सोने और चांदी की कीमतें क्यों उछलीं? Fed की ब्याज दरों पर बदली बाजार की धारणा समझिए
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी। बाजार रिपोर्ट के अनुसार, CME FedWatch ने सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई—यह बिना ब्याज देने वाली कीमती धातुओं के लिए अनुकूल माहौल...
प्रकाशितकर्ताGPT-5.6 Luna से संपादितGPT Image 1.5 से चित्र बनाए गए
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी।
बाजार रिपोर्ट के अनुसार, CME FedWatch ने सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई—यह बिना ब्याज देने वाली कीमती धातुओं के लिए अनुकूल माहौल है।
साप्ताहिक बेरोजगारी दावे, रोजगार आंकड़े और 26 अगस्त को जारी होने वाला PCE महंगाई सूचकांक अगली दिशा तय करेंगे; कमजोर रोजगार और नियंत्रित महंगाई तेजी को बढ़ा सकते हैं, जबकि मजबूत आंकड़े डॉलर और यील्ड को ऊपर ले जा सकते हैं।
How did gold and silver prices rally to their highest levels since early June—with Comex gold futures surpassing $4,550 per ounce, silver exGold and silver have responded sharply to changing expectations for U.S. interest rates, Treasury yields and the dollar.
AI संकेत
Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: How did gold and silver prices rally to their highest levels since early June—with Comex gold futures surpassing $4,550 per ounce, silver ex. Article summary: Gold and silver rallied mainly because softer U.S. labor signals reduced expected returns on cash and bonds, weakening the dollar and lowering yields—the classic macro backdrop for non-yielding precious metals. The move . Topic tags: general, news, general web, government, user generated. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermar
openai.com
अगस्त में सोने और चांदी की तेजी मुख्य रूप से व्यापक आर्थिक बदलावों पर आधारित रही। अमेरिका के कमजोर रोजगार आंकड़ों से Federal Reserve की आगे ब्याज दरें बढ़ाने की संभावना कम हुई। इसके साथ Treasury बॉन्ड की यील्ड और अमेरिकी डॉलर में नरमी आई, जिससे ब्याज नहीं देने वाली कीमती धातुओं को रखने की अवसर-लागत घट गई। केंद्रीय बैंकों की खरीद और सुरक्षित निवेश की मांग ने भी तेजी को अतिरिक्त सहारा दिया। हालांकि, यह उछाल अभी इस बात की गारंटी नहीं है कि सोना जनवरी के रिकॉर्ड स्तर पर दोबारा पहुंच जाएगा।
सोना और चांदी कितनी ऊपर चढ़े?
बाजार रिपोर्टों के मुताबिक, 20 अगस्त को Comex में सोना करीब 4,550 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस और चांदी 67 डॉलर से ऊपर कारोबार कर रही थी। भारत में MCX वायदा कीमतें सोने के लिए करीब ₹1,58,300 प्रति 10 ग्राम और चांदी के लिए लगभग ₹2,40,300 प्रति किलोग्राम बताई गईं। उसी रिपोर्ट में सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई गई।
एक अलग बाजार-आंकड़ा स्नैपशॉट में सोने का सेटलमेंट 4,580.70 डॉलर रहा, जो सत्र में 3.62% की बढ़त थी। चांदी 67.13 डॉलर पर बंद हुई और इसमें 4.83% की तेजी दर्ज की गई। CNBC के अनुसार, अमेरिकी सोना वायदा पर सेटल हुआ, जबकि 19 अगस्त के सत्र में स्पॉट सोना 4 जून के बाद के अपने सबसे ऊंचे स्तर तक पहुंच गया था।
Studio Global AI
अपना शोध जारी रखें
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
"सोने और चांदी की कीमतें क्यों उछलीं? Fed की ब्याज दरों पर बदली बाजार की धारणा समझिए" का संक्षिप्त उत्तर क्या है?
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी।
सबसे पहले सत्यापित करने योग्य मुख्य बिंदु क्या हैं?
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी। बाजार रिपोर्ट के अनुसार, CME FedWatch ने सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई—यह बिना ब्याज देने वाली कीमती धातुओं के लिए अनुकूल माहौल है।
मुझे अभ्यास में आगे क्या करना चाहिए?
साप्ताहिक बेरोजगारी दावे, रोजगार आंकड़े और 26 अगस्त को जारी होने वाला PCE महंगाई सूचकांक अगली दिशा तय करेंगे; कमजोर रोजगार और नियंत्रित महंगाई तेजी को बढ़ा सकते हैं, जबकि मजबूत आंकड़े डॉलर और यील्ड को ऊपर ले जा सकते हैं।
सोने और चांदी की कीमतें क्यों उछलीं? Fed की ब्याज दरों पर बदली बाजार की धारणा समझिए
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी। बाजार रिपोर्ट के अनुसार, CME FedWatch ने सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई—यह बिना ब्याज देने वाली कीमती धातुओं के लिए अनुकूल माहौल...
प्रकाशितकर्ताGPT-5.6 Luna से संपादितGPT Image 1.5 से चित्र बनाए गए
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी।
बाजार रिपोर्ट के अनुसार, CME FedWatch ने सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई—यह बिना ब्याज देने वाली कीमती धातुओं के लिए अनुकूल माहौल है।
साप्ताहिक बेरोजगारी दावे, रोजगार आंकड़े और 26 अगस्त को जारी होने वाला PCE महंगाई सूचकांक अगली दिशा तय करेंगे; कमजोर रोजगार और नियंत्रित महंगाई तेजी को बढ़ा सकते हैं, जबकि मजबूत आंकड़े डॉलर और यील्ड को ऊपर ले जा सकते हैं।
How did gold and silver prices rally to their highest levels since early June—with Comex gold futures surpassing $4,550 per ounce, silver exGold and silver have responded sharply to changing expectations for U.S. interest rates, Treasury yields and the dollar.
AI संकेत
Create a landscape editorial hero image for this Studio Global article: How did gold and silver prices rally to their highest levels since early June—with Comex gold futures surpassing $4,550 per ounce, silver ex. Article summary: Gold and silver rallied mainly because softer U.S. labor signals reduced expected returns on cash and bonds, weakening the dollar and lowering yields—the classic macro backdrop for non-yielding precious metals. The move . Topic tags: general, news, general web, government, user generated. Style: premium digital editorial illustration, source-backed research mood, clean composition, high detail, modern web publication hero. Use reference image context only for broad subject, composition, and topical grounding; do not copy the exact image. Avoid: logos, brand marks, copyrighted characters, real person likenesses, fake screenshots, UI text, readable text, watermar
openai.com
अगस्त में सोने और चांदी की तेजी मुख्य रूप से व्यापक आर्थिक बदलावों पर आधारित रही। अमेरिका के कमजोर रोजगार आंकड़ों से Federal Reserve की आगे ब्याज दरें बढ़ाने की संभावना कम हुई। इसके साथ Treasury बॉन्ड की यील्ड और अमेरिकी डॉलर में नरमी आई, जिससे ब्याज नहीं देने वाली कीमती धातुओं को रखने की अवसर-लागत घट गई। केंद्रीय बैंकों की खरीद और सुरक्षित निवेश की मांग ने भी तेजी को अतिरिक्त सहारा दिया। हालांकि, यह उछाल अभी इस बात की गारंटी नहीं है कि सोना जनवरी के रिकॉर्ड स्तर पर दोबारा पहुंच जाएगा।
सोना और चांदी कितनी ऊपर चढ़े?
बाजार रिपोर्टों के मुताबिक, 20 अगस्त को Comex में सोना करीब 4,550 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस और चांदी 67 डॉलर से ऊपर कारोबार कर रही थी। भारत में MCX वायदा कीमतें सोने के लिए करीब ₹1,58,300 प्रति 10 ग्राम और चांदी के लिए लगभग ₹2,40,300 प्रति किलोग्राम बताई गईं। उसी रिपोर्ट में सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई गई।
एक अलग बाजार-आंकड़ा स्नैपशॉट में सोने का सेटलमेंट 4,580.70 डॉलर रहा, जो सत्र में 3.62% की बढ़त थी। चांदी 67.13 डॉलर पर बंद हुई और इसमें 4.83% की तेजी दर्ज की गई। CNBC के अनुसार, अमेरिकी सोना वायदा पर सेटल हुआ, जबकि 19 अगस्त के सत्र में स्पॉट सोना 4 जून के बाद के अपने सबसे ऊंचे स्तर तक पहुंच गया था।
Studio Global AI
अपना शोध जारी रखें
इस पृष्ठ में एक स्रोत-समर्थित उत्तर शामिल है जिसे आप Studio Global के अंदर जारी रख सकते हैं।
"सोने और चांदी की कीमतें क्यों उछलीं? Fed की ब्याज दरों पर बदली बाजार की धारणा समझिए" का संक्षिप्त उत्तर क्या है?
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी।
सबसे पहले सत्यापित करने योग्य मुख्य बिंदु क्या हैं?
कमजोर अमेरिकी रोजगार संकेतों ने Federal Reserve की आगे दरें बढ़ाने की उम्मीद घटाई, जिससे डॉलर और बॉन्ड यील्ड पर दबाव आया तथा सोने चांदी की मांग बढ़ी। बाजार रिपोर्ट के अनुसार, CME FedWatch ने सितंबर में अमेरिकी ब्याज दरों के अपरिवर्तित रहने की संभावना 67% बताई—यह बिना ब्याज देने वाली कीमती धातुओं के लिए अनुकूल माहौल है।
मुझे अभ्यास में आगे क्या करना चाहिए?
साप्ताहिक बेरोजगारी दावे, रोजगार आंकड़े और 26 अगस्त को जारी होने वाला PCE महंगाई सूचकांक अगली दिशा तय करेंगे; कमजोर रोजगार और नियंत्रित महंगाई तेजी को बढ़ा सकते हैं, जबकि मजबूत आंकड़े डॉलर और यील्ड को ऊपर ले जा सकते हैं।
इन आंकड़ों को एक ही कॉन्ट्रैक्ट या एक ही गणना का हिस्सा नहीं माना जाना चाहिए। उदाहरण के लिए, 4,417 डॉलर से 4,488 डॉलर तक की बढ़त करीब 1.61% होती है, 3.54% नहीं। अलग-अलग कॉन्ट्रैक्ट महीने, सेटलमेंट समय और इंट्राडे तथा क्लोजिंग कीमतों के कारण आंकड़ों में अंतर आ सकता है।
घटती यील्ड और कमजोर डॉलर से धातुओं को कैसे फायदा हुआ?
सोना और चांदी ब्याज नहीं देते। इसलिए जब नकद और सरकारी बॉन्ड से मिलने वाला रिटर्न घटता है, तो इन धातुओं को रखने का तुलनात्मक आकर्षण बढ़ जाता है। हालिया घटनाक्रम इसी दिशा में रहे:
कमजोर रोजगार आंकड़े: जुलाई की रोजगार रिपोर्ट में गैर-कृषि पेरोल में 23,000 की गिरावट दर्ज की गई। बाजार कवरेज के अनुसार, इससे सख्त मौद्रिक नीति के पक्ष में तर्क कमजोर पड़ा।
Treasury यील्ड में नरमी: CME ने बताया कि कमजोर रोजगार आंकड़ों के बाद Treasury यील्ड पर दबाव आया और ब्याज दर बढ़ने की उम्मीद कम हुई, जिसके बीच सोने में तेजी आई।
डॉलर कमजोर हुआ: डॉलर में गिरावट से डॉलर में कीमत वाले कमोडिटी उन निवेशकों के लिए सस्ते हो जाते हैं जो दूसरी मुद्राओं में खरीदारी करते हैं। CNBC ने 19 अगस्त की सोने की तेजी को बॉन्ड यील्ड और डॉलर में गिरावट से जोड़ा।
दर संबंधी अनुमान बदले: Business Standard द्वारा उद्धृत 67% की संभावना से पता चला कि उस समय बाजार सितंबर में दरें स्थिर रहने की ओर काफी झुक चुका था।
यह संयोजन इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे धातुओं में निवेश की अवसर-लागत कम होती है और अंतरराष्ट्रीय निवेशकों की मांग को समर्थन मिलता है। हालांकि, अगर आर्थिक आंकड़े अमेरिकी मौद्रिक नीति की अपेक्षित दिशा बदल दें, तो यह अनुकूल माहौल तेजी से पलट भी सकता है।
केंद्रीय बैंक खरीद और सुरक्षित निवेश की मांग का भी असर
यह तेजी केवल ब्याज दरों की एक दिन की प्रतिक्रिया नहीं थी। CME की कवरेज में केंद्रीय बैंकों द्वारा भंडार बढ़ाने को सोने के दो महीने के उच्च स्तर तक पहुंचने का एक कारण बताया गया। इससे अल्पकालिक दर-आधारित ट्रेड के साथ सोने की मांग की एक दीर्घकालिक कहानी भी जुड़ती है।
जब नीतिगत, आर्थिक या भू-राजनीतिक जोखिमों का आकलन मुश्किल होता है, तब निवेशक सोने की ओर रुख कर सकते हैं। यह सुरक्षित निवेश की मांग घटती यील्ड और कमजोर डॉलर से बनी तेजी को और बढ़ा सकती है। चांदी को भी इसी व्यापक आर्थिक रुझान से फायदा मिला। इसके अलावा, CME की अलग कवरेज में सीमित वैश्विक आपूर्ति को चांदी वायदा के लिए एक अतिरिक्त सहारा बताया गया।
सोना-चांदी और क्रिप्टो में तेजी एक जैसी नहीं
कम ब्याज दरों की उम्मीद Bitcoin और Ether वायदा को भी सहारा दे सकती है, क्योंकि आसान वित्तीय परिस्थितियां जोखिम वाली परिसंपत्तियों में निवेश की रुचि बढ़ा सकती हैं। लेकिन दोनों तरह के ट्रेड का जोखिम प्रोफाइल अलग है।
सोने की तेजी डॉलर, Treasury यील्ड, Fed की नीतिगत उम्मीदों, केंद्रीय बैंक की खरीद और सुरक्षित निवेश की मांग पर आधारित थी। इसके मुकाबले Bitcoin और Ether पर लीवरेज, क्रिप्टो-विशिष्ट पूंजी प्रवाह, व्यापक जोखिम-रुचि और जबरन परिसमापन जैसे कारकों का असर अधिक होता है। उपलब्ध साक्ष्य Bitcoin और Ether वायदा में एक ही समय पर हुई सटीक बढ़त की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करते, इसलिए ऐसी तुलना सावधानी से करनी चाहिए।
तकनीकी संकेत क्या बताते हैं—और क्या नहीं?
उपलब्ध स्रोत CME के दैनिक RSI की बताई गई सटीक रीडिंग या लगभग 5,600 डॉलर के पहले के सोना शिखर के साथ उसकी तुलना की पुष्टि नहीं करते। इसलिए उस RSI अवलोकन को सत्यापित संकेत के रूप में पेश करना सुरक्षित नहीं होगा।
सामान्य तौर पर, RSI का ओवरबॉट क्षेत्र की ओर बढ़ना या उससे ऊपर जाना मजबूत तेजी का संकेत होता है। साथ ही, इससे मुनाफावसूली या कुछ समय के लिए कीमतों में ठहराव का जोखिम भी बढ़ सकता है। केवल RSI के आधार पर यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि सोना किसी पुराने उच्च स्तर पर जरूर लौटेगा। पहले की बाजार कवरेज में सोने को जनवरी के लगभग 5,600 डॉलर के रिकॉर्ड उच्च स्तर से करीब 21% नीचे बताया गया था। इससे स्पष्ट है कि तेजी के बावजूद उस शिखर की पूरी भरपाई अभी नहीं हुई थी।
अब कौन-से आंकड़े तय करेंगे कि तेजी जारी रहेगी या नहीं?
अगला चरण इस बात पर निर्भर करेगा कि आने वाले आर्थिक आंकड़े ब्याज दरों में राहत वाली मौजूदा कहानी को मजबूत करते हैं या उलट देते हैं। बाजार की नजर इन संकेतकों पर रहेगी:
साप्ताहिक शुरुआती और जारी बेरोजगारी दावे: 20 अगस्त के आर्थिक कैलेंडर में दोनों आंकड़ों के साथ Philadelphia Fed विनिर्माण रिपोर्ट भी शामिल थी।
रोजगार रिपोर्ट: जुलाई में पेरोल घटने से बाजार ने आगे मौद्रिक सख्ती की संभावना का दोबारा आकलन किया था।
महंगाई के आंकड़े: जुलाई का PCE मूल्य सूचकांक 26 अगस्त को जारी होना निर्धारित था। यह बताएगा कि कमजोर विकास संकेतों के साथ महंगाई नियंत्रित स्तर पर बनी हुई है या नहीं।
सितंबर का Federal Reserve फैसला: अगर बाजार अतिरिक्त दर बढ़ोतरी की संभावना कम रखता है और Fed दरें स्थिर रखता है, तो कम यील्ड और कमजोर डॉलर का माहौल सोने-चांदी के लिए कायम रह सकता है। इसके विपरीत, मजबूत रोजगार और फिर से बढ़ती महंगाई यील्ड तथा डॉलर को ऊपर ले जा सकती है, जिससे धातुओं पर दबाव बनेगा।
निष्कर्ष
सोने और चांदी में तेजी इसलिए आई क्योंकि अमेरिकी रोजगार परिदृश्य कमजोर पड़ने से Fed की दर बढ़ाने की उम्मीद कम हुई। इसी दौरान Treasury यील्ड और डॉलर नीचे आए। केंद्रीय बैंकों की खरीद, सुरक्षित निवेश की मांग और चांदी की आपूर्ति संबंधी चिंताओं ने इस चाल को और मजबूत किया।
फिर भी तेजी का अगला चरण आर्थिक आंकड़ों पर निर्भर है। रोजगार में कमजोरी और नियंत्रित महंगाई धातुओं को समर्थन दे सकती है, जबकि मजबूत आर्थिक आंकड़े या यील्ड और डॉलर में वापसी मुनाफावसूली तथा गिरावट का कारण बन सकती है। तेजी मजबूत है, लेकिन अभी यह प्रमाण नहीं कि सोना जनवरी के सर्वकालिक उच्च स्तर को फिर हासिल कर लेगा।
cmegroup.comGold futures rose as soft jobs data pressured Treasury yields.
इन आंकड़ों को एक ही कॉन्ट्रैक्ट या एक ही गणना का हिस्सा नहीं माना जाना चाहिए। उदाहरण के लिए, 4,417 डॉलर से 4,488 डॉलर तक की बढ़त करीब 1.61% होती है, 3.54% नहीं। अलग-अलग कॉन्ट्रैक्ट महीने, सेटलमेंट समय और इंट्राडे तथा क्लोजिंग कीमतों के कारण आंकड़ों में अंतर आ सकता है।
घटती यील्ड और कमजोर डॉलर से धातुओं को कैसे फायदा हुआ?
सोना और चांदी ब्याज नहीं देते। इसलिए जब नकद और सरकारी बॉन्ड से मिलने वाला रिटर्न घटता है, तो इन धातुओं को रखने का तुलनात्मक आकर्षण बढ़ जाता है। हालिया घटनाक्रम इसी दिशा में रहे:
कमजोर रोजगार आंकड़े: जुलाई की रोजगार रिपोर्ट में गैर-कृषि पेरोल में 23,000 की गिरावट दर्ज की गई। बाजार कवरेज के अनुसार, इससे सख्त मौद्रिक नीति के पक्ष में तर्क कमजोर पड़ा।
Treasury यील्ड में नरमी: CME ने बताया कि कमजोर रोजगार आंकड़ों के बाद Treasury यील्ड पर दबाव आया और ब्याज दर बढ़ने की उम्मीद कम हुई, जिसके बीच सोने में तेजी आई।
डॉलर कमजोर हुआ: डॉलर में गिरावट से डॉलर में कीमत वाले कमोडिटी उन निवेशकों के लिए सस्ते हो जाते हैं जो दूसरी मुद्राओं में खरीदारी करते हैं। CNBC ने 19 अगस्त की सोने की तेजी को बॉन्ड यील्ड और डॉलर में गिरावट से जोड़ा।
दर संबंधी अनुमान बदले: Business Standard द्वारा उद्धृत 67% की संभावना से पता चला कि उस समय बाजार सितंबर में दरें स्थिर रहने की ओर काफी झुक चुका था।
यह संयोजन इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे धातुओं में निवेश की अवसर-लागत कम होती है और अंतरराष्ट्रीय निवेशकों की मांग को समर्थन मिलता है। हालांकि, अगर आर्थिक आंकड़े अमेरिकी मौद्रिक नीति की अपेक्षित दिशा बदल दें, तो यह अनुकूल माहौल तेजी से पलट भी सकता है।
केंद्रीय बैंक खरीद और सुरक्षित निवेश की मांग का भी असर
यह तेजी केवल ब्याज दरों की एक दिन की प्रतिक्रिया नहीं थी। CME की कवरेज में केंद्रीय बैंकों द्वारा भंडार बढ़ाने को सोने के दो महीने के उच्च स्तर तक पहुंचने का एक कारण बताया गया। इससे अल्पकालिक दर-आधारित ट्रेड के साथ सोने की मांग की एक दीर्घकालिक कहानी भी जुड़ती है।
जब नीतिगत, आर्थिक या भू-राजनीतिक जोखिमों का आकलन मुश्किल होता है, तब निवेशक सोने की ओर रुख कर सकते हैं। यह सुरक्षित निवेश की मांग घटती यील्ड और कमजोर डॉलर से बनी तेजी को और बढ़ा सकती है। चांदी को भी इसी व्यापक आर्थिक रुझान से फायदा मिला। इसके अलावा, CME की अलग कवरेज में सीमित वैश्विक आपूर्ति को चांदी वायदा के लिए एक अतिरिक्त सहारा बताया गया।
सोना-चांदी और क्रिप्टो में तेजी एक जैसी नहीं
कम ब्याज दरों की उम्मीद Bitcoin और Ether वायदा को भी सहारा दे सकती है, क्योंकि आसान वित्तीय परिस्थितियां जोखिम वाली परिसंपत्तियों में निवेश की रुचि बढ़ा सकती हैं। लेकिन दोनों तरह के ट्रेड का जोखिम प्रोफाइल अलग है।
सोने की तेजी डॉलर, Treasury यील्ड, Fed की नीतिगत उम्मीदों, केंद्रीय बैंक की खरीद और सुरक्षित निवेश की मांग पर आधारित थी। इसके मुकाबले Bitcoin और Ether पर लीवरेज, क्रिप्टो-विशिष्ट पूंजी प्रवाह, व्यापक जोखिम-रुचि और जबरन परिसमापन जैसे कारकों का असर अधिक होता है। उपलब्ध साक्ष्य Bitcoin और Ether वायदा में एक ही समय पर हुई सटीक बढ़त की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करते, इसलिए ऐसी तुलना सावधानी से करनी चाहिए।
तकनीकी संकेत क्या बताते हैं—और क्या नहीं?
उपलब्ध स्रोत CME के दैनिक RSI की बताई गई सटीक रीडिंग या लगभग 5,600 डॉलर के पहले के सोना शिखर के साथ उसकी तुलना की पुष्टि नहीं करते। इसलिए उस RSI अवलोकन को सत्यापित संकेत के रूप में पेश करना सुरक्षित नहीं होगा।
सामान्य तौर पर, RSI का ओवरबॉट क्षेत्र की ओर बढ़ना या उससे ऊपर जाना मजबूत तेजी का संकेत होता है। साथ ही, इससे मुनाफावसूली या कुछ समय के लिए कीमतों में ठहराव का जोखिम भी बढ़ सकता है। केवल RSI के आधार पर यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि सोना किसी पुराने उच्च स्तर पर जरूर लौटेगा। पहले की बाजार कवरेज में सोने को जनवरी के लगभग 5,600 डॉलर के रिकॉर्ड उच्च स्तर से करीब 21% नीचे बताया गया था। इससे स्पष्ट है कि तेजी के बावजूद उस शिखर की पूरी भरपाई अभी नहीं हुई थी।
अब कौन-से आंकड़े तय करेंगे कि तेजी जारी रहेगी या नहीं?
अगला चरण इस बात पर निर्भर करेगा कि आने वाले आर्थिक आंकड़े ब्याज दरों में राहत वाली मौजूदा कहानी को मजबूत करते हैं या उलट देते हैं। बाजार की नजर इन संकेतकों पर रहेगी:
साप्ताहिक शुरुआती और जारी बेरोजगारी दावे: 20 अगस्त के आर्थिक कैलेंडर में दोनों आंकड़ों के साथ Philadelphia Fed विनिर्माण रिपोर्ट भी शामिल थी।
रोजगार रिपोर्ट: जुलाई में पेरोल घटने से बाजार ने आगे मौद्रिक सख्ती की संभावना का दोबारा आकलन किया था।
महंगाई के आंकड़े: जुलाई का PCE मूल्य सूचकांक 26 अगस्त को जारी होना निर्धारित था। यह बताएगा कि कमजोर विकास संकेतों के साथ महंगाई नियंत्रित स्तर पर बनी हुई है या नहीं।
सितंबर का Federal Reserve फैसला: अगर बाजार अतिरिक्त दर बढ़ोतरी की संभावना कम रखता है और Fed दरें स्थिर रखता है, तो कम यील्ड और कमजोर डॉलर का माहौल सोने-चांदी के लिए कायम रह सकता है। इसके विपरीत, मजबूत रोजगार और फिर से बढ़ती महंगाई यील्ड तथा डॉलर को ऊपर ले जा सकती है, जिससे धातुओं पर दबाव बनेगा।
निष्कर्ष
सोने और चांदी में तेजी इसलिए आई क्योंकि अमेरिकी रोजगार परिदृश्य कमजोर पड़ने से Fed की दर बढ़ाने की उम्मीद कम हुई। इसी दौरान Treasury यील्ड और डॉलर नीचे आए। केंद्रीय बैंकों की खरीद, सुरक्षित निवेश की मांग और चांदी की आपूर्ति संबंधी चिंताओं ने इस चाल को और मजबूत किया।
फिर भी तेजी का अगला चरण आर्थिक आंकड़ों पर निर्भर है। रोजगार में कमजोरी और नियंत्रित महंगाई धातुओं को समर्थन दे सकती है, जबकि मजबूत आर्थिक आंकड़े या यील्ड और डॉलर में वापसी मुनाफावसूली तथा गिरावट का कारण बन सकती है। तेजी मजबूत है, लेकिन अभी यह प्रमाण नहीं कि सोना जनवरी के सर्वकालिक उच्च स्तर को फिर हासिल कर लेगा।
cmegroup.comGold futures rose as soft jobs data pressured Treasury yields.