जून 2026 में हाउस सेलेक्ट कमेटी की सुनवाई में अमेरिकी सांसदों और विशेषज्ञों ने द्विदलीय सहमति जताई कि AI की वैश्विक दौड़ में चीन पर जीत राष्ट्रीय सुरक्षा का गैर समझौता योग्य मामला है, इसे '21वीं सदी की परिभाषित रणनीति... गवाहों ने बार बार केंद्रीय संदेश दोहराया: उन्नत AI चिप्स चीन को बेचने से सीधे बीजिंग के सैन्य आध...

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: Searching for What did US lawmakers and witnesses say during the June 2026 congressional hearing about the importance of the United States w. Article summary: In June 2026, a congressional hearing of the House Select Committee on the Strategic Competition Between the United States and the Chinese Communist Party, titled "Algorithms and Authoritarians: Why U.S. AI Must Lead," f. Topic tags: general, government, education, general web, user generated. Reference image context from search candidates: Reference image 1: visual subject "Hearing: U.S. Military Posture & National Security Challenges in the Greater Middle East & Africa U.S. House Armed Services Committee 13300 subscribers 64 likes 4984 views 20 May 2" source context "Hearing: U.S. Military Posture & National Security Challenges in the Greater Middle East & Af
जून 2026 में वाशिंगटन की एक सुनवाई कक्ष में एक स्पष्ट और सख्त सहमति गूंजी। 'संयुक्त राज्य अमेरिका और चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के बीच रणनीतिक प्रतिस्पर्धा पर हाउस सेलेक्ट कमेटी' के एक सत्र के दौरान, दोनों दलों के अधिकारियों ने सिर्फ यह नहीं कहा कि अमेरिका को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में नेतृत्व करना चाहिए - उन्होंने तर्क दिया कि यह दौड़ हारना देश की सुरक्षा और आर्थिक भविष्य के लिए एक अस्तित्व का खतरा है। "एल्गोरिदम और सत्तावादी: अमेरिकी AI को क्यों नेतृत्व करना चाहिए" शीर्षक वाली इस सुनवाई ने एक ऐसे नीतिगत दृष्टिकोण को स्पष्ट किया जो AI को एक व्यावसायिक क्षेत्र के रूप में नहीं, बल्कि एक नए महाशक्ति संघर्ष के रणक्षेत्र के रूप में देखता है ।
समिति के अध्यक्ष जॉन मूलेनार ने इस प्रतिस्पर्धा को "एक नया शीत युद्ध" करार देकर सुनवाई का लहजा तय किया और AI को इसके बिल्कुल केंद्र में रखा। उन्होंने कहा कि यह तकनीक "आने वाले दशकों के लिए हमारी अर्थव्यवस्था, हमारी सेना, हमारी कूटनीति और हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा को आकार देगी" और इसे "21वीं सदी की परिभाषित रणनीतिक संपत्ति" बताया । यह दृष्टिकोण सामान्य तकनीकी-नीति की चर्चा से आगे बढ़कर AI नेतृत्व को राष्ट्रीय शक्ति के एक बुनियादी स्तंभ के रूप में स्थापित करता है।
इस बात पर भी सहमति बनी कि अमेरिकी बढ़त मौजूद तो है, लेकिन बहुत नाजुक है। अध्यक्ष मूलेनार ने कहा कि अमेरिका वर्तमान में "AI प्रतिभा, अनुसंधान और बुनियादी ढांचे में" आगे है, लेकिन तुरंत चेतावनी दी कि यह बढ़त चीन के अंतर को पाटने के व्यवस्थित प्रयासों के कारण "लगातार दबाव" में है ।
शायद सबसे प्रभावशाली गवाही पूर्व अमेरिकी उप राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार मैट पोटिंगर की ओर से आई, जिन्होंने उन्नत AI कंप्यूट शक्ति और युद्धक्षेत्र की क्षमता के बीच सीधा संबंध विस्तार से समझाया। उन्होंने गवाही दी कि उन्नत AI चिप्स चीन को बेचने से बीजिंग को "अपने सैन्य आधुनिकीकरण को सुपरचार्ज करने" में मदद मिलेगी, विशेष रूप से परमाणु हथियारों, साइबर युद्ध, स्वायत्त ड्रोन, इलेक्ट्रॉनिक युद्ध और अंतरिक्ष युद्ध जैसी क्षमताओं में वृद्धि होगी ।
इसी दृष्टिकोण को हाउस फॉरेन अफेयर्स कमेटी के अध्यक्ष ब्रायन मास्ट ने एक संबंधित सुनवाई में दोहराया, जिन्होंने सीधे शब्दों में कहा, "यह एक तथ्य है कि AI हथियारों की दौड़ सीधे चीन के साथ हमारी सैन्य प्रतिस्पर्धात्मकता को प्रभावित करती है। इस पर विवाद नहीं किया जा सकता" । गवाही ने यह स्पष्ट कर दिया कि बड़े भाषा मॉडल को शक्ति देने वाली चिप्स अगली पीढ़ी के कमांड-एंड-कंट्रोल नेटवर्क और स्वायत्त प्रणालियों के इंजन भी हैं जो युद्ध को बदल देंगे
।
सुनवाई ने लगातार सैन्य सुरक्षा को आर्थिक समृद्धि के साथ जोड़कर देखा। सीनेटर जिम बैंक्स ने इस दोहरी अनिवार्यता को व्यक्त करते हुए समिति को बताया कि "जो राष्ट्र AI में नेतृत्व करेगा, वह दुनिया की अर्थव्यवस्था की शर्तें तय करेगा और सैन्य शक्ति में ऊंचाई पर कमान करेगा" । गवाहों ने चेतावनी दी कि चीन की राज्य-सब्सिडी वाली कंपनियों को आगे निकलने देना अमेरिका को उस बाजार में हिस्सेदारी गंवाने पर मजबूर कर देगा जो "मानव इतिहास का सबसे मूल्यवान बाजार" बन सकता है
। मुख्य संदेश यह था कि AI नेतृत्व छोड़ने का मतलब 21वीं सदी के वैश्विक आर्थिक नियमों और मानकों पर नियंत्रण छोड़ना होगा।
जबकि अमेरिका सुर्खियां बटोरने वाले मॉडल और चिप्स में स्पष्ट बढ़त बनाए हुए है, इसी अवधि की अन्य सुनवाइयों की गवाही ने एक अधिक जटिल वास्तविकता को उजागर किया। होमलैंड सिक्योरिटी कमेटी के समक्ष प्रस्तुत एक विश्लेषण ने एक खतरनाक विषमता की ओर इशारा किया: "संयुक्त राज्य अमेरिका AI की दौड़ उन आयामों पर जीत रहा है जिन्हें हम देख सकते हैं - मॉडल और चिप्स। हम उन आयामों पर हार रहे हैं जो अंततः परिणाम तय करेंगे: डेटा और कार्यान्वयन" ।
इस मूल्यांकन ने चेतावनी दी कि चीन की रणनीति बड़े पैमाने पर तैनाती और अपनी तकनीक को दुनिया भर में फैलाने के माध्यम से जीतने पर केंद्रित है, एक ऐसा दृष्टिकोण जो लंबे समय में अमेरिका की मौजूदा तकनीकी बढ़त को नकार सकता है । यह दो-गति वाली प्रतिस्पर्धा - एक शुद्ध नवाचार के लिए और दूसरी व्यावहारिक प्रभुत्व के लिए - एक आवर्ती विषय था जिसने सांसदों की कार्रवाई की मांग में तात्कालिकता जोड़ दी।
गवाहों द्वारा समर्थित नीतिगत प्रतिक्रिया एकीकृत और अडिग थी। प्राथमिक सिफारिश चीन को उन्नत AI चिप्स और सेमीकंडक्टर निर्माण उपकरणों की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की थी। गवाहों ने तर्क दिया कि उच्च-स्तरीय कंप्यूट शक्ति में अमेरिकी बढ़त वह बुनियादी अवरोध बिंदु (चोकपॉइंट) है जो चीन को नेतृत्व लेने से रोक रहा है, जिससे निर्यात नियंत्रण रणनीतिक प्रतिस्पर्धा का सबसे प्रभावी माध्यम बन जाता है । अमेरिकन कम्पास के मुख्य अर्थशास्त्री ओरेन एम. कैस ने सीधी गवाही दी कि "AI में अपनी बढ़त बनाए रखने और बढ़ाने के लिए... संयुक्त राज्य अमेरिका को चीन को सभी उन्नत AI चिप्स और सेमीकंडक्टर निर्माण उपकरणों की बिक्री पर रोक लगानी चाहिए"
।
कंप्यूट शक्ति पर यह रणनीतिक फोकस सिर्फ वर्तमान के बारे में नहीं था, बल्कि चीन को एक महत्वपूर्ण अंतर को पाटने से रोकने के बारे में था। एक अन्य गवाह ने चेतावनी दी कि "चीन को उन्नत AI चिप्स के लिए कोई लाइसेंस नहीं दिया जाना चाहिए, पूर्ण विराम" । इस भावना को दोहराते हुए, कांग्रेसी माइकल मैक्कल ने अपने ENFORCE अधिनियम के महत्व पर चर्चा की, एक विधेयक जो बिल्कुल यही करने के लिए डिज़ाइन किया गया है - चीन को सैन्य-ग्रेड AI तकनीक की बिक्री को रोकना
।
अध्यक्ष मूलेनार ने एक और विधायी उपकरण, चिप सुरक्षा अधिनियम पेश किया, जिसके तहत उन्नत AI चिप्स पर स्थान सत्यापन अनिवार्य होगा ताकि उन्हें तीसरे देशों या तस्करी नेटवर्कों के माध्यम से चीन की ओर मोड़े जाने से रोका जा सके । यह समिति के उन विस्तृत निष्कर्षों पर आधारित था जो चीन के बौद्धिक संपदा चोरी, अवैध चिप तस्करी और आक्रामक राज्य सब्सिडी के माध्यम से अमेरिकी तकनीक हासिल करने के बहुआयामी अभियान को दर्शाते हैं
।
जून 2026 की सुनवाई ने प्रदर्शित किया कि अमेरिकी नीति निर्माताओं के लिए, चीन के साथ AI प्रतिस्पर्धा औद्योगिक नीति का सवाल नहीं बल्कि एक मुख्य राष्ट्रीय सुरक्षा चुनौती है। गवाही ने एक स्पष्ट कहानी बनाई: एक रणनीतिक प्रतिद्वंद्वी को AI में नेतृत्व करने देना एक ऐसा निर्णय है जिसके राष्ट्रीय रक्षा, आर्थिक स्वास्थ्य और दुनिया में देश की स्थिति के लिए प्रत्यक्ष और तत्काल परिणाम होंगे।
Studio Global AI
Use this topic as a starting point for a fresh source-backed answer, then compare citations before you share it.
जून 2026 में हाउस सेलेक्ट कमेटी की सुनवाई में अमेरिकी सांसदों और विशेषज्ञों ने द्विदलीय सहमति जताई कि AI की वैश्विक दौड़ में चीन पर जीत राष्ट्रीय सुरक्षा का गैर समझौता योग्य मामला है, इसे '21वीं सदी की परिभाषित रणनीति...
जून 2026 में हाउस सेलेक्ट कमेटी की सुनवाई में अमेरिकी सांसदों और विशेषज्ञों ने द्विदलीय सहमति जताई कि AI की वैश्विक दौड़ में चीन पर जीत राष्ट्रीय सुरक्षा का गैर समझौता योग्य मामला है, इसे '21वीं सदी की परिभाषित रणनीति... गवाहों ने बार बार केंद्रीय संदेश दोहराया: उन्नत AI चिप्स चीन को बेचने से सीधे बीजिंग के सैन्य आधुनिकीकरण को बढ़ावा मिलेगा, और कंप्यूट शक्ति में अमेरिकी बढ़त फिलहाल वह अहम बाधा है जो चीन को आगे बढ़ने से रोक रही है [1][...
जहां अमेरिका अभी भी मॉडल और चिप्स में आगे है, वहीं सांसदों ने चेतावनी दी कि चीन की असली ताकत तेज़ गति से बड़े पैमाने पर तैनाती और डेटा अधिग्रहण में है, जिसके लिए निर्यात नियंत्रण और चिप सुरक्षा पर तत्काल कार्रवाई की म...