गुरुवार को एशियाई सेमीकंडक्टर शेयरों में जबरदस्त गिरावट आई थी। इसकी वजह Meta Platforms का AI कंप्यूटिंग पावर बेचने के अपने प्लान का खुलासा करना था, जिसने AI इंफ्रास्ट्रक्चर में ओवरकपैसिटी की आशंका पैदा कर दी थी । दक्षिण कोरिया में, Samsung Electronics 7% से अधिक और SK Hynix 9% से अधिक गिर गए थे, जिससे बाजार से अरबों डॉलर का नुकसान हुआ । इस गिरावट का ट्रिगर था मेटा का AI कंप्यूट पावर बेचने का बिजनेस शुरू करने का प्लान, जिसके बाद निवेशकों को डर सताने लगा कि बड़ी टेक कंपनियों का भारी पूंजीगत खर्च वास्तविक मांग से कहीं अधिक हो सकता है ।
दक्षिण कोरिया — आंशिक रिकवरी। गुरुवार रात या शुक्रवार सुबह आई एक खबर ने दक्षिण कोरियाई बाजारों को संभाल लिया। खबर थी कि AI कंपनी Anthropic ने अपनी खुद की कस्टम AI चिप बनाने पर शुरुआती काम शुरू कर दिया है और उसने Samsung Electronics के साथ संभावित विनिर्माण साझेदारी (foundry partnership) के लिए बातचीत की है । द इंफॉर्मेशन की रिपोर्ट के अनुसार, Anthropic सैमसंग के 2-नैनोमीटर (nm) मैन्युफैक्चरिंग प्रोसेस और एडवांस्ड पैकेजिंग सुविधाओं पर विचार कर रहा है, जिससे Nvidia पर प्रतिस्पर्धात्मक दबाव बढ़ सकता है । यह डील पूरी तरह से पुख्ता नहीं है, लेकिन सैमसंग के लिए यह एक बड़ा सकारात्मक कदम है। इससे शुक्रवार को सैमसंग के शेयरों को काफी सपोर्ट मिला और दक्षिण कोरिया का KOSPI इंडेक्स रीजनल रिबाउंड में सबसे आगे रहा ।
जापान — कमजोरी जारी। दूसरी तरफ, जापान का निक्केई 225 इंडेक्स इस मुकाबले ज्यादा कमजोर रहा। जून की शुरुआत में जब AI रैली ने पहली बार रफ्तार पकड़ी थी, तब भी जापान के चिप शेयरों में 3.9% की गिरावट आई थी । शुक्रवार को भी जापानी सेमीकंडक्टर नामों पर बिकवाली का दबाव जारी रहा, क्योंकि उनके पास दक्षिण कोरिया जैसा कोई बड़ा पॉजिटिव कैटलिस्ट नहीं था ।
दक्षिण कोरिया और जापान के बाजारों के बीच यह अंतर समझने के लिए यह समझना जरूरी है:
एशियाई बिकवाली एक व्यापक वैश्विक रुझान का हिस्सा थी, जिसमें निवेशक टेक और AI से जुड़े शेयरों से पैसा निकाल रहे थे। अमेरिकी चिप शेयर जून के मध्य से ही गिर रहे थे, और फिलाडेल्फिया सेमीकंडक्टर इंडेक्स मार्च 2025 के बाद अपने सबसे खराब सप्ताह की ओर बढ़ रहा था । डॉयचे बैंक के रणनीतिकारों ने कहा कि टेक कमजोरी मैग्निफिसेंट 7 और Apple से बढ़कर एशियाई बाजारों तक फैल गई है । सबसे बड़ी चिंता यह थी कि AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर खर्च अपने चरम पर पहुंच सकता है और वैल्यूएशन बुनियादी बातों से कहीं आगे निकल गए हैं ।
गुरुवार को एशियाई सेमीकंडक्टर शेयरों में जबरदस्त गिरावट आई थी। इसकी वजह Meta Platforms का AI कंप्यूटिंग पावर बेचने के अपने प्लान का खुलासा करना था, जिसने AI इंफ्रास्ट्रक्चर में ओवरकपैसिटी की आशंका पैदा कर दी थी । दक्षिण कोरिया में, Samsung Electronics 7% से अधिक और SK Hynix 9% से अधिक गिर गए थे, जिससे बाजार से अरबों डॉलर का नुकसान हुआ । इस गिरावट का ट्रिगर था मेटा का AI कंप्यूट पावर बेचने का बिजनेस शुरू करने का प्लान, जिसके बाद निवेशकों को डर सताने लगा कि बड़ी टेक कंपनियों का भारी पूंजीगत खर्च वास्तविक मांग से कहीं अधिक हो सकता है ।
दक्षिण कोरिया — आंशिक रिकवरी। गुरुवार रात या शुक्रवार सुबह आई एक खबर ने दक्षिण कोरियाई बाजारों को संभाल लिया। खबर थी कि AI कंपनी Anthropic ने अपनी खुद की कस्टम AI चिप बनाने पर शुरुआती काम शुरू कर दिया है और उसने Samsung Electronics के साथ संभावित विनिर्माण साझेदारी (foundry partnership) के लिए बातचीत की है । द इंफॉर्मेशन की रिपोर्ट के अनुसार, Anthropic सैमसंग के 2-नैनोमीटर (nm) मैन्युफैक्चरिंग प्रोसेस और एडवांस्ड पैकेजिंग सुविधाओं पर विचार कर रहा है, जिससे Nvidia पर प्रतिस्पर्धात्मक दबाव बढ़ सकता है । यह डील पूरी तरह से पुख्ता नहीं है, लेकिन सैमसंग के लिए यह एक बड़ा सकारात्मक कदम है। इससे शुक्रवार को सैमसंग के शेयरों को काफी सपोर्ट मिला और दक्षिण कोरिया का KOSPI इंडेक्स रीजनल रिबाउंड में सबसे आगे रहा ।
जापान — कमजोरी जारी। दूसरी तरफ, जापान का निक्केई 225 इंडेक्स इस मुकाबले ज्यादा कमजोर रहा। जून की शुरुआत में जब AI रैली ने पहली बार रफ्तार पकड़ी थी, तब भी जापान के चिप शेयरों में 3.9% की गिरावट आई थी । शुक्रवार को भी जापानी सेमीकंडक्टर नामों पर बिकवाली का दबाव जारी रहा, क्योंकि उनके पास दक्षिण कोरिया जैसा कोई बड़ा पॉजिटिव कैटलिस्ट नहीं था ।
दक्षिण कोरिया और जापान के बाजारों के बीच यह अंतर समझने के लिए यह समझना जरूरी है:
एशियाई बिकवाली एक व्यापक वैश्विक रुझान का हिस्सा थी, जिसमें निवेशक टेक और AI से जुड़े शेयरों से पैसा निकाल रहे थे। अमेरिकी चिप शेयर जून के मध्य से ही गिर रहे थे, और फिलाडेल्फिया सेमीकंडक्टर इंडेक्स मार्च 2025 के बाद अपने सबसे खराब सप्ताह की ओर बढ़ रहा था । डॉयचे बैंक के रणनीतिकारों ने कहा कि टेक कमजोरी मैग्निफिसेंट 7 और Apple से बढ़कर एशियाई बाजारों तक फैल गई है । सबसे बड़ी चिंता यह थी कि AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर खर्च अपने चरम पर पहुंच सकता है और वैल्यूएशन बुनियादी बातों से कहीं आगे निकल गए हैं ।