Sony की तुलना मुख्य रूप से हाई-एंड PC बिल्ड से है—ऐसे सिस्टम से, जिसमें समान स्तर का प्रोसेसर, ग्राफिक्स कार्ड, मेमोरी और स्टोरेज शामिल हों। कंपनी का तर्क है कि कंसोल खरीदने पर उपयोगकर्ता को हार्डवेयर को अलग-अलग चुनकर असेंबल करने या गेम के लिए प्रदर्शन को खुद ट्यून करने की जरूरत नहीं पड़ती।
हालांकि, यह तुलना हर तरह के PC पर लागू नहीं होती। Sony का दावा खास तौर पर हाई-एंड गेमिंग PC के संदर्भ में है, न कि बजट या मिड-रेंज कंप्यूटर के लिए।
जब पूछा गया कि फिजिकल डिस्क हटाने के बाद PlayStation खुद को PC से कैसे अलग रखेगा, तो Tao ने कहा कि “डिस्क अपने आप में अलग पहचान बनाने वाला तत्व नहीं है” ।
उनके अनुसार, PlayStation की मुख्य ताकतें हैं:
Tao ने यह भी कहा कि डिजिटल भविष्य में प्रकाशक रिटेल स्टोर के लिए “अंदर कोड वाले खाली बॉक्स” भेज सकते हैं । यानी गेम की बिक्री दुकान की शेल्फ पर दिखाई देती रहेगी, लेकिन बॉक्स में खेलने के लिए डिस्क नहीं होगी।
Sony ने 12 महीनों के भीतर PS5 की कीमतों में दो बार बदलाव किया। इसके पीछे प्रमुख कारण वैश्विक मेमोरी-चिप संकट बताया गया है। AI डेटा सेंटर DRAM और NAND जैसी मेमोरी की बड़ी मात्रा खरीद रहे हैं, जिससे कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए उपलब्ध आपूर्ति पर दबाव बढ़ा है ।
मार्च 2026 में घोषित दूसरी बढ़ोतरी अमेरिका में 2 अप्रैल से प्रभावी हुई। इसके बाद कीमतें इस प्रकार हैं :
यह बढ़ोतरी केवल Sony तक सीमित नहीं रही। Microsoft, Nintendo, Asus और MSI ने भी मेमोरी की बढ़ती लागत के बीच अपने गेमिंग हार्डवेयर की कीमतें बढ़ाईं । Kearney के 2026 बाजार विश्लेषण के अनुसार, मेमोरी आपूर्ति की पूरी तरह रिकवरी 2030 तक खिंच सकती है ।
कीमत बढ़ने का असर PS5 की बिक्री पर भी दिखा। Sony ने FY2025 की चौथी तिमाही में 15 लाख PS5 बेचे, जो पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 46 प्रतिशत कम है ।
फिर भी, पूरे वित्त वर्ष में Sony के गेमिंग डिविजन का राजस्व लगभग स्थिर रहा और 4.69 ट्रिलियन येन यानी करीब 29.9 अरब डॉलर तक पहुंचा । इससे कंपनी को यह भरोसा मिल सकता है कि हार्डवेयर की बिक्री धीमी होने पर भी गेम की डिजिटल बिक्री और नेटवर्क सेवाएं कारोबार को सहारा दे सकती हैं।
1 जुलाई 2026 को PlayStation Blog पर Sony ने घोषणा की कि जनवरी 2028 से PlayStation कंसोल के लिए आने वाले सभी नए गेम्स की फिजिकल डिस्क का उत्पादन बंद कर दिया जाएगा । इसके बाद नए गेम दो तरीकों से मिलेंगे:
जनवरी 2028 से पहले जारी हो चुके या उस तारीख से पहले रिलीज के लिए तय गेम्स पर इस बदलाव का असर नहीं पड़ेगा ।
Sony का कहना है कि यह बदलाव उपभोक्ताओं की बदलती पसंद के अनुरूप है। कंपनी के अनुसार, PS5 पर खरीदे जाने वाले लगभग हर पांच में से चार फुल-गेम डिजिटल होते हैं । Tao ने भी कहा कि कंटेंट का डिजिटलीकरण लगातार बढ़ रहा है और इस फैसले से PlayStation के कारोबार पर असर नहीं पड़ेगा ।
घोषणा के बाद सोशल मीडिया, गेमिंग फोरम और समाचार साइटों के कमेंट सेक्शन में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली। आलोचकों की प्रमुख चिंताएं हैं:
Kotaku ने रिपोर्ट किया कि कंपनी के ऑल-डिजिटल रुख की आलोचना करने वाले नाराज प्रशंसकों का एक बड़ा समूह अब भी सक्रिय है ।
Sony ने असंतोष को स्वीकार किया, लेकिन पीछे हटने का संकेत नहीं दिया। 31 जुलाई की चर्चा में Tao ने कहा कि कंपनी इस बदलाव को “सावधानीपूर्वक आगे बढ़ाएगी” । उन्होंने दोहराया कि यह केवल PlayStation का नहीं, बल्कि पूरे मनोरंजन उद्योग के डिजिटलीकरण का हिस्सा है।
The Verge ने इसे Sony द्वारा फिजिकल PlayStation गेम डिस्क को खत्म करना बताया , जबकि CNBC ने इसे फिजिकल गेमिंग बाजार के लिए “बड़ा झटका” कहा । TechCrunch और Engadget के अनुसार, यह फैसला भविष्य में डिस्क-रहित PlayStation हार्डवेयर की दिशा का संकेत देता है ।
हालांकि, Sony ने अभी PS6 के डिजाइन या डिस्क ड्राइव को लेकर आधिकारिक घोषणा नहीं की है। इसी तरह Microsoft और Xbox ने नए गेम्स की फिजिकल डिस्क बंद करने की ऐसी योजना घोषित नहीं की है। उनके भी इसी दिशा में जाने की अटकलें जरूर हैं, लेकिन फिलहाल वह केवल अटकल ही है ।
Sony का मूल्य-तर्क सरल है: हाई-एंड PC की तुलना में PS5 खरीदना अभी भी कम शुरुआती खर्च मांगता है और कंसोल का अनुभव अधिक आसान व नियंत्रित है। लेकिन फिजिकल डिस्क हटने से खिलाड़ियों के पास गेम खरीदने, बेचने और संग्रह करने के विकल्प कम हो जाएंगे।
इसलिए Sony के लिए चुनौती सिर्फ यह साबित करना नहीं है कि PS5 किसी महंगे PC से सस्ता है। उसे यह भी समझाना होगा कि डिजिटल सुविधा, एक्सक्लूसिव गेम्स और स्थिर प्रदर्शन उन खिलाड़ियों के लिए फिजिकल गेम के स्वामित्व की आजादी से अधिक मूल्यवान हैं, जो अब तक डिस्क को गेमिंग अनुभव का अहम हिस्सा मानते रहे हैं।