सितंबर में Fed की संभावित कटौती से डॉलर पर दबाव, USD/JPY क्यों बना फोकस?
बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं। USD/JPY पर येन को अतिरिक्त समर्थन मिला, क्योंकि निवेशक Bank of Japan की संभावित सख्ती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट की उम्मीद कर रहे थे...
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बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं।
USD/JPY पर येन को अतिरिक्त समर्थन मिला, क्योंकि निवेशक Bank of Japan की संभावित सख्ती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट की उम्मीद कर रहे थे।
आउटलुक अभी शर्तों पर निर्भर है: नरम Fed और अधिक आक्रामक BOJ येन को मजबूत कर सकते हैं, जबकि दोनों केंद्रीय बैंकों की देरी USD/JPY को 156–161 के दायरे में रख सकती है।
How did growing expectations of a Federal Reserve rate cut at its September 16 meeting drive the US dollar lower against the yen, euro, NewExpectations for Fed easing shifted the dollar outlook while BOJ policy kept USD/JPY in focus.
AI संकेत
Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: How did growing expectations of a Federal Reserve rate cut at its September 16 meeting drive the US dollar lower against the yen, euro, New. Article summary: Growing expectations of a September Fed cut weakened the dollar by lowering expected returns on dollar assets and compressing U.S. yield advantages. The effect was broad—lifting the euro, pound, and New Zealand dollar—an. Topic tags: general, government, news, general web. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermarks, charts with f
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बाजारों ने जुलाई में Federal Reserve के दरें स्थिर रखने वाले फैसले पर प्रतिक्रिया देने के बजाय सितंबर की बैठक को पहले से कीमतों में शामिल करना शुरू कर दिया। इसका सीधा असर अमेरिकी डॉलर पर पड़ा। EUR/USD और GBP/USD ऊपर गए, NZD/USD में तेजी आई और USD/JPY नीचे आया—क्योंकि निवेशक अमेरिका और जापान के बीच ब्याज दरों का अंतर कम होने की संभावना पर विचार कर रहे थे।
यह पूरी चाल बाजार की उम्मीदों से जुड़ी थी। यदि ट्रेडरों को अमेरिकी ब्याज दरों में कमी की आशंका हो, तो डॉलर आधारित परिसंपत्तियां रखने से मिलने वाला भविष्य का लाभ कम आकर्षक लगता है। इससे अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड पर दबाव, डॉलर की मांग में कमी और अन्य मुद्राओं की ओर निवेश का रुख देखने को मिल सकता है। जुलाई में Fed की नीति दर नहीं बदली थी—Federal Open Market Committee ने फेडरल फंड्स दर का लक्ष्य 3.50%–3.75% पर बनाए रखा—लेकिन अब दरों के संभावित अगले रास्ते का महत्व बढ़ रहा था।
प्रमुख करेंसी पेयर्स में क्या हुआ?
21 अगस्त के बाजार आंकड़ों में कई प्रमुख करेंसी पेयर्स में डॉलर दबाव में दिखा:
EUR/USD: यह जोड़ी करीब 1.168 पर कारोबार कर रही थी और सत्र के दौरान कुछ समय के लिए 1.17 के ऊपर भी गई। European Central Bank की संदर्भ दर 1 यूरो के लिए 1.1699 डॉलर थी।
Studio Global AI
अपना शोध जारी रखें
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
"सितंबर में Fed की संभावित कटौती से डॉलर पर दबाव, USD/JPY क्यों बना फोकस?" का संक्षिप्त उत्तर क्या है?
बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं।
सबसे पहले सत्यापित करने योग्य मुख्य बिंदु क्या हैं?
बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं। USD/JPY पर येन को अतिरिक्त समर्थन मिला, क्योंकि निवेशक Bank of Japan की संभावित सख्ती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट की उम्मीद कर रहे थे।
मुझे अभ्यास में आगे क्या करना चाहिए?
आउटलुक अभी शर्तों पर निर्भर है: नरम Fed और अधिक आक्रामक BOJ येन को मजबूत कर सकते हैं, जबकि दोनों केंद्रीय बैंकों की देरी USD/JPY को 156–161 के दायरे में रख सकती है।
सितंबर में Fed की संभावित कटौती से डॉलर पर दबाव, USD/JPY क्यों बना फोकस?
बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं। USD/JPY पर येन को अतिरिक्त समर्थन मिला, क्योंकि निवेशक Bank of Japan की संभावित सख्ती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट की उम्मीद कर रहे थे...
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बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं।
USD/JPY पर येन को अतिरिक्त समर्थन मिला, क्योंकि निवेशक Bank of Japan की संभावित सख्ती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट की उम्मीद कर रहे थे।
आउटलुक अभी शर्तों पर निर्भर है: नरम Fed और अधिक आक्रामक BOJ येन को मजबूत कर सकते हैं, जबकि दोनों केंद्रीय बैंकों की देरी USD/JPY को 156–161 के दायरे में रख सकती है।
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बाजारों ने जुलाई में Federal Reserve के दरें स्थिर रखने वाले फैसले पर प्रतिक्रिया देने के बजाय सितंबर की बैठक को पहले से कीमतों में शामिल करना शुरू कर दिया। इसका सीधा असर अमेरिकी डॉलर पर पड़ा। EUR/USD और GBP/USD ऊपर गए, NZD/USD में तेजी आई और USD/JPY नीचे आया—क्योंकि निवेशक अमेरिका और जापान के बीच ब्याज दरों का अंतर कम होने की संभावना पर विचार कर रहे थे।
यह पूरी चाल बाजार की उम्मीदों से जुड़ी थी। यदि ट्रेडरों को अमेरिकी ब्याज दरों में कमी की आशंका हो, तो डॉलर आधारित परिसंपत्तियां रखने से मिलने वाला भविष्य का लाभ कम आकर्षक लगता है। इससे अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड पर दबाव, डॉलर की मांग में कमी और अन्य मुद्राओं की ओर निवेश का रुख देखने को मिल सकता है। जुलाई में Fed की नीति दर नहीं बदली थी—Federal Open Market Committee ने फेडरल फंड्स दर का लक्ष्य 3.50%–3.75% पर बनाए रखा—लेकिन अब दरों के संभावित अगले रास्ते का महत्व बढ़ रहा था।
प्रमुख करेंसी पेयर्स में क्या हुआ?
21 अगस्त के बाजार आंकड़ों में कई प्रमुख करेंसी पेयर्स में डॉलर दबाव में दिखा:
EUR/USD: यह जोड़ी करीब 1.168 पर कारोबार कर रही थी और सत्र के दौरान कुछ समय के लिए 1.17 के ऊपर भी गई। European Central Bank की संदर्भ दर 1 यूरो के लिए 1.1699 डॉलर थी।
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इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
"सितंबर में Fed की संभावित कटौती से डॉलर पर दबाव, USD/JPY क्यों बना फोकस?" का संक्षिप्त उत्तर क्या है?
बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं।
सबसे पहले सत्यापित करने योग्य मुख्य बिंदु क्या हैं?
बाजारों ने सितंबर में Fed की संभावित नरमी को ध्यान में रखना शुरू किया, जिससे डॉलर परिसंपत्तियों का अपेक्षित रिटर्न घटा, जबकि जुलाई में Fed ने दरें 3.50%–3.75% पर बरकरार रखी थीं। USD/JPY पर येन को अतिरिक्त समर्थन मिला, क्योंकि निवेशक Bank of Japan की संभावित सख्ती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट की उम्मीद कर रहे थे।
मुझे अभ्यास में आगे क्या करना चाहिए?
आउटलुक अभी शर्तों पर निर्भर है: नरम Fed और अधिक आक्रामक BOJ येन को मजबूत कर सकते हैं, जबकि दोनों केंद्रीय बैंकों की देरी USD/JPY को 156–161 के दायरे में रख सकती है।
GBP/USD: पाउंड करीब 1.3645 तक पहुंचा और 1.3676 का स्तर परखा।
NZD/USD: न्यूजीलैंड डॉलर लगभग 0.598 तक चढ़ा। प्रमुख मुद्राओं में यह सत्र की अपेक्षाकृत मजबूत चालों में शामिल रहा।
USD/JPY: यह जोड़ी 158.86–158.95 की ओर फिसली। The Wall Street Journal के आंकड़ों में 21 अगस्त का बंद स्तर 158.95 रहा, जबकि अन्य बाजार आंकड़ों में 158.86 दर्ज किया गया।
इन चालों को इस बात का निर्णायक प्रमाण नहीं माना जाना चाहिए कि केवल Fed की संभावित एक कटौती से सभी मुद्राएं समान अनुपात में मजबूत हुईं। विनिमय दरों पर स्थानीय आर्थिक आंकड़े, जोखिम लेने की बाजार-रुचि, निवेशकों की पोजिशनिंग और संबंधित केंद्रीय बैंक का अपना रुख भी असर डालता है। फिर भी साझा संकेत यही था कि डॉलर के अपेक्षित ब्याज-दर लाभ का दोबारा आकलन हो रहा था।
येन की प्रतिक्रिया अलग क्यों रही?
येन को संभावित समर्थन का एक और स्रोत मिला: Bank of Japan यानी BOJ की ओर से अधिक प्रभावी मौद्रिक सख्ती की उम्मीद। उपलब्ध बाजार टिप्पणी में Fed की लक्ष्य दर 3.50%–3.75% और BOJ की नीति दर 1% बताई गई, जिससे डॉलर के पक्ष में ब्याज दर का अंतर अभी भी काफी बड़ा था।
यही अंतर उन कैरी ट्रेड्स को समर्थन देता है, जिनमें निवेशक अपेक्षाकृत सस्ते येन में उधार लेकर या येन के जरिए फंडिंग करके अधिक रिटर्न वाली डॉलर परिसंपत्तियां खरीदते हैं। यदि बाजार Fed की दर कटौती और BOJ की सख्ती—दोनों की उम्मीद करे, तो यह अंतर दोनों तरफ से कम हो सकता है। ऐसे में येन के जरिए फंड किए गए डॉलर निवेश का लाभ घटता है और निवेशकों को डॉलर बेचकर येन खरीदने का प्रोत्साहन मिल सकता है।
यहां कोटेशन की दिशा समझना भी जरूरी है। USD/JPY का ऊंचे स्तर से 158.86 तक गिरना बताता है कि 1 डॉलर के बदले कम येन मिल रहे थे; यानी डॉलर के मुकाबले येन मजबूत हुआ। इसका अर्थ येन का कमजोर होना नहीं है। Trading Economics ने 21 अगस्त को USD/JPY दर 158.8600 बताई और कहा कि पिछले एक महीने में येन 2.63% मजबूत हुआ था, हालांकि लंबी अवधि में वह अब भी कमजोर था।
हस्तक्षेप का जोखिम येन की तेजी बढ़ा सकता है
येन ऐसे स्तरों के करीब कारोबार कर रहा था, जहां जापानी अधिकारियों के मुद्रा बाजार में हस्तक्षेप की संभावना पर नजर बनी रहती है। हस्तक्षेप निश्चित नहीं है, लेकिन इसका जोखिम ट्रेडरों को USD/JPY को और ऊपर ले जाने से रोक सकता है। यदि यह जोखिम अमेरिकी यील्ड में गिरावट के साथ जुड़ जाए, तो जोड़ी में गिरावट तेज हो सकती है।
Bank of America के उद्धृत वर्षांत परिदृश्य में येन को लगभग ¥158 से मजबूत होकर प्रति डॉलर ¥149 तक पहुंचते देखा गया। यह अनुमान संभावित समन्वित हस्तक्षेप और आने वाले महीनों में BOJ की दर बढ़ोतरी की संभावना से जुड़ा था। यह बैंक का पूर्वानुमान है, बाजार की निश्चितता या सर्वसम्मत लक्ष्य नहीं।
सितंबर के फैसलों से पहले किन बातों पर नजर रहेगी?
आगे की दिशा इस बात पर निर्भर करेगी कि आने वाले आंकड़े बाजार के कम होते दर-अंतर वाले अनुमान की पुष्टि करते हैं या नहीं। प्रमुख घटनाएं होंगी:
Fed का संवाद और अमेरिकी आंकड़े: नरम संकेत, श्रम बाजार में कमजोरी या महंगाई में कमी अमेरिकी मौद्रिक नीति में ढील की उम्मीद मजबूत कर सकती है। Fed की सितंबर बैठक 15–16 सितंबर को निर्धारित थी।
BOJ का मार्गदर्शन: दर बढ़ोतरी या आगे की सख्ती का स्पष्ट संकेत येन को अतिरिक्त समर्थन दे सकता है, खासकर तब जब अमेरिकी यील्ड भी गिर रही हो।
Jackson Hole संगोष्ठी: Fed के संचार में कोई बदलाव सितंबर के औपचारिक फैसले से पहले ही बाजारों को प्रभावित कर सकता है।
पोजिशनिंग और हस्तक्षेप से जुड़ी खबरें: USD/JPY ऊंचे स्तरों के पास होने के कारण आधिकारिक टिप्पणियां या हस्तक्षेप की उम्मीदें दर-अंतर से कहीं तेज बाजार चाल पैदा कर सकती हैं।
डॉलर के पक्ष में संभावित परिदृश्य
डॉलर की गिरावट स्थायी नहीं मानी जा सकती। यदि Fed दरों में कटौती से पीछे रहता है और BOJ सख्ती टाल देता है, तो अमेरिका-जापान ब्याज दर का अंतर बड़ा बना रहेगा। इससे येन की तेजी सीमित हो सकती है और USD/JPY ऊपरी 150 या निचले 160 के स्तरों के आसपास टिक सकता है।
National Bank of Canada के एक आउटलुक में निकट अवधि के लिए USD/JPY का दायरा लगभग 156–161 रखा गया। इसमें अमेरिकी यील्ड गिरने या BOJ के अधिक आक्रामक होने पर मजबूत येन की संभावना बढ़ती बताई गई। यह दायरा दिखाता है कि बाजार के लिए आगे की नीति-उम्मीदें उतनी ही महत्वपूर्ण थीं जितनी मौजूदा दरें।
निष्कर्ष
अगस्त में डॉलर की कमजोरी इस वजह से आई कि बाजार Fed के अगले कदम को पहले से भांपने लगा था। जुलाई में दरें 3.50%–3.75% पर अपरिवर्तित रहीं, लेकिन संभावित मौद्रिक नरमी ने डॉलर के अपेक्षित यील्ड लाभ को कम किया और यूरो, पाउंड तथा न्यूजीलैंड डॉलर को सहारा दिया। येन को BOJ की सख्ती की उम्मीद और संभावित मुद्रा हस्तक्षेप का अतिरिक्त समर्थन मिला।
USD/JPY के लिए निर्णायक सवाल यह था कि क्या सितंबर में बाजार द्वारा अनुमानित संयोजन सामने आता है—कम आक्रामक Fed और अधिक दृढ़ BOJ। वर्षांत में डॉलर के ¥149 तक पहुंचने का अनुमान एक संभावित परिदृश्य है, निश्चित नतीजा नहीं; वहीं 156–161 का दायरा अधिक सतर्क दृष्टिकोण को दर्शाता है।
GBP/USD: पाउंड करीब 1.3645 तक पहुंचा और 1.3676 का स्तर परखा।
NZD/USD: न्यूजीलैंड डॉलर लगभग 0.598 तक चढ़ा। प्रमुख मुद्राओं में यह सत्र की अपेक्षाकृत मजबूत चालों में शामिल रहा।
USD/JPY: यह जोड़ी 158.86–158.95 की ओर फिसली। The Wall Street Journal के आंकड़ों में 21 अगस्त का बंद स्तर 158.95 रहा, जबकि अन्य बाजार आंकड़ों में 158.86 दर्ज किया गया।
इन चालों को इस बात का निर्णायक प्रमाण नहीं माना जाना चाहिए कि केवल Fed की संभावित एक कटौती से सभी मुद्राएं समान अनुपात में मजबूत हुईं। विनिमय दरों पर स्थानीय आर्थिक आंकड़े, जोखिम लेने की बाजार-रुचि, निवेशकों की पोजिशनिंग और संबंधित केंद्रीय बैंक का अपना रुख भी असर डालता है। फिर भी साझा संकेत यही था कि डॉलर के अपेक्षित ब्याज-दर लाभ का दोबारा आकलन हो रहा था।
येन की प्रतिक्रिया अलग क्यों रही?
येन को संभावित समर्थन का एक और स्रोत मिला: Bank of Japan यानी BOJ की ओर से अधिक प्रभावी मौद्रिक सख्ती की उम्मीद। उपलब्ध बाजार टिप्पणी में Fed की लक्ष्य दर 3.50%–3.75% और BOJ की नीति दर 1% बताई गई, जिससे डॉलर के पक्ष में ब्याज दर का अंतर अभी भी काफी बड़ा था।
यही अंतर उन कैरी ट्रेड्स को समर्थन देता है, जिनमें निवेशक अपेक्षाकृत सस्ते येन में उधार लेकर या येन के जरिए फंडिंग करके अधिक रिटर्न वाली डॉलर परिसंपत्तियां खरीदते हैं। यदि बाजार Fed की दर कटौती और BOJ की सख्ती—दोनों की उम्मीद करे, तो यह अंतर दोनों तरफ से कम हो सकता है। ऐसे में येन के जरिए फंड किए गए डॉलर निवेश का लाभ घटता है और निवेशकों को डॉलर बेचकर येन खरीदने का प्रोत्साहन मिल सकता है।
यहां कोटेशन की दिशा समझना भी जरूरी है। USD/JPY का ऊंचे स्तर से 158.86 तक गिरना बताता है कि 1 डॉलर के बदले कम येन मिल रहे थे; यानी डॉलर के मुकाबले येन मजबूत हुआ। इसका अर्थ येन का कमजोर होना नहीं है। Trading Economics ने 21 अगस्त को USD/JPY दर 158.8600 बताई और कहा कि पिछले एक महीने में येन 2.63% मजबूत हुआ था, हालांकि लंबी अवधि में वह अब भी कमजोर था।
हस्तक्षेप का जोखिम येन की तेजी बढ़ा सकता है
येन ऐसे स्तरों के करीब कारोबार कर रहा था, जहां जापानी अधिकारियों के मुद्रा बाजार में हस्तक्षेप की संभावना पर नजर बनी रहती है। हस्तक्षेप निश्चित नहीं है, लेकिन इसका जोखिम ट्रेडरों को USD/JPY को और ऊपर ले जाने से रोक सकता है। यदि यह जोखिम अमेरिकी यील्ड में गिरावट के साथ जुड़ जाए, तो जोड़ी में गिरावट तेज हो सकती है।
Bank of America के उद्धृत वर्षांत परिदृश्य में येन को लगभग ¥158 से मजबूत होकर प्रति डॉलर ¥149 तक पहुंचते देखा गया। यह अनुमान संभावित समन्वित हस्तक्षेप और आने वाले महीनों में BOJ की दर बढ़ोतरी की संभावना से जुड़ा था। यह बैंक का पूर्वानुमान है, बाजार की निश्चितता या सर्वसम्मत लक्ष्य नहीं।
सितंबर के फैसलों से पहले किन बातों पर नजर रहेगी?
आगे की दिशा इस बात पर निर्भर करेगी कि आने वाले आंकड़े बाजार के कम होते दर-अंतर वाले अनुमान की पुष्टि करते हैं या नहीं। प्रमुख घटनाएं होंगी:
Fed का संवाद और अमेरिकी आंकड़े: नरम संकेत, श्रम बाजार में कमजोरी या महंगाई में कमी अमेरिकी मौद्रिक नीति में ढील की उम्मीद मजबूत कर सकती है। Fed की सितंबर बैठक 15–16 सितंबर को निर्धारित थी।
BOJ का मार्गदर्शन: दर बढ़ोतरी या आगे की सख्ती का स्पष्ट संकेत येन को अतिरिक्त समर्थन दे सकता है, खासकर तब जब अमेरिकी यील्ड भी गिर रही हो।
Jackson Hole संगोष्ठी: Fed के संचार में कोई बदलाव सितंबर के औपचारिक फैसले से पहले ही बाजारों को प्रभावित कर सकता है।
पोजिशनिंग और हस्तक्षेप से जुड़ी खबरें: USD/JPY ऊंचे स्तरों के पास होने के कारण आधिकारिक टिप्पणियां या हस्तक्षेप की उम्मीदें दर-अंतर से कहीं तेज बाजार चाल पैदा कर सकती हैं।
डॉलर के पक्ष में संभावित परिदृश्य
डॉलर की गिरावट स्थायी नहीं मानी जा सकती। यदि Fed दरों में कटौती से पीछे रहता है और BOJ सख्ती टाल देता है, तो अमेरिका-जापान ब्याज दर का अंतर बड़ा बना रहेगा। इससे येन की तेजी सीमित हो सकती है और USD/JPY ऊपरी 150 या निचले 160 के स्तरों के आसपास टिक सकता है।
National Bank of Canada के एक आउटलुक में निकट अवधि के लिए USD/JPY का दायरा लगभग 156–161 रखा गया। इसमें अमेरिकी यील्ड गिरने या BOJ के अधिक आक्रामक होने पर मजबूत येन की संभावना बढ़ती बताई गई। यह दायरा दिखाता है कि बाजार के लिए आगे की नीति-उम्मीदें उतनी ही महत्वपूर्ण थीं जितनी मौजूदा दरें।
निष्कर्ष
अगस्त में डॉलर की कमजोरी इस वजह से आई कि बाजार Fed के अगले कदम को पहले से भांपने लगा था। जुलाई में दरें 3.50%–3.75% पर अपरिवर्तित रहीं, लेकिन संभावित मौद्रिक नरमी ने डॉलर के अपेक्षित यील्ड लाभ को कम किया और यूरो, पाउंड तथा न्यूजीलैंड डॉलर को सहारा दिया। येन को BOJ की सख्ती की उम्मीद और संभावित मुद्रा हस्तक्षेप का अतिरिक्त समर्थन मिला।
USD/JPY के लिए निर्णायक सवाल यह था कि क्या सितंबर में बाजार द्वारा अनुमानित संयोजन सामने आता है—कम आक्रामक Fed और अधिक दृढ़ BOJ। वर्षांत में डॉलर के ¥149 तक पहुंचने का अनुमान एक संभावित परिदृश्य है, निश्चित नतीजा नहीं; वहीं 156–161 का दायरा अधिक सतर्क दृष्टिकोण को दर्शाता है।