iACT टेस्ट मरीज के बैक्टीरिया पर प्रयोगशाला में 180 तक एंटीबायोटिक संयोजनों की जांच कर सबसे असरदार इलाज पहचानने में मदद करता है। यह तरीका खास तौर पर उन संक्रमणों के लिए बनाया गया है जो सामान्य एंटीबायोटिक दवाओं से ठीक नहीं होते, जैसे अत्यधिक ड्रग‑रेसिस्टेंट ग्राम‑नेगेटिव बैक्टीरिया। लगभग 48 घंटे के भीतर परिणाम मिलने...

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: What is the AI‑powered Individualised Antibiotic Combination Test (iACT) being developed by Singapore General Hospital and ASTAR, how does i. Article summary: The AI-powered Individualised Antibiotic Combination Test, or iACT, is an in vitro testing approach from Singapore General Hospital that is designed to guide selection of personalised antibiotic combinations against exte. Topic tags: general, general web, government. Reference image context from search candidates: Reference image 1: visual subject "# SGH working with A\*STAR to commercialise AI-powered antibiotics test for superbugs. Minister of State for Health Rahayu Mahzam speaking at SingHealth's AI in Health x ATx26 Symp" source context "SGH working with A*STAR to commercialise AI antibiotics test" Reference image 2: visual subject "# Singapore General Hos
दुनिया भर में एंटीबायोटिक‑प्रतिरोध (Antimicrobial Resistance) एक तेजी से बढ़ती स्वास्थ्य समस्या बनती जा रही है। कई बैक्टीरिया अब सामान्य एंटीबायोटिक दवाओं पर प्रतिक्रिया नहीं देते, जिससे गंभीर संक्रमणों का इलाज मुश्किल हो जाता है। इसी चुनौती से निपटने के लिए सिंगापुर जनरल हॉस्पिटल (SGH) के शोधकर्ताओं ने Individualised Antibiotic Combination Test (iACT) नाम की एक नई डायग्नोस्टिक पद्धति विकसित की है।
यह प्रणाली प्रयोगशाला परीक्षण और डेटा विश्लेषण को मिलाकर यह पता लगाने की कोशिश करती है कि किसी खास मरीज के बैक्टीरिया पर कौन‑सा एंटीबायोटिक संयोजन सबसे बेहतर काम करेगा।
Individualised Antibiotic Combination Test (iACT) एक in‑vitro परीक्षण सेवा है, जिसका उद्देश्य डॉक्टरों को अत्यधिक दवा‑प्रतिरोधी ग्राम‑नेगेटिव बैक्टीरिया से होने वाले संक्रमणों के लिए सही एंटीबायोटिक संयोजन चुनने में मदद करना है। इनमें Pseudomonas aeruginosa और Acinetobacter baumannii जैसे खतरनाक रोगजनक शामिल हैं, जो अस्पतालों में गंभीर संक्रमण और उच्च मृत्यु‑दर से जुड़े होते हैं।
ऐसे संक्रमणों में अक्सर एक से अधिक एंटीबायोटिक का संयोजन इस्तेमाल किया जाता है। समस्या यह है कि हर बैक्टीरिया स्ट्रेन पर दवाओं का प्रभाव अलग‑अलग हो सकता है, इसलिए सही संयोजन चुनना कठिन हो जाता है।
iACT इस समस्या को हल करने के लिए मरीज से मिले बैक्टीरिया के नमूने पर सीधे विभिन्न एंटीबायोटिक संयोजनों का परीक्षण करता है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कौन‑सा इलाज सबसे प्रभावी रहेगा।
इस तकनीक की खासियत इसका बड़ा परीक्षण पैनल है। प्रयोगशाला में मरीज के बैक्टीरिया के खिलाफ 180 अलग‑अलग एंटीबायोटिक संयोजनों का परीक्षण किया जा सकता है।
इन परीक्षणों से यह देखा जाता है कि कौन‑सा संयोजन बैक्टीरिया को सबसे प्रभावी तरीके से रोकता या नष्ट करता है। अलग‑अलग दवाएं आपस में कई तरह से प्रतिक्रिया कर सकती हैं—कुछ मिलकर ज्यादा असरदार बन जाती हैं (synergy), कुछ का असर साधारण रहता है, और कुछ एक‑दूसरे के प्रभाव को कम भी कर सकती हैं।
इसलिए बड़ी संख्या में संयोजनों की जांच करने से यह संभावना बढ़ जाती है कि किसी अत्यधिक प्रतिरोधी बैक्टीरिया के लिए सही उपचार मिल सके।
इसके अलावा, iACT का लक्ष्य यह परिणाम लगभग 48 घंटे के भीतर उपलब्ध कराना है, ताकि डॉक्टर इलाज को जल्दी समायोजित कर सकें।
iACT प्लेटफ़ॉर्म को अक्सर AI‑पावर्ड कहा जाता है, क्योंकि यह बड़ी मात्रा में प्रयोगशाला डेटा का विश्लेषण करने के लिए कम्प्यूटेशनल टूल्स का उपयोग करता है।
उपलब्ध सार्वजनिक विवरणों में इस्तेमाल होने वाले एल्गोरिदम की पूरी तकनीकी जानकारी नहीं दी गई है, लेकिन यह स्पष्ट है कि सिस्टम परीक्षण परिणामों का विश्लेषण कर संभावित रूप से सबसे प्रभावी एंटीबायोटिक संयोजन की पहचान करने में चिकित्सकों की सहायता करता है।
इस तरह डॉक्टर पारंपरिक एंटीबायोटिक संवेदनशीलता परीक्षण पर ही निर्भर रहने के बजाय अधिक व्यक्तिगत और डेटा‑आधारित उपचार निर्णय ले सकते हैं।
मल्टी‑ड्रग‑रेसिस्टेंट संक्रमणों का इलाज इसलिए कठिन हो गया है क्योंकि प्रभावी एंटीबायोटिक विकल्प कम होते जा रहे हैं। कई मामलों में डॉक्टरों को कई दवाओं का संयोजन देना पड़ता है।
शोध से पता चलता है कि एंटीबायोटिक संयोजनों की सफलता अक्सर बैक्टीरिया के विशेष स्ट्रेन पर निर्भर करती है, इसलिए जो उपचार एक मरीज पर काम करता है, वही दूसरे पर असफल हो सकता है।
ऐसे में iACT जैसी तकनीकें:
यह दृष्टिकोण एंटीमाइक्रोबियल स्टेवार्डशिप के लक्ष्य से भी मेल खाता है—यानी एंटीबायोटिक का अधिक सटीक और जिम्मेदार उपयोग।
इस तकनीक को शोध प्रयोगशाला से बाहर लाकर वास्तविक स्वास्थ्य प्रणाली में उपयोग करने के लिए Singapore General Hospital और A*STAR के Diagnostics Development Hub ने साझेदारी की है।
इस सहयोग का उद्देश्य ऐसे मेडिकल डायग्नोस्टिक विकसित करना है जिन्हें बड़े पैमाने पर बनाया जा सके और अस्पतालों में आसानी से अपनाया जा सके। भविष्य में इन्हें लाइसेंस देकर या मेडटेक कंपनियों के साथ साझेदारी के माध्यम से अन्य देशों के अस्पतालों तक भी पहुंचाया जा सकता है।
सरकारी घोषणाओं के अनुसार, iACT उन शुरुआती नवाचारों में शामिल है जिन्हें इस पहल के तहत आगे बढ़ाया जा रहा है।
विश्व स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले दशकों में एंटीमाइक्रोबियल रेजिस्टेंस सबसे बड़ी वैश्विक स्वास्थ्य चुनौतियों में से एक बन सकती है। ऐसे समय में नई दवाएं विकसित करना जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी मौजूदा दवाओं का अधिक समझदारी से उपयोग करना भी है।
iACT जैसी तकनीकें प्रिसीजन एंटीबायोटिक थेरेपी की दिशा में कदम हैं—जहां सही दवाओं का सही संयोजन सीधे उस बैक्टीरिया के अनुसार चुना जाता है जो संक्रमण पैदा कर रहा है।
यदि यह तकनीक व्यापक रूप से अपनाई जाती है, तो इससे न केवल गंभीर संक्रमणों वाले मरीजों के इलाज में सुधार हो सकता है बल्कि एंटीबायोटिक के अंधाधुंध उपयोग को भी कम किया जा सकता है।
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iACT टेस्ट मरीज के बैक्टीरिया पर प्रयोगशाला में 180 तक एंटीबायोटिक संयोजनों की जांच कर सबसे असरदार इलाज पहचानने में मदद करता है।
iACT टेस्ट मरीज के बैक्टीरिया पर प्रयोगशाला में 180 तक एंटीबायोटिक संयोजनों की जांच कर सबसे असरदार इलाज पहचानने में मदद करता है। यह तरीका खास तौर पर उन संक्रमणों के लिए बनाया गया है जो सामान्य एंटीबायोटिक दवाओं से ठीक नहीं होते, जैसे अत्यधिक ड्रग‑रेसिस्टेंट ग्राम‑नेगेटिव बैक्टीरिया।
लगभग 48 घंटे के भीतर परिणाम मिलने से डॉक्टर इलाज जल्दी बदल या अनुकूलित कर सकते हैं।