भुगतान की दुनिया की दूसरी दिग्गज कंपनी Stripe, स्टेबलकॉइन को आम व्यापारियों और खरीदारों तक पहुंचाने में जुटी है। उसकी रणनीति दो मोर्चों पर काम कर रही है।
1. Shopify इंटीग्रेशन: ई-कॉमर्स में स्टेबलकॉइन की एंट्री
जून 2025 में, Stripe ने Shopify और Coinbase के साथ साझेदारी की, जिसके तहत 34 देशों के Shopify व्यापारी यूएसडीसी (USDC)—जो एक डॉलर-पेग्ड स्टेबलकॉइन है—में भुगतान स्वीकार करना शुरू कर सकते थे। यह पूरा इंटीग्रेशन बेस (Base) नेटवर्क पर चलता है । इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि व्यापारियों को अपने चेकआउट सिस्टम में कोई नया बदलाव नहीं करना पड़ा—न ही कोई नया गेटवे, न ही कोई नया तकनीकी सेटअप
। फरवरी 2026 तक, यह सुविधा पूरी तरह से चालू हो चुकी थी और इसने ई-कॉमर्स में स्टेबलकॉइन भुगतान के तरीके को बदलकर रख दिया
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2. 100+ देशों में स्टेबलकॉइन-फंडेड अकाउंट
29 अप्रैल, 2026 को Stripe ने अपने सालाना इवेंट 'Sessions 2026' में एक नए 'स्ट्राइप ट्रेजरी' (Stripe Treasury) की घोषणा की, जो अब स्टेबलकॉइन को सपोर्ट करता है। इसका मतलब यह है कि 100 से अधिक देशों के कारोबारी सीधे अपने स्ट्राइप अकाउंट में डॉलर-पेग्ड स्टेबलकॉइन बैलेंस भेज, पा और रख सकते हैं । 26 मई, 2026 के Stripe के आधिकारिक दस्तावेज़ भी "100 से अधिक देशों" में इस सपोर्ट की पुष्टि करते हैं
। यह कदम खासतौर पर उन देशों के कारोबारियों के लिए गेम-चेंजर है जहां स्थानीय करंसी अस्थिर है या बैंकिंग इंफ्रास्ट्रक्चर कमजोर है। जल्द ही, ये ट्रेजरी बैलेंस Privy के नॉन-कस्टोडियल वॉलेट से जुड़ेंगे, जिससे 150 से अधिक बाजारों में तुरंत सीमा-पार फंड ट्रांसफर संभव होगा
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Visa और Stripe जिस पैमाने पर स्टेबलकॉइन पेमेंट को बढ़ावा दे रहे हैं, उससे एक बुनियादी समस्या और गंभीर हो गई है: सार्वजनिक ब्लॉकचेन पर लेन-देन की पूरी पारदर्शिता। इन नेटवर्कों पर लेन-देन की रकम, भेजने और पाने वाले का पता, और बाकी ब्योरे कोई भी देख सकता है। मुख्यधारा के भुगतान के लिए यह एक बड़ी चुनौती है, क्योंकि इससे वित्तीय प्राइवेसी, बिजनेस डेटा की गोपनीयता और फ्रंट-रनिंग (front-running, यानी किसी सौदे की जानकारी लीक होने पर उसका फायदा उठाना) जैसे खतरे पैदा होते हैं।
इसी चुनौती का समाधान लेकर आया है Fairblock। यह एक प्रोग्रामेबल एन्क्रिप्शन इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार कर रहा है, जो यूज़र्स को लेन-देन को नेटवर्क पर भेजने से पहले एन्क्रिप्ट करने और उसके डिक्रिप्ट होने की शर्तें तय करने की सुविधा देता है । सरल शब्दों में समझें तो, जैसे आप एक तिजोरी में पैसे रखकर ताला लगा देते हैं और निर्देश देते हैं कि ताला तभी खुलेगा जब कोई खास शर्त पूरी हो जाए।
मार्च 2026 में, Fairblock ने Noble के EVM AppLayer के साथ साझेदारी की, ताकि गोपनीय स्टेबलकॉइन ट्रांसफर और बैलेंस को वास्तविकता बनाया जा सके। यह ठीक उसी तरह के भुगतान प्रवाह को लक्षित करता है, जिसे Visa और Stripe बड़े पैमाने पर अपना रहे हैं । Fairblock का पहला वर्जन (FairyRing) टेस्टनेट पर पहले से ही मौजूद है और यह प्री-एग्जीक्यूशन कॉन्फिडेंशियलिटी (यानी लेन-देन के पूरा होने से पहले ही उसकी जानकारी को गुप्त रखना) के लिए थ्रेशोल्ड कंडीशन आईडी-बेस्ड एन्क्रिप्शन (TIBE) का उपयोग करता है
। इसका अंतिम लक्ष्य पेमेंट्स को सुरक्षित और प्राइवेट बनाते हुए ब्लॉकचेन की उपयोगिता और ऑटोमेशन को बरकरार रखना है
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