राष्ट्रपति ट्रंप ने 21 जून, 2026 को धमकी दी कि अगर ईरान ने लेबनान में हिजबुल्लाह को नहीं रोका तो अमेरिका फिर से सैन्य हमले शुरू कर देगा। यह अल्टीमेटम ऐसे समय आया जब अमेरिकी और ईरानी वार्ताकार स्विट्जरलैंड में शांति समझौते पर बातचीत कर रहे थे। वार्ता में एक 'रोडमैप' तैयार हुआ, लेकिन इज़राइल और हिजबुल्लाह के बीच संघर्...

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21 जून, 2026 को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को एक कड़ा अल्टीमेटम दिया। उन्होंने कहा कि अगर तेहरान ने लेबनान में अपने समर्थित संगठन हिजबुल्लाह को तुरंत नहीं रोका, तो अमेरिका फिर से ईरान पर सैन्य हमले शुरू कर देगा । यह धमकी ऐसे समय में आई जब अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और ईरानी अधिकारी स्विट्जरलैंड के बर्गनस्टॉक रिसॉर्ट में शांति वार्ता कर रहे थे
। एक ईरानी वार्ताकार ने तुरंत चेतावनी दी कि उनके सशस्त्र बल 'जवाब देने के लिए तैयार' हैं
।
राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट किया, "ईरान को लेबनान में अपने महंगे भाड़े के गुटों को तुरंत परेशानी पैदा करने से रोकना होगा।" उन्होंने चेतावनी दी, "अगर उन्होंने ऐसा नहीं किया, तो हम ईरान पर पहले से भी ज़्यादा कड़ी चोट करेंगे ।" यह धमकी वार्ता के पहले दिन ही आ गई, जिससे कूटनीतिक प्रक्रिया पर ग्रहण लग गया
।
अमेरिका और ईरान के बीच ये वार्ताएं पाकिस्तान और कतर की मध्यस्थता में हुईं । बैठक का उद्देश्य एक समझौता ज्ञापन (MOU) को लागू करना था
। 19 जून को हिजबुल्लाह द्वारा चार इज़राइली सैनिकों को मारने के बाद बातचीत स्थगित हो गई थी
। लेकिन 22 जून तक, मध्यस्थों ने दावा किया कि दोनों पक्ष एक 'रोडमैप' पर सहमत हो गए हैं
।
नवंबर 2024 से लागू संघर्ष विराम कई बार टूट चुका है। अप्रैल 2026 में एक नई 10-दिवसीय युद्ध विराम की घोषणा हुई , लेकिन हिंसा जारी रही। 19 जून को इज़राइल और हिजबुल्लाह के बीच एक और युद्ध विराम की घोषणा हुई, लेकिन इसके तुरंत बाद ही इज़राइल ने लेबनान पर 12 हमले किए
। द गार्जियन ने इसे 'नाज़ुक संघर्ष विराम' बताया
। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर उल्लंघन का आरोप लगा रहे हैं
।
28 फरवरी, 2026 को युद्ध शुरू होने पर ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दिया था । 20 जून को ईरान ने इज़राइली हमलों का हवाला देते हुए इसे फिर से बंद करने का ऐलान किया
। लेकिन अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने कहा कि 21 जून को 55 जहाजों ने बिना किसी रुकावट के इस जलडमरूमध्य को पार किया
। ईरान के विदेश मंत्रालय ने भी कहा कि शिपिंग 'सामान्य रूप से चल रही है'
। ईरान ने इस जलडमरूमध्य से गुज़रने के लिए शुल्क लगाने की योजना भी बनाई है, जिसे विशेषज्ञ अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन मानते हैं
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राष्ट्रपति ट्रंप ने 21 जून, 2026 को धमकी दी कि अगर ईरान ने लेबनान में हिजबुल्लाह को नहीं रोका तो अमेरिका फिर से सैन्य हमले शुरू कर देगा।
राष्ट्रपति ट्रंप ने 21 जून, 2026 को धमकी दी कि अगर ईरान ने लेबनान में हिजबुल्लाह को नहीं रोका तो अमेरिका फिर से सैन्य हमले शुरू कर देगा। यह अल्टीमेटम ऐसे समय आया जब अमेरिकी और ईरानी वार्ताकार स्विट्जरलैंड में शांति समझौते पर बातचीत कर रहे थे।
वार्ता में एक 'रोडमैप' तैयार हुआ, लेकिन इज़राइल और हिजबुल्लाह के बीच संघर्ष विराम बार बार टूट रहा है।
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