BitMEX ने यूजर्स को अपने फंड और पोजीशन को समय पर निपटाने के लिए एक स्पष्ट, चरणबद्ध शेड्यूल जारी किया है:
घोषणा के साथ ही, BitMEX ने सभी नए अकाउंट रजिस्ट्रेशन पर तुरंत रोक लगा दी। इसके बाद कोई भी नया यूजर प्लेटफॉर्म पर अकाउंट नहीं खोल सकता है ।
इस तारीख से यूजर्स केवल अपनी मौजूदा पोजीशन को घटा (कम) कर सकते हैं। वे कोई नई पोजीशन नहीं खोल सकते या मौजूदा पोजीशन को बढ़ा नहीं सकते। इस चरण में जोखिम सीमाएं (रिस्क लिमिट्स) भी कड़ी कर दी जाएंगी ।
यह अंतिम तारीख है। इस समय तक जो भी पोजीशनें खुली रह जाएंगी, उन्हें एक्सचेंज द्वारा जबरदस्ती लिक्विडेट (फोर्सली लिक्विडेट) कर दिया जाएगा। इसके बाद एक्सचेंज की कोई भी ट्रेडिंग सेवा काम नहीं करेगी ।
एक्सचेंज बंद होने के बाद भी यूजर्स अपने अकाउंट में लॉग इन कर सकेंगे और बचे हुए फंड को निकाल सकेंगे। हालांकि, समय पर फंड न निकालने पर अकाउंट पर मासिक मेंटेनेंस फीस लगाई जा सकती है। हालांकि मुख्य घोषणा में इस फीस की सटीक राशि का उल्लेख नहीं है, लेकिन यह बताया गया है कि अगर यूजर्स डेडलाइन के बाद भी अपनी संपत्ति नहीं निकालते हैं तो उन पर ऑटोमैटिक पेनल्टी लागू होगी ।
BitMEX के लिए यह राह काफी लंबी और कानूनी लड़ाई से भरी रही। 2020 में अमेरिकी नियामकों ने इसके खिलाफ कार्रवाई शुरू की थी:
एक समय BitMEX बिटकॉइन डेरिवेटिव ट्रेडिंग में अग्रणी था, लेकिन धीरे-धीरे इसकी बाजार हिस्सेदारी Binance और Bybit जैसे प्रतिस्पर्धियों के हाथों खत्म हो गई, जिन्होंने नए प्रोडक्ट्स और बेहतर सुविधाओं से बाजार पर कब्जा जमा लिया ।
BitMEX की पैरेंट कंपनी HDR ग्लोबल ट्रेडिंग लिमिटेड द्वारा किए गए एक रणनीतिक व्यवसायिक समीक्षा में यह निष्कर्ष निकाला गया कि एक्सचेंज को चलाना अब व्यावसायिक रूप से संभव नहीं है । कानूनी बोझ, अनुपालन लागत और क्रिप्टो बाजार में लंबी मंदी ने इसे असंभव बना दिया।
BitMEX ने अपने यूजर्स से आग्रह किया है कि वे 23 सितंबर से पहले अपनी सभी पोजीशन बंद कर लें और अपने फंड को एक्सचेंज से निकाल लें । यह क्रिप्टो इतिहास में एक महत्वपूर्ण मोड़ है।