क्योंकि ये गड़बड़ी नई सीमाएँ लागू होने के तुरंत बाद दिखी, इसलिए भ्रम पैदा हो गया कि क्या सिस्टम गलत तरीके से लिमिट लागू कर रहा है या फिर पोस्टिंग सिस्टम में तकनीकी समस्या आ गई है।
X ने लगभग उसी समय अनवेरिफाइड यूजर्स के लिए पोस्टिंग गतिविधि पर नई सीमाएँ लागू कीं:
यह बदलाव पहले की सीमा की तुलना में बहुत बड़ा है। पहले प्लेटफ़ॉर्म पर तकनीकी तौर पर लगभग 2,400 पोस्ट प्रतिदिन तक की अनुमति थी, जो व्यवहार में लगभग असीमित उपयोग जैसा था।
नई व्यवस्था में पोस्ट और रिप्लाई को अलग‑अलग गिना जाता है, और कुछ मामलों में इन्हें छोटे समय‑खंडों (जैसे आधे घंटे) में भी बाँटा जा सकता है।
कंपनी के अनुसार इन तकनीकी सीमाओं का उद्देश्य प्लेटफ़ॉर्म की विश्वसनीयता और स्थिरता बनाए रखना है।
X के मुताबिक ऐसे नियम लागू करने के पीछे मुख्य कारण हैं:
कंपनी का कहना है कि जब बहुत ज्यादा गतिविधि होती है, तो सीमाएँ सिस्टम को संतुलित रखने में मदद करती हैं।
नई लिमिट और तकनीकी गड़बड़ी एक साथ आने से नाराज़गी बढ़ गई। इसके पीछे दो बड़े कारण थे।
पहला, कई एक्टिव कम्युनिटीज़ — जैसे पत्रकार, फैनडम अकाउंट, मीम पेज और हाई‑एंगेजमेंट क्रिएटर्स — अचानक पहले की तुलना में बहुत कम पोस्ट कर पा रहे थे।
दूसरा, उसी समय पोस्टिंग एरर भी सामने आया, जिससे कुछ यूजर्स नई सीमा तक पहुँचे बिना भी पोस्ट नहीं कर पाए। इससे यह लगा कि समस्या केवल लिमिट की नहीं बल्कि सिस्टम की स्थिरता की भी है।
पिछले महीनों में X को कई बार सर्विस रुकने जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ा है। उदाहरण के तौर पर मार्च 2026 में एक आउटेज के दौरान यूजर्स की टाइमलाइन रिफ्रेश नहीं हो रही थी और पोस्ट या लिंक लोड नहीं हो रहे थे।
ऐसे में जब 19 मई की पोस्टिंग गड़बड़ी सामने आई, तो आलोचकों ने कहा कि प्लेटफ़ॉर्म एक तरफ गतिविधि सीमित कर रहा है, लेकिन दूसरी तरफ तकनीकी स्थिरता अभी भी चुनौती बनी हुई है।
19 मई की “Failed to send post” समस्या उस समय आई जब X फ्री अकाउंट्स के लिए सबसे सख्त पोस्टिंग सीमाओं में से एक लागू कर रहा था। कंपनी का कहना है कि ये नियम सिस्टम पर दबाव कम करने और भरोसेमंद सेवा देने के लिए हैं। लेकिन उसी समय आई गड़बड़ी और हाल के आउटेज के कारण कई यूजर्स को यह बदलाव भरोसे के बजाय और ज्यादा सवाल पैदा करता हुआ लगा।