इसी समय, सभी क्षेत्रों में निवेश पाने वाली स्टार्टअप्स की कुल संख्या छह वर्षों के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई । यह अंतर बताता है कि निवेशक बड़ी AI कंपनियों पर दांव बढ़ा रहे हैं, जबकि छोटे या गैर-AI स्टार्टअप्स के लिए फंडिंग का माहौल अधिक कठिन बना हुआ है।
देशों के हिसाब से यूके पूंजी जुटाने में सबसे आगे रहा। उसके बाद फ्रांस और जर्मनी का स्थान रहा । लंदन स्थित AI इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी Nscale ने H1 2026 में €2.9 अरब (लगभग $3.3 अरब) जुटाए—यह यूरोपीय वेंचर बाजार की सबसे बड़ी डील थी ।
इस अवधि में यूरोप की आठ कंपनियों ने $1 अरब या उससे अधिक के इक्विटी राउंड पूरे किए। यह महाडील्स के मामले में महाद्वीप का नया रिकॉर्ड है ।
फिर भी यूरोप का कुल वेंचर बाजार उत्तरी अमेरिका से काफी पीछे है। यूरोप स्थित स्टार्टअप्स ने H1 में सभी क्षेत्रों को मिलाकर करीब $42 अरब जुटाए। यह रकम H1 2021 के $60 अरब के शिखर से कम है और उत्तरी अमेरिका में जुटाए गए $392 अरब की तुलना में बहुत छोटी है ।
AI में रिकॉर्ड निवेश यूरोप की पुरानी समस्या—हाई-ग्रोथ कंपनियों के लिए देर-चरण की पूंजी की कमी—को अपने आप हल नहीं करता। यूरोपीय आयोग के अनुसार, इस late-stage financing gap के कारण कई संभावनाशील यूरोपीय टेक कंपनियों को विदेशों से पूंजी जुटानी पड़ती है, विदेशों में स्थानांतरित होना पड़ता है या अपेक्षाकृत जल्दी बिकना पड़ता है ।
इसी चुनौती से निपटने के लिए यूरोपीय आयोग ने €5 अरब का Scaleup Europe Fund शुरू किया है। यह ग्रोथ और लेट-स्टेज फंड AI, क्वांटम टेक्नोलॉजी, सेमीकंडक्टर, रोबोटिक्स, ऊर्जा और अंतरिक्ष जैसे रणनीतिक डीप-टेक क्षेत्रों में निवेश करेगा । इसका लक्ष्य यूरोप की तेज़ी से बढ़ रही कंपनियों को वैश्विक स्तर पर विस्तार करने के लिए जरूरी पूंजी उपलब्ध कराना है।
यूरोपीय इनोवेशन काउंसिल (EIC) Fund Board ने प्रतिस्पर्धी चयन प्रक्रिया के बाद स्वीडिश प्राइवेट इक्विटी फर्म EQT को फंड मैनेजर चुना। चयन प्रक्रिया में Atomico और Eurazeo जैसी कंपनियां भी शामिल थीं ।
अगस्त 2026 में फंड की अंतिम कानूनी औपचारिकताएं पूरी हुईं और इसका पहला निवेश फिनलैंड की स्पेस स्टार्टअप ICEYE में किया गया । अब इसकी असली परीक्षा यह होगी कि क्या यह फंड केवल कुछ बड़ी कंपनियों को और बड़ा बनाएगा या यूरोप के अलग-अलग हिस्सों में उभरती डीप-टेक कंपनियों तक भी पूंजी पहुंचाएगा।
AI फंडिंग के रिकॉर्ड के साथ-साथ रिपोर्टों में विविधता से जुड़ा गंभीर अंतर भी सामने आया है। 2023 के बाद से पूरी हुई डील्स में कम-से-कम एक महिला संस्थापक वाली AI स्टार्टअप्स की हिस्सेदारी 18% रही, लेकिन उन्हें कुल पूंजी का केवल 10% मिला । इसका अर्थ है कि ऐसी कंपनियां डील्स तो हासिल कर रही हैं, पर औसतन उन्हें मिलने वाली पूंजी का आकार कम है।
यूरोप के व्यापक टेक इकोसिस्टम में सिर्फ महिलाओं वाली संस्थापक टीमों को कुल VC फंडिंग का लगभग 1% मिला, जबकि सिर्फ पुरुषों वाली टीमों ने करीब 90% पूंजी हासिल की ।
लैंगिक अंतर से आगे देखें तो जातीय विविधता की तस्वीर भी असमान है। Atomico और Extend Ventures की State of European Tech रिपोर्ट के अनुसार, निवेश की गई कुल पूंजी में से केवल 11% उन टीमों तक पहुंची जिनमें कम-से-कम एक जातीय अल्पसंख्यक संस्थापक था ।
मार्च 2026 की PitchBook रिपोर्ट में पाया गया कि महिला-नेतृत्व वाली टीमों को लगभग एक दशक में वेंचर कैपिटल का सबसे छोटा हिस्सा मिला—सिर्फ 1.2%। AI क्षेत्र में भी महिला संस्थापकों की हिस्सेदारी डील वैल्यू में केवल 12.9% रही ।
हालांकि सार्वजनिक सहायता कार्यक्रमों से कुछ सुधार के संकेत मिलते हैं। EIC Impact Report 2026 के अनुसार, EIC से समर्थित कंपनियों में 30% महिलाएं नेतृत्वकारी भूमिका में हैं और 25% इक्विटी डील्स में महिला संस्थापक शामिल हैं। ये आंकड़े यूरोप के सामान्य वेंचर औसत से काफी ऊपर हैं । इससे संकेत मिलता है कि लक्षित सार्वजनिक कार्यक्रम निवेश के अंतर को कुछ हद तक कम कर सकते हैं।
यूरोपीय AI स्टार्टअप्स ने वैश्विक ताकत के रूप में अपनी जगह जरूर मजबूत की है। पहली बार AI ने क्षेत्र की कुल वेंचर कैपिटल का आधे से अधिक हिस्सा हासिल किया है। लेकिन H1 2026 के आंकड़े यह भी दिखाते हैं कि बाजार अत्यधिक केंद्रित है, हाई-ग्रोथ कंपनियों के लिए देर-चरण की पूंजी अब भी सीमित है और विविधता का अंतर गहरा है।
€5 अरब का Scaleup Europe Fund यूरोपीय आयोग की अब तक की सबसे महत्वाकांक्षी कोशिशों में से एक है, जिसका उद्देश्य यूरोप की प्रतिभाशाली कंपनियों को विदेश जाने से रोकना है। आने वाले वर्षों में यूरोप की टेक दिशा इस बात पर निर्भर करेगी कि रिकॉर्ड AI निवेश और नया फंड पूरे इकोसिस्टम को चौड़ा करते हैं या कुछ ही विजेताओं पर दांव और गहरा करते हैं।