रिपोर्ट के अनुसार नियामक यह भी देख रहे हैं कि कहीं Arm CPU डिजाइन ब्लूप्रिंट के लाइसेंस को अस्वीकार या कमज़ोर तो नहीं कर रही—ऐसा होने पर अन्य चिप कंपनियों की नई प्रोसेसर विकसित करने की क्षमता प्रभावित हो सकती है।
Arm की लाइसेंसिंग नीतियों को लेकर उद्योग में पहले भी विवाद हो चुके हैं, खासकर Qualcomm के साथ। इन विवादों और शिकायतों ने कई देशों में नियामकों का ध्यान आकर्षित किया है।
Qualcomm का आरोप रहा है कि Arm कुछ स्थितियों में अपनी तकनीक तक पहुंच सीमित कर सकती है, जिससे प्रतिस्पर्धा को नुकसान पहुंच सकता है।
यह मुद्दा इसलिए भी बड़ा है क्योंकि कई बड़ी टेक कंपनियां—जैसे Apple और Nvidia—अपने प्रोसेसर डिजाइन के लिए Arm की आर्किटेक्चर पर निर्भर करती हैं। अगर लाइसेंसिंग शर्तों में बदलाव होता है, तो इसका असर पूरे सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम पर पड़ सकता है।
कंपनी ने जांच पर सीधे टिप्पणी करने से इनकार किया है। रिपोर्ट के अनुसार Arm ने कहा कि वह नियामकों के साथ अपनी विशेष बातचीत पर सार्वजनिक टिप्पणी नहीं करती।
यह जांच सिर्फ अमेरिका तक सीमित नहीं है। कई अन्य देशों के नियामक भी Arm की लाइसेंसिंग प्रणाली पर नजर रख रहे हैं।
उदाहरण के लिए, दक्षिण कोरिया के Fair Trade Commission ने भी कंपनी के सियोल कार्यालय का निरीक्षण किया था। यह जांच इस बात से जुड़ी थी कि क्या Arm अपनी चिप‑आर्किटेक्चर तकनीक तक पहुंच सीमित कर रही है।
रिपोर्टों के अनुसार यह कार्रवाई आंशिक रूप से Qualcomm की शिकायत के बाद शुरू हुई थी और इसमें यह देखा जा रहा है कि क्या Arm अपने पारंपरिक खुले लाइसेंसिंग मॉडल से हटकर प्रतिस्पर्धा को प्रभावित कर रही है।
Arm लंबे समय से प्रतिस्पर्धा से जुड़े नियामकीय ध्यान का केंद्र रहा है। 2021 में FTC ने Nvidia द्वारा Arm को लगभग 40 अरब डॉलर में खरीदने की योजना को रोकने के लिए मुकदमा दायर किया था, यह कहते हुए कि इससे एक कंपनी को ऐसी तकनीक पर नियंत्रण मिल जाएगा जिस पर कई प्रतिस्पर्धी निर्भर हैं।
Arm का लाइसेंसिंग मॉडल वैश्विक चिप उद्योग के केंद्र में है। सैकड़ों कंपनियां इसके डिजाइन पर आधारित प्रोसेसर बनाती हैं—स्मार्टफोन से लेकर डेटा सेंटर और AI चिप्स तक।
इसी वजह से नियामक यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि Arm की तकनीक तक पहुंच निष्पक्ष और प्रतिस्पर्धी बनी रहे। जांच अभी जारी है और फिलहाल FTC ने कोई औपचारिक आरोप या अंतिम निष्कर्ष घोषित नहीं किया है।
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