 के अंत तक वेस्ट बैंक में 503,732 और पूर्वी यरुशलम में 233,600 इज़रायली बसने वाले थे, जो 147 बस्तियों और 224 चौकियों में रहते थे
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पाकिस्तानी राजदूत ने 12 अगस्त 2026 को सुरक्षा परिषद को चेतावनी दी कि वेस्ट बैंक एक "खतरनाक मोड़" पर पहुँच रहा है। उन्होंने कहा कि इज़रायली बस्ती विस्तार, बसने वालों की हिंसा और फ़िलिस्तीनियों का जबरन विस्थापन दो-राज्य समाधान की व्यवहार्यता को गंभीर रूप से खतरे में डाल रहे हैं ।
हालाँकि, इस बात का कोई सबूत नहीं मिला है कि इज़रायली नागरिकों ने चौकियों को बायपास करने के लिए एम्बुलेंस का इस्तेमाल किया हो। इसके विपरीत, कई मानवीय संगठनों ने इज़रायली बलों पर फ़िलिस्तीनी एम्बुलेंसों को चौकियों पर रोकने और विलंबित करने का आरोप लगाया है । जुलाई 2026 के अंत में, एक चौकी पर देरी के कारण एक छह माह की गर्भवती फ़िलिस्तीनी महिला का गर्भपात हो गया था
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