जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले फोन वैश्विक स्मार्टफोन बिक्री के 29% तक पहुंच गए, जो जनवरी 2025 में 10% था। OPPO A7 Pro Max में 10,000mAh की सिंगल सेल बैटरी और 80W वायर्ड चार्जिंग दी गई है, जो बड़े बैटरी वाले मुख्यधारा फोन की दिशा दिखाती है। सिलिकॉन, ग्रेफाइट की तुलना में सैद्धांतिक रूप से कहीं अधिक...
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शोध उत्तर

Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: How is the smartphone industry entering a 10,000mAh battery era in 2026—illustrated by OPPO’s July 30 launch of the 10,000mAh A7 Pro Max alo. Article summary: The shift is real, but some headline figures need correction. OPPO announced the A7 Pro Max on July 30 and released it in China on August 4, with a 10,000mAh single-cell silicon-carbon battery and 80W charging—not a July. Topic tags: general, general web, government, academic, user generated. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, wate
बड़ी बैटरी अब केवल खास रग्ड या भारी-भरकम फोन का फीचर नहीं रह गई है। जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले स्मार्टफोन वैश्विक बिक्री के 29% हिस्से तक पहुंच गए, जबकि जनवरी 2025 में यह हिस्सा सिर्फ 10% था। इस श्रेणी के सबसे ज्यादा बिकने वाले 10 मॉडलों में से छह में सिलिकॉन-कार्बन बैटरी तकनीक इस्तेमाल हुई। 51
इस बदलाव की एक स्पष्ट मिसाल OPPO A7 Pro Max है। OPPO ने इसे 30 जुलाई 2026 को घोषित किया और 4 अगस्त को चीन में जारी किया। फोन में 10,000mAh की सामान्य (typical) क्षमता वाली सिंगल-सेल बैटरी, 80W वायर्ड चार्जिंग और 9,700mAh की रेटेड क्षमता दी गई है। 33
39 इसका अर्थ यह नहीं कि हर फोन तुरंत 10,000mAh पर पहुंच जाएगा। असली बात यह है कि बैटरी क्षमता अब कंपनियों के बीच प्रतिस्पर्धा का बड़ा मोर्चा बन चुकी है—और सिलिकॉन-कार्बन एनोड बड़े सेल को सामान्य फोन डिजाइन में संभव बना रहे हैं।
हाल के वर्षों में 5,000mAh को स्मार्टफोन बैटरी का परिचित मानक माना जाता था। लेकिन जनवरी 2026 में वैश्विक औसत बैटरी क्षमता 5,291mAh तक पहुंच गई, जो साल-दर-साल करीब 400mAh अधिक है। 51
कारण सीधा है: आज के फोन को तेज और चमकदार डिस्प्ले, मोबाइल नेटवर्क, कैमरा, मैप्स व नेविगेशन, वीडियो, गेम और लगातार चलने वाले ऑन-डिवाइस प्रोसेसिंग कार्य संभालने पड़ते हैं। ज्यादा क्षमता कंपनियों को बेहद पतले डिजाइन के लिए बैकअप घटाने के बजाय भरोसेमंद पूरे-दिन या कई-दिन की बैटरी लाइफ देने की गुंजाइश देती है।
यह बदलाव अलग-अलग तरह के फोन में अलग रूप ले रहा है:
पारंपरिक लिथियम-आयन बैटरियों के एनोड में सामान्यतः ग्रेफाइट इस्तेमाल होता है। ग्रेफाइट की सैद्धांतिक विशिष्ट क्षमता करीब 372mAh प्रति ग्राम है। इसके विपरीत, एक प्रचलित लिथिएटेड अवस्था में सिलिकॉन की सैद्धांतिक क्षमता लगभग 3,579mAh प्रति ग्राम हो सकती है—यानी करीब 10 गुना। 17
20
इसका मतलब यह नहीं कि सिलिकॉन वाला फोन 10 गुना ज्यादा ऊर्जा स्टोर करेगा। पूरी बैटरी सेल की क्षमता कैथोड, इलेक्ट्रोलाइट, सेपरेटर, करंट कलेक्टर, पैकेजिंग, निष्क्रिय सामग्री, सुरक्षा मार्जिन और इस्तेमाल किए जा सकने वाले सिलिकॉन की वास्तविक मात्रा पर भी निर्भर करती है। फिर भी, एनोड में सिलिकॉन मिलाने से ऊर्जा घनत्व इतना बढ़ सकता है कि सीमित फोन बॉडी में उपयोगी अतिरिक्त क्षमता मिल सके।
इसीलिए मौजूदा व्यावसायिक तरीका शुद्ध सिलिकॉन नहीं, बल्कि सिलिकॉन-कार्बन है। कार्बन चालकता और यांत्रिक स्थिरता में मदद करता है, जबकि सिलिकॉन ज्यादा लिथियम स्टोर करने की क्षमता देता है। OPPO अपनी नई सामग्री को मालिकाना गोलाकार सिलिकॉन-कार्बन संरचना बताता है, जिसमें अधिक नैनो-पोरोसिटी है। कंपनी के अनुसार, इसका उद्देश्य संरचनात्मक मजबूती बढ़ाना और SEI (सॉलिड-इलेक्ट्रोलाइट इंटरफेस) पर होने वाली अवांछित प्रतिक्रियाओं को कम करना है। 2
सिलिकॉन की क्षमता के साथ बड़ी टिकाऊपन चुनौती जुड़ी है। लिथिएशन के दौरान शुद्ध सिलिकॉन 300% से अधिक फैल सकता है, जबकि ग्रेफाइट का फैलाव करीब 10% होता है। 17
22
यह फैलाव कणों में दरार, इलेक्ट्रोड संरचना को नुकसान, अस्थिर SEI परत, इलेक्ट्रोलाइट की खपत, प्रतिरोध में वृद्धि और तेजी से क्षमता घटने जैसी समस्याएं पैदा कर सकता है। 17
22
इसी वजह से विकास का केंद्र केवल सिलिकॉन प्रतिशत बढ़ाना नहीं, बल्कि सामग्री इंजीनियरिंग है। नैनो-आकार सिलिकॉन कण, फैलाव के लिए खाली जगह वाली छिद्रयुक्त संरचनाएं, कार्बन कोटिंग, मजबूत बाइंडर, इलेक्ट्रोलाइट एडिटिव और अधिक एकरूप इलेक्ट्रोड निर्माण जैसे उपाय महत्वपूर्ण हैं। शोध साहित्य में ज्यादा सिलिकॉन लोडिंग पर आयतन विस्तार, अस्थिर SEI, कम चालकता और अपरिवर्तनीय क्षमता हानि को मुख्य बाधाएं माना गया है। 17
23
सरल शब्दों में: सिलिकॉन की मात्रा बढ़ाने से क्षमता तो बढ़ सकती है, लेकिन सैकड़ों या हजारों चार्ज चक्रों तक बैटरी को स्थिर रखना भी उतना ही मुश्किल होता जाता है।
OPPO का कहना है कि A7 Pro Max में पेटेंटेड गोलाकार सिलिकॉन-कार्बन एनोड सामग्री, बैटरी-लॉन्गेविटी एल्गोरिदम और पांच पावर-मैनेजमेंट चिप्स दिए गए हैं। आधिकारिक स्पेसिफिकेशन में 10,000mAh/37.5Wh की सामान्य क्षमता वाली सिंगल-सेल बैटरी दर्ज है। कंपनी का दावा है कि अपनी लैब परीक्षण स्थितियों में 1,500 पूर्ण चार्ज-डिस्चार्ज चक्रों के बाद भी इसमें कम से कम 80% क्षमता बची रहती है। 33
इन्हें स्वतंत्र वास्तविक-उपयोग परिणाम नहीं, बल्कि निर्माता के दावे के रूप में देखना चाहिए। फिर भी, ये बड़ी फोन बैटरी की उभरती दोहरी रणनीति बताते हैं:
सॉफ्टवेयर और पावर-मैनेजमेंट हार्डवेयर सिलिकॉन का फैलाव खत्म नहीं कर सकते, लेकिन चार्जिंग और उपयोग से पड़ने वाला तनाव कम कर सकते हैं। इससे अधिक क्षमता वाले सेल का लंबे समय तक व्यावहारिक इस्तेमाल आसान हो सकता है।
10,000mAh का लेबल किसी तय संख्या में बैटरी दिनों की गारंटी नहीं है। स्क्रीन ब्राइटनेस, नेटवर्क सिग्नल, सॉफ्टवेयर, प्रोसेसर दक्षता, तापमान और इस्तेमाल की आदतें बैटरी बैकअप को काफी बदल सकती हैं। साथ ही, typical capacity और rated capacity का फर्क समझना जरूरी है: OPPO A7 Pro Max के लिए 10,000mAh सामान्य क्षमता और 9,700mAh रेटेड क्षमता बताता है। 33
फिर भी, क्षमता मायने रखती है। यह उन लोगों के लिए बड़ा ऊर्जा भंडार देती है जो लंबे समय तक चार्जर से दूर रहते हैं, अक्सर यात्रा करते हैं, नेविगेशन का भारी उपयोग करते हैं, वीडियो देखते हैं, गेम खेलते हैं या बस बार-बार चार्ज करने की चिंता कम करना चाहते हैं।
बदले में, सबसे बड़ी बैटरियां शुरुआत में ऐसे फोन में ज्यादा दिख सकती हैं जिनका डिजाइन हल्के से हल्का वजन रखने के बजाय बैकअप पर केंद्रित हो। उदाहरण के लिए, A7 Pro Max की मोटाई 8.57mm है और रंग के आधार पर इसका सूचीबद्ध वजन 224g या 226g है। 45
निकट भविष्य में 6,000mAh या उससे अधिक क्षमता वाले फोन का फैलाव बढ़ने की संभावना है; इस श्रेणी ने पहले ही बिक्री में उल्लेखनीय हिस्सेदारी हासिल कर ली है। 51 प्रीमियम स्मार्टफोन पतला प्रोफाइल बचाते हुए क्षमता बढ़ाने के लिए सिलिकॉन-कार्बन रसायन का इस्तेमाल जारी रख सकते हैं। वहीं, बैटरी-केंद्रित मिड-रेंज डिवाइस में 8,000mAh से 10,000mAh एक ज्यादा स्पष्ट अंतर पैदा करने वाला फीचर बन सकता है।
लंबी अवधि की दिशा आज की सिलिकॉन-कार्बन लिथियम-आयन सेल से आगे जाती है। सॉलिड-स्टेट बैटरी और लिथियम-मेटल एनोड को अधिक ऊर्जा घनत्व के संभावित रास्ते के तौर पर देखा जाता है, लेकिन इनमें इंटरफेस स्थिरता, निर्माण, चार्जिंग और लागत की अपनी चुनौतियां हैं। इसलिए सिलिकॉन-कार्बन को एक व्यावहारिक पुल तकनीक समझना बेहतर है: यह अभी ऊर्जा घनत्व बढ़ाने का व्यावसायिक रूप से सक्रिय तरीका है, मोबाइल बैटरी का अंतिम रूप नहीं। 18
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फिलहाल सबसे अहम बदलाव साफ है: 10,000mAh फोन अब केवल असामान्य, जरूरत से ज्यादा बड़े हार्डवेयर तक सीमित विचार नहीं रह गया है। उद्योग की अगली परीक्षा इसे टिकाऊ, किफायती, तेज-चार्जिंग और मुख्यधारा के खरीदारों के लिए पर्याप्त पतला बनाना है।
Studio Global AI
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले फोन वैश्विक स्मार्टफोन बिक्री के 29% तक पहुंच गए, जो जनवरी 2025 में 10% था।
जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले फोन वैश्विक स्मार्टफोन बिक्री के 29% तक पहुंच गए, जो जनवरी 2025 में 10% था। OPPO A7 Pro Max में 10,000mAh की सिंगल सेल बैटरी और 80W वायर्ड चार्जिंग दी गई है, जो बड़े बैटरी वाले मुख्यधारा फोन की दिशा दिखाती है।
सिलिकॉन, ग्रेफाइट की तुलना में सैद्धांतिक रूप से कहीं अधिक लिथियम स्टोर कर सकता है, लेकिन इसके 300% से अधिक फैलाव को नियंत्रित करना जरूरी है।
जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले फोन वैश्विक स्मार्टफोन बिक्री के 29% तक पहुंच गए, जो जनवरी 2025 में 10% था। OPPO A7 Pro Max में 10,000mAh की सिंगल सेल बैटरी और 80W वायर्ड चार्जिंग दी गई है, जो बड़े बैटरी वाले मुख्यधारा फोन की दिशा दिखाती है। सिलिकॉन, ग्रेफाइट की तुलना में सैद्धांतिक रूप से कहीं अधिक...
प्रकाशितकर्ताGPT-5.6 Terra से संपादितGPT Image 2 से चित्र बनाए गए
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बड़ी बैटरी अब केवल खास रग्ड या भारी-भरकम फोन का फीचर नहीं रह गई है। जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले स्मार्टफोन वैश्विक बिक्री के 29% हिस्से तक पहुंच गए, जबकि जनवरी 2025 में यह हिस्सा सिर्फ 10% था। इस श्रेणी के सबसे ज्यादा बिकने वाले 10 मॉडलों में से छह में सिलिकॉन-कार्बन बैटरी तकनीक इस्तेमाल हुई। 51
इस बदलाव की एक स्पष्ट मिसाल OPPO A7 Pro Max है। OPPO ने इसे 30 जुलाई 2026 को घोषित किया और 4 अगस्त को चीन में जारी किया। फोन में 10,000mAh की सामान्य (typical) क्षमता वाली सिंगल-सेल बैटरी, 80W वायर्ड चार्जिंग और 9,700mAh की रेटेड क्षमता दी गई है। 33
39 इसका अर्थ यह नहीं कि हर फोन तुरंत 10,000mAh पर पहुंच जाएगा। असली बात यह है कि बैटरी क्षमता अब कंपनियों के बीच प्रतिस्पर्धा का बड़ा मोर्चा बन चुकी है—और सिलिकॉन-कार्बन एनोड बड़े सेल को सामान्य फोन डिजाइन में संभव बना रहे हैं।
हाल के वर्षों में 5,000mAh को स्मार्टफोन बैटरी का परिचित मानक माना जाता था। लेकिन जनवरी 2026 में वैश्विक औसत बैटरी क्षमता 5,291mAh तक पहुंच गई, जो साल-दर-साल करीब 400mAh अधिक है। 51
कारण सीधा है: आज के फोन को तेज और चमकदार डिस्प्ले, मोबाइल नेटवर्क, कैमरा, मैप्स व नेविगेशन, वीडियो, गेम और लगातार चलने वाले ऑन-डिवाइस प्रोसेसिंग कार्य संभालने पड़ते हैं। ज्यादा क्षमता कंपनियों को बेहद पतले डिजाइन के लिए बैकअप घटाने के बजाय भरोसेमंद पूरे-दिन या कई-दिन की बैटरी लाइफ देने की गुंजाइश देती है।
यह बदलाव अलग-अलग तरह के फोन में अलग रूप ले रहा है:
पारंपरिक लिथियम-आयन बैटरियों के एनोड में सामान्यतः ग्रेफाइट इस्तेमाल होता है। ग्रेफाइट की सैद्धांतिक विशिष्ट क्षमता करीब 372mAh प्रति ग्राम है। इसके विपरीत, एक प्रचलित लिथिएटेड अवस्था में सिलिकॉन की सैद्धांतिक क्षमता लगभग 3,579mAh प्रति ग्राम हो सकती है—यानी करीब 10 गुना। 17
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इसका मतलब यह नहीं कि सिलिकॉन वाला फोन 10 गुना ज्यादा ऊर्जा स्टोर करेगा। पूरी बैटरी सेल की क्षमता कैथोड, इलेक्ट्रोलाइट, सेपरेटर, करंट कलेक्टर, पैकेजिंग, निष्क्रिय सामग्री, सुरक्षा मार्जिन और इस्तेमाल किए जा सकने वाले सिलिकॉन की वास्तविक मात्रा पर भी निर्भर करती है। फिर भी, एनोड में सिलिकॉन मिलाने से ऊर्जा घनत्व इतना बढ़ सकता है कि सीमित फोन बॉडी में उपयोगी अतिरिक्त क्षमता मिल सके।
इसीलिए मौजूदा व्यावसायिक तरीका शुद्ध सिलिकॉन नहीं, बल्कि सिलिकॉन-कार्बन है। कार्बन चालकता और यांत्रिक स्थिरता में मदद करता है, जबकि सिलिकॉन ज्यादा लिथियम स्टोर करने की क्षमता देता है। OPPO अपनी नई सामग्री को मालिकाना गोलाकार सिलिकॉन-कार्बन संरचना बताता है, जिसमें अधिक नैनो-पोरोसिटी है। कंपनी के अनुसार, इसका उद्देश्य संरचनात्मक मजबूती बढ़ाना और SEI (सॉलिड-इलेक्ट्रोलाइट इंटरफेस) पर होने वाली अवांछित प्रतिक्रियाओं को कम करना है। 2
सिलिकॉन की क्षमता के साथ बड़ी टिकाऊपन चुनौती जुड़ी है। लिथिएशन के दौरान शुद्ध सिलिकॉन 300% से अधिक फैल सकता है, जबकि ग्रेफाइट का फैलाव करीब 10% होता है। 17
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यह फैलाव कणों में दरार, इलेक्ट्रोड संरचना को नुकसान, अस्थिर SEI परत, इलेक्ट्रोलाइट की खपत, प्रतिरोध में वृद्धि और तेजी से क्षमता घटने जैसी समस्याएं पैदा कर सकता है। 17
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इसी वजह से विकास का केंद्र केवल सिलिकॉन प्रतिशत बढ़ाना नहीं, बल्कि सामग्री इंजीनियरिंग है। नैनो-आकार सिलिकॉन कण, फैलाव के लिए खाली जगह वाली छिद्रयुक्त संरचनाएं, कार्बन कोटिंग, मजबूत बाइंडर, इलेक्ट्रोलाइट एडिटिव और अधिक एकरूप इलेक्ट्रोड निर्माण जैसे उपाय महत्वपूर्ण हैं। शोध साहित्य में ज्यादा सिलिकॉन लोडिंग पर आयतन विस्तार, अस्थिर SEI, कम चालकता और अपरिवर्तनीय क्षमता हानि को मुख्य बाधाएं माना गया है। 17
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सरल शब्दों में: सिलिकॉन की मात्रा बढ़ाने से क्षमता तो बढ़ सकती है, लेकिन सैकड़ों या हजारों चार्ज चक्रों तक बैटरी को स्थिर रखना भी उतना ही मुश्किल होता जाता है।
OPPO का कहना है कि A7 Pro Max में पेटेंटेड गोलाकार सिलिकॉन-कार्बन एनोड सामग्री, बैटरी-लॉन्गेविटी एल्गोरिदम और पांच पावर-मैनेजमेंट चिप्स दिए गए हैं। आधिकारिक स्पेसिफिकेशन में 10,000mAh/37.5Wh की सामान्य क्षमता वाली सिंगल-सेल बैटरी दर्ज है। कंपनी का दावा है कि अपनी लैब परीक्षण स्थितियों में 1,500 पूर्ण चार्ज-डिस्चार्ज चक्रों के बाद भी इसमें कम से कम 80% क्षमता बची रहती है। 33
इन्हें स्वतंत्र वास्तविक-उपयोग परिणाम नहीं, बल्कि निर्माता के दावे के रूप में देखना चाहिए। फिर भी, ये बड़ी फोन बैटरी की उभरती दोहरी रणनीति बताते हैं:
सॉफ्टवेयर और पावर-मैनेजमेंट हार्डवेयर सिलिकॉन का फैलाव खत्म नहीं कर सकते, लेकिन चार्जिंग और उपयोग से पड़ने वाला तनाव कम कर सकते हैं। इससे अधिक क्षमता वाले सेल का लंबे समय तक व्यावहारिक इस्तेमाल आसान हो सकता है।
10,000mAh का लेबल किसी तय संख्या में बैटरी दिनों की गारंटी नहीं है। स्क्रीन ब्राइटनेस, नेटवर्क सिग्नल, सॉफ्टवेयर, प्रोसेसर दक्षता, तापमान और इस्तेमाल की आदतें बैटरी बैकअप को काफी बदल सकती हैं। साथ ही, typical capacity और rated capacity का फर्क समझना जरूरी है: OPPO A7 Pro Max के लिए 10,000mAh सामान्य क्षमता और 9,700mAh रेटेड क्षमता बताता है। 33
फिर भी, क्षमता मायने रखती है। यह उन लोगों के लिए बड़ा ऊर्जा भंडार देती है जो लंबे समय तक चार्जर से दूर रहते हैं, अक्सर यात्रा करते हैं, नेविगेशन का भारी उपयोग करते हैं, वीडियो देखते हैं, गेम खेलते हैं या बस बार-बार चार्ज करने की चिंता कम करना चाहते हैं।
बदले में, सबसे बड़ी बैटरियां शुरुआत में ऐसे फोन में ज्यादा दिख सकती हैं जिनका डिजाइन हल्के से हल्का वजन रखने के बजाय बैकअप पर केंद्रित हो। उदाहरण के लिए, A7 Pro Max की मोटाई 8.57mm है और रंग के आधार पर इसका सूचीबद्ध वजन 224g या 226g है। 45
निकट भविष्य में 6,000mAh या उससे अधिक क्षमता वाले फोन का फैलाव बढ़ने की संभावना है; इस श्रेणी ने पहले ही बिक्री में उल्लेखनीय हिस्सेदारी हासिल कर ली है। 51 प्रीमियम स्मार्टफोन पतला प्रोफाइल बचाते हुए क्षमता बढ़ाने के लिए सिलिकॉन-कार्बन रसायन का इस्तेमाल जारी रख सकते हैं। वहीं, बैटरी-केंद्रित मिड-रेंज डिवाइस में 8,000mAh से 10,000mAh एक ज्यादा स्पष्ट अंतर पैदा करने वाला फीचर बन सकता है।
लंबी अवधि की दिशा आज की सिलिकॉन-कार्बन लिथियम-आयन सेल से आगे जाती है। सॉलिड-स्टेट बैटरी और लिथियम-मेटल एनोड को अधिक ऊर्जा घनत्व के संभावित रास्ते के तौर पर देखा जाता है, लेकिन इनमें इंटरफेस स्थिरता, निर्माण, चार्जिंग और लागत की अपनी चुनौतियां हैं। इसलिए सिलिकॉन-कार्बन को एक व्यावहारिक पुल तकनीक समझना बेहतर है: यह अभी ऊर्जा घनत्व बढ़ाने का व्यावसायिक रूप से सक्रिय तरीका है, मोबाइल बैटरी का अंतिम रूप नहीं। 18
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फिलहाल सबसे अहम बदलाव साफ है: 10,000mAh फोन अब केवल असामान्य, जरूरत से ज्यादा बड़े हार्डवेयर तक सीमित विचार नहीं रह गया है। उद्योग की अगली परीक्षा इसे टिकाऊ, किफायती, तेज-चार्जिंग और मुख्यधारा के खरीदारों के लिए पर्याप्त पतला बनाना है।
Studio Global AI
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले फोन वैश्विक स्मार्टफोन बिक्री के 29% तक पहुंच गए, जो जनवरी 2025 में 10% था।
जनवरी 2026 में 6,000mAh या उससे अधिक बैटरी वाले फोन वैश्विक स्मार्टफोन बिक्री के 29% तक पहुंच गए, जो जनवरी 2025 में 10% था। OPPO A7 Pro Max में 10,000mAh की सिंगल सेल बैटरी और 80W वायर्ड चार्जिंग दी गई है, जो बड़े बैटरी वाले मुख्यधारा फोन की दिशा दिखाती है।
सिलिकॉन, ग्रेफाइट की तुलना में सैद्धांतिक रूप से कहीं अधिक लिथियम स्टोर कर सकता है, लेकिन इसके 300% से अधिक फैलाव को नियंत्रित करना जरूरी है।