इस सिद्धांत को pixel‑to‑pixel collimation कहा जाता है—मतलब हर पिक्सेल अपना अलग नियंत्रित प्रकाश‑बीम बनाता है जो अंतिम इमेज का हिस्सा बनता है।
आज के कई AR हेडसेट waveguides या लेंस सिस्टम पर निर्भर होते हैं। ये हिस्से:
A‑RPD में माइक्रोडिस्प्ले खुद ही दो काम करता है:
क्योंकि रोशनी पहले से ही collimated होती है, इमेज सीधे पुतली से गुजरकर रेटिना तक पहुँच जाती है, इसलिए अलग projection optics या waveguides की ज़रूरत कम हो सकती है।
AR और VR हेडसेट में एक आम समस्या होती है जिसे vergence‑accommodation conflict (VAC) कहा जाता है।
सामान्य स्थिति में:
लेकिन कई हेडसेट में वर्चुअल इमेज एक निश्चित ऑप्टिकल दूरी पर होती है, जबकि गहराई का संकेत कुछ और बताता है। इससे आँखों पर तनाव पड़ सकता है।
रेटिनल प्रोजेक्शन डिस्प्ले Maxwellian‑view सिद्धांत जैसा काम करते हैं। इसमें रोशनी पुतली के केंद्र से होकर रेटिना पर जाती है, जिससे इमेज अलग‑अलग फोकस दूरी पर भी साफ़ दिखाई देती है।
इसका मतलब है कि उपयोगकर्ता को लगभग “always‑in‑focus” अनुभव मिल सकता है और VAC की समस्या काफी कम हो सकती है।
शोधकर्ताओं ने pixel‑collimated microdisplay पर आधारित A‑RPD का एक proof‑of‑concept प्रोटोटाइप बनाया।
प्रयोगों में सिस्टम ने लगभग 40 cm से 160 cm की दूरी तक साफ़ रेटिनल इमेज दिखाई। यह बिना collimation वाले माइक्रोडिस्प्ले से बेहतर साबित हुआ।
यह परिणाम दिखाता है कि पहले से collimated प्रकाश‑बीम आँख में भेजने से depth of focus काफी बढ़ सकती है।
अगर इमेज सीधे रेटिना पर बनानी है, तो डिस्प्ले में बहुत छोटे और बहुत अधिक पिक्सेल होने चाहिए।
Micro‑LED तकनीक AR/VR डिस्प्ले के लिए इसलिए आकर्षक मानी जाती है क्योंकि इसमें:
हालिया शोध में nanopillar GaN LED arrays के साथ लगभग 6,336 pixels per inch (PPI) घनत्व प्रदर्शित किया गया है—जो भविष्य के उच्च‑रिज़ॉल्यूशन near‑eye डिस्प्ले की दिशा दिखाता है।
जितना अधिक PPI होगा, उतनी बेहतर angular resolution मिलेगी—जो AR चश्मों में खास तौर पर महत्वपूर्ण है क्योंकि डिस्प्ले आँख से कुछ मिलीमीटर दूर होता है।
A‑RPD अभी शुरुआती शोध चरण में है। व्यावसायिक AR चश्मों तक पहुँचने से पहले कई तकनीकी चुनौतियाँ हल करनी होंगी, जैसे:
अगर ये चुनौतियाँ हल हो जाती हैं, तो भविष्य के AR चश्मे कहीं अधिक हल्के और सरल हो सकते हैं—जहाँ पूरा इमेजिंग सिस्टम लगभग एक ही डिस्प्ले चिप पर समाहित होगा और डिजिटल इमेज सीधे रेटिना पर दिखाई देगी।
Comments
0 comments